Friday, 31 Jul 2026 | 03:29 AM

Trending :

EXCLUSIVE

कॉन्स्टेबल की बेटी ने AI से सुलझाए सवाल:10वीं में किसान की बेटी के 99.83% नंबर आए; मजदूर मां के बेटे ने भी चौंकाया

कॉन्स्टेबल की बेटी ने AI से सुलझाए सवाल:10वीं में किसान की बेटी के 99.83% नंबर आए; मजदूर मां के बेटे ने भी चौंकाया

राजस्थान बोर्ड के 10वीं के रिजल्ट में कई स्टूडेंट्स ने चौंका दिया। सीकर में किसान की बेटी के 99.83% नंबर आए। अलवर में मजदूरी करने वाली मां के बेटे ने 96.67 प्रतिशत अंक हासिल किए। वहीं कॉन्स्टेबल की बेटी ने आधुनिक तकनीक(AI) का सहारा लेते हुए पढ़ाई में नया मुकाम हासिल किया। मिस्त्री की बेटी ने घर का काम करके भी 96.83 प्रतिशत नंबर हासिल किए। आइए जानते हैं उनमें से कुछ कहानी। सीकर के शेखावाटी स्कूल लोसल की छात्रा प्रियांशी सुंडा ने 99.83% अंक हासिल किए। अब तक के रिजल्ट के मुताबिक प्रियांशी सुंडा स्टेट के टॉप स्टूडेंट्स में शामिल है। प्रियांशी ने रेगुलर पढ़ाई करके यह सफलता हासिल की। उन्होंने एग्जाम के दौरान भी टीवी और मोबाइल देखना नहीं छोड़ा, हालांकि इसका टाइमिंग कम कर दिया था। आज रिजल्ट आने के बाद दैनिक भास्कर ने प्रियांशी से बातचीत की। तब उन्होंने अपनी जर्नी के बारे में बताया। प्रियांशी सुंडा का कहना है कि उन्होंने एग्जाम के लिए रेगुलर स्कूल में पढ़ाई की। प्रियांशी बताती है कि उसके पिता सीताराम सुंडा किसान हैं। प्रियांशी अपने नाना के पास रहती थी, जो आर्मी रिटायर्ड पर्सन है। उनकी गाइडेंस में रहकर ही पढ़ाई की। इसके अलावा फैमिली का भी काफी ज्यादा सपोर्ट रहा। प्रियांशी बताती है कि स्कूल में रोजाना करीब 7 से 8 घंटे पढ़ाई करने के बाद जब वह घर पर आती तो एक से डेढ़ घंटे पढ़ लेती। ऐसे में रूटीन में जो पढ़ाई होती थी, उसका दोबारा से रिवीजन भी हो जाता था। एग्जाम नजदीक थे तो पढ़ाई का लोड नहीं था, क्योंकि सब कुछ पहले ही क्लियर था। उसकी बदौलत ही आज उनका यह परिणाम आया है। प्रियांशी बताती है कि वह अब फ्यूचर में इंजीनियर बनना चाहती है। इसके लिए JEE की तैयारी करेगी। प्रियांशी का दूसरे स्टूडेंट्स को मैसेज है कि स्कूलिंग की पढ़ाई ज्यादा हार्ड नहीं होती। यदि रेगुलर पढ़ाई करके उसका सेम डे रिवीजन कर लिया जाए। पिता ने ध्यान नहीं दिया तो मामा के घर पहुंचा नवीन पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल मालाखेड़ा के छात्र आदेश कुमार ने 96.67 प्रतिशत नंबर प्राप्त किए। छात्र के पिता ने कभी उसकी पढ़ाई पर ध्यान नहीं दिया। जब घर में पढ़ाई का माहौल नहीं बना तो मामा के घर चला गया। उसके बाद वहीं रहकर पढ़ाई की। पिछले कई सालों से वह मालाखेड़ा में मामा के घर पर रहता है, यहां उसने पढ़ाई पर फोकस किया। कभी मोबाइल यूज नहीं किया। मामा रूपसिंह ने बताया कि उसका भांजा आदेश कुमार पढ़ाई में होशियार है। जब लगा कि वह खुद के गांव में घर पर नहीं पढ़ पा रहा है। वहां पढ़ाई का माहौल नहीं है। पिता भी सहयोग कम कर रहे थे। इसके बाद उसे खुद के घर ले आया। अब उसका रिजल्ट देखकर सबको खुशी हुई है। वह आगे भी नाम रोशन करेगा। वह खुद ही पढ़ाई करता है। हमेशा मां की याद रहती है। मां ने मेहनत मजदूरी कर बेटे को आगे बढ़ाने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। AI से सवाल सॉल्व कर लिए अच्छे अंक अलवर में कालिका पेट्रोलिंग यूनिट में कार्यरत कॉन्स्टेबल मंजू देवी की बेटी सलोनी ने 10वीं में 98 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं। खास बात ये है कि सलोनी ने मोबाइल का उपयोग बहुत बेहतरीन किया। जब उसे किसी सवाल में उलझन होती तो वह AI से उसके सटीक जवाब समझती। फिर उसे जो सटीक समझ आता उसे याद करती। ऐसा उसने बहुत बार कई विषय में किया। सलोनी ने बताया कि पहले तो मम्मी ने टोका कि पढ़ाई के समय फोन नहीं मिलेगा, लेकिन जब उनको समझाया कि केवल सवाल को सॉल्व करने के लिए AI का यूज करती हूं। इसके बाद मां को समझ आने पर उन्होंने एआई का यूज करने दिया। जिसके कारण कई बार अटकने के बाद सवाल सॉल्व हो गए। कहीं जाने की जरूरत नहीं पड़ी। अच्छे अंक आने में AI की मदद मिली है। मां खेत पर जाती तो बेटी पूरा काम करती अलवर के थानागाजी के दुहार चौगान निवासी छात्रा कनक प्रजापत ने 10वीं में 96.83 प्रतिशत नंबर हासिल किए। छात्रा के पिता कृष्ण कुमार टाइल्स मिस्त्री है। वही मां मनभरी देवी गृहिणी हैं और खेती बाड़ी करती हैं। पिता कृष्ण कुमार ने बताया कि बेटी अपनी मां के काम में पूरा हाथ बंटाती थी। जब मां को खेत से आने में देर हो जाती तो बेटी पहले ही घर में खाना बनाकर रखती थी। ताकि मां आकर परेशान नहीं हो। घर का छोटा मोटा काम भी कर लेती थी। इसके बाद पढ़ाई पर भी फोकस रखती। सुबह जल्दी उठकर पढ़ाई करती थी। पिता भी मजदूर होने के कारण सुबह जल्दी घर से निकल जाते थे। पिता ने बताया कि पिछले साल उसके बेटे गोविंद प्रजापत के भी 10वीं में अच्छे मार्क्स आए थे। दोनों बहन-भाई एक दूसरे का पूरा सहयोग करते हैं। बेटे ने अपनी बहन को अच्छे अंक लाने में सहयोग किया है। बड़े भाई ने पिछले साल 10th में गांव में टॉप किया था। उसी को देखते हुए उसने भी टॉप कर लिया। ———– ये खबर भी पढ़िए… 10वीं में जुड़वा बहनों के 98 % नंबर आए:सब्जी बेचने वाले की बेटी के 98.67 प्रतिशत; कोटा में परिणाम देख डांस करने लगे स्टूडेंट राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) की ओर से मंगलवार को 10वीं का रिजल्ट जारी कर दिया गया। इस बार परिणाम 94.23 प्रतिशत रहा है। यह पिछले साल से 1.17 प्रतिशत ज्यादा है। पिछले साल 93.06 प्रतिशत परिणाम रहा था। लड़कों का 93.63 और लड़कियों का 94.90% रिजल्ट रहा है।(पूरी खबर पढ़ें)

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
Aqib Nabi Joins For Afghanistan Test

June 2, 2026/
2:12 pm

नई दिल्ली4 मिनट पहले कॉपी लिंक जम्मू-कश्मीर के तेज गेंदबाज आकिब नबी अफगानिस्तान के खिलाफ एकमात्र टेस्ट मैच से पहले...

ट्रेलर लॉन्च के दौरान रितेश देशमुख भावुक हुए:पिता की याद से छलका दर्द, पति को इमोशनल देख जेनेलिया की भी आंखें भर आईं

April 20, 2026/
8:12 pm

मुंबई में फिल्म राजा शिवाजी के ट्रेलर लॉन्च के दौरान रितेश देशमुख भावुक हो गए। मंच पर ‘छत्रपति शिवाजी महाराज’...

भारतीयों के लेनदेन की आदत बनना चाहती है मेटा:‘वेल फाइनेंस्ड’ उपभोक्ताओं तक पहुंच बनाने की रणनीति का हिस्सा है क्रेड में बड़ा निवेश

June 29, 2026/
12:53 pm

पेमेंट्स के मामले में भारतीयों का मिजाज भांपने में मेटा विफल रही है। भारत में वॉट्सएप पे की हिस्सेदारी 0.4%...

फिल्म अभिनेता आर.माधवन के संघर्ष की कहानी:फौजी नहीं बन पाए, सर्जरी ने 3 साल रोक दिया करिअर; आज हैं पैन-इंडिया स्टार

May 25, 2026/
1:38 pm

हिंदी और तमिल सिनेमा जगत में आर.माधवन आज न सिर्फ एक स्थापित अभिनेता, बल्कि जाने-माने निर्माता-निर्देशक भी हैं। राष्ट्रपति द्रौपदी...

Bangladesh Vs Australia Live Score: Follow Latest Updates From The 1st ODI. (AFP Photo)

June 9, 2026/
10:19 pm

आखरी अपडेट:09 जून, 2026, 22:19 IST प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी की सराहना करते हुए एक प्रस्ताव, जो भारत के सबसे...

"जल सरंचना के फोटो वास्तविक हो, एआई फोटो ना लगाएं":खंडवा कलेक्टर के पंचायत सचिवों को निर्देश, पहले फर्जीवाड़ा आया था सामने

April 6, 2026/
7:51 pm

खंडवा जिले में जल संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने के उद्देश्य से चलाए जा रहे जल संचय, जन भागीदारी अभियान-2.0...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

कॉन्स्टेबल की बेटी ने AI से सुलझाए सवाल:10वीं में किसान की बेटी के 99.83% नंबर आए; मजदूर मां के बेटे ने भी चौंकाया

कॉन्स्टेबल की बेटी ने AI से सुलझाए सवाल:10वीं में किसान की बेटी के 99.83% नंबर आए; मजदूर मां के बेटे ने भी चौंकाया

राजस्थान बोर्ड के 10वीं के रिजल्ट में कई स्टूडेंट्स ने चौंका दिया। सीकर में किसान की बेटी के 99.83% नंबर आए। अलवर में मजदूरी करने वाली मां के बेटे ने 96.67 प्रतिशत अंक हासिल किए। वहीं कॉन्स्टेबल की बेटी ने आधुनिक तकनीक(AI) का सहारा लेते हुए पढ़ाई में नया मुकाम हासिल किया। मिस्त्री की बेटी ने घर का काम करके भी 96.83 प्रतिशत नंबर हासिल किए। आइए जानते हैं उनमें से कुछ कहानी। सीकर के शेखावाटी स्कूल लोसल की छात्रा प्रियांशी सुंडा ने 99.83% अंक हासिल किए। अब तक के रिजल्ट के मुताबिक प्रियांशी सुंडा स्टेट के टॉप स्टूडेंट्स में शामिल है। प्रियांशी ने रेगुलर पढ़ाई करके यह सफलता हासिल की। उन्होंने एग्जाम के दौरान भी टीवी और मोबाइल देखना नहीं छोड़ा, हालांकि इसका टाइमिंग कम कर दिया था। आज रिजल्ट आने के बाद दैनिक भास्कर ने प्रियांशी से बातचीत की। तब उन्होंने अपनी जर्नी के बारे में बताया। प्रियांशी सुंडा का कहना है कि उन्होंने एग्जाम के लिए रेगुलर स्कूल में पढ़ाई की। प्रियांशी बताती है कि उसके पिता सीताराम सुंडा किसान हैं। प्रियांशी अपने नाना के पास रहती थी, जो आर्मी रिटायर्ड पर्सन है। उनकी गाइडेंस में रहकर ही पढ़ाई की। इसके अलावा फैमिली का भी काफी ज्यादा सपोर्ट रहा। प्रियांशी बताती है कि स्कूल में रोजाना करीब 7 से 8 घंटे पढ़ाई करने के बाद जब वह घर पर आती तो एक से डेढ़ घंटे पढ़ लेती। ऐसे में रूटीन में जो पढ़ाई होती थी, उसका दोबारा से रिवीजन भी हो जाता था। एग्जाम नजदीक थे तो पढ़ाई का लोड नहीं था, क्योंकि सब कुछ पहले ही क्लियर था। उसकी बदौलत ही आज उनका यह परिणाम आया है। प्रियांशी बताती है कि वह अब फ्यूचर में इंजीनियर बनना चाहती है। इसके लिए JEE की तैयारी करेगी। प्रियांशी का दूसरे स्टूडेंट्स को मैसेज है कि स्कूलिंग की पढ़ाई ज्यादा हार्ड नहीं होती। यदि रेगुलर पढ़ाई करके उसका सेम डे रिवीजन कर लिया जाए। पिता ने ध्यान नहीं दिया तो मामा के घर पहुंचा नवीन पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल मालाखेड़ा के छात्र आदेश कुमार ने 96.67 प्रतिशत नंबर प्राप्त किए। छात्र के पिता ने कभी उसकी पढ़ाई पर ध्यान नहीं दिया। जब घर में पढ़ाई का माहौल नहीं बना तो मामा के घर चला गया। उसके बाद वहीं रहकर पढ़ाई की। पिछले कई सालों से वह मालाखेड़ा में मामा के घर पर रहता है, यहां उसने पढ़ाई पर फोकस किया। कभी मोबाइल यूज नहीं किया। मामा रूपसिंह ने बताया कि उसका भांजा आदेश कुमार पढ़ाई में होशियार है। जब लगा कि वह खुद के गांव में घर पर नहीं पढ़ पा रहा है। वहां पढ़ाई का माहौल नहीं है। पिता भी सहयोग कम कर रहे थे। इसके बाद उसे खुद के घर ले आया। अब उसका रिजल्ट देखकर सबको खुशी हुई है। वह आगे भी नाम रोशन करेगा। वह खुद ही पढ़ाई करता है। हमेशा मां की याद रहती है। मां ने मेहनत मजदूरी कर बेटे को आगे बढ़ाने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। AI से सवाल सॉल्व कर लिए अच्छे अंक अलवर में कालिका पेट्रोलिंग यूनिट में कार्यरत कॉन्स्टेबल मंजू देवी की बेटी सलोनी ने 10वीं में 98 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं। खास बात ये है कि सलोनी ने मोबाइल का उपयोग बहुत बेहतरीन किया। जब उसे किसी सवाल में उलझन होती तो वह AI से उसके सटीक जवाब समझती। फिर उसे जो सटीक समझ आता उसे याद करती। ऐसा उसने बहुत बार कई विषय में किया। सलोनी ने बताया कि पहले तो मम्मी ने टोका कि पढ़ाई के समय फोन नहीं मिलेगा, लेकिन जब उनको समझाया कि केवल सवाल को सॉल्व करने के लिए AI का यूज करती हूं। इसके बाद मां को समझ आने पर उन्होंने एआई का यूज करने दिया। जिसके कारण कई बार अटकने के बाद सवाल सॉल्व हो गए। कहीं जाने की जरूरत नहीं पड़ी। अच्छे अंक आने में AI की मदद मिली है। मां खेत पर जाती तो बेटी पूरा काम करती अलवर के थानागाजी के दुहार चौगान निवासी छात्रा कनक प्रजापत ने 10वीं में 96.83 प्रतिशत नंबर हासिल किए। छात्रा के पिता कृष्ण कुमार टाइल्स मिस्त्री है। वही मां मनभरी देवी गृहिणी हैं और खेती बाड़ी करती हैं। पिता कृष्ण कुमार ने बताया कि बेटी अपनी मां के काम में पूरा हाथ बंटाती थी। जब मां को खेत से आने में देर हो जाती तो बेटी पहले ही घर में खाना बनाकर रखती थी। ताकि मां आकर परेशान नहीं हो। घर का छोटा मोटा काम भी कर लेती थी। इसके बाद पढ़ाई पर भी फोकस रखती। सुबह जल्दी उठकर पढ़ाई करती थी। पिता भी मजदूर होने के कारण सुबह जल्दी घर से निकल जाते थे। पिता ने बताया कि पिछले साल उसके बेटे गोविंद प्रजापत के भी 10वीं में अच्छे मार्क्स आए थे। दोनों बहन-भाई एक दूसरे का पूरा सहयोग करते हैं। बेटे ने अपनी बहन को अच्छे अंक लाने में सहयोग किया है। बड़े भाई ने पिछले साल 10th में गांव में टॉप किया था। उसी को देखते हुए उसने भी टॉप कर लिया। ———– ये खबर भी पढ़िए… 10वीं में जुड़वा बहनों के 98 % नंबर आए:सब्जी बेचने वाले की बेटी के 98.67 प्रतिशत; कोटा में परिणाम देख डांस करने लगे स्टूडेंट राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) की ओर से मंगलवार को 10वीं का रिजल्ट जारी कर दिया गया। इस बार परिणाम 94.23 प्रतिशत रहा है। यह पिछले साल से 1.17 प्रतिशत ज्यादा है। पिछले साल 93.06 प्रतिशत परिणाम रहा था। लड़कों का 93.63 और लड़कियों का 94.90% रिजल्ट रहा है।(पूरी खबर पढ़ें)

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.