खरबूजा कैसे खरीदें: फल हम सभी को खाना पसंद करते हैं। वहीं गर्मियों में खरबूजा खाना हर किसी को पसंद होता है। यह न सिर्फ स्वादिष्ट होता है, बल्कि शरीर को ठंडक भी देता है। लेकिन अक्सर ऐसा होता है कि हम बाजार से खरबूजा तो ले आते हैं, पर वह मीठा नहीं होता। ऐसे में पैसा और मूड दोनों ख़राब हो जाते हैं। ऐसे में अगर आप भी बिना काटे मीठा खरबूजा पहचानना चाहते हैं तो ये आसान टिप्स आपके बहुत काम आएंगे।
आख़िर से पहचानें
पका और मीठा खरबूजा फल, मिठाइयाँ देता है। इसके लिए खरबूजे के विभिन्न भागों को सुंघें। अगर वहां से मित्रता आ रही है, तो समझिए खरबूजा अच्छा है। अगर कोई साबुत नहीं है या अजीब सी गंध है, तो उसे न लें।
रंग पर ध्यान
खरबूजे का रंग बहुत कुछ बताता है। इसके लिए पका हुआ खरबूजा पीला या फिर सुनहरा होता है। बहुत ज्यादा हरा रंग कच्चा होने का संकेत है। वहीं बहुत ज्यादा दाग-धब्बे या काले निशान खराब होने का संकेत भी हो सकता है।
ख़ज़ाने की मजबूती देखें
खरबूजे का छिलका जैसा जाल होता है और ध्यान रहे कि यह जाल साफ और आकर्षक होना चाहिए। पतला या बहुत मजबूत कठोर छिलका कच्चा फल का संकेत हो सकता है।
वजन से पहचानें
हमेशा वही खरबूजा चुनें जो आपके आकार के खाते से भारी लगे। भारी खरबूजा का अर्थ है पानी और रस का मिश्रण, अर्थात वह मीठा हो सकता है।
थैला देखें
खरबूजे के नीचे वाले भागों को चित्रित किया गया है। अगर वह थोड़ा सा दबता है, तो फल पका हुआ है। वहीं अगर बहुत सख्त है तो कच्चा है, और बहुत ज्यादा नंगा है तो ज्यादा पका या बुरा हो सकता है।
आवाज से पहचानें
खरबूजे को मंत्र से थपथपाएं। अगर हल्की “थप-थप” की गूंजती आवाज आती है, तो वह अच्छा है। भारी और आवाज का मतलब होता है फल ज्यादा पका हुआ या अंदर से बुरा हो सकता है।
देखें
अगर आसानी से अलग हो गया लुक, तो फल पका हुआ है। वहीं अगर जबरदस्ती फोर्सेज लागे, तो वह रॉ हो सकता है।
मीठा और स्वादिष्ट खरबूजा बनाना मुश्किल नहीं है, बस थोड़ा सा ध्यान देने की जरूरत है। कुछ बातों पर ध्यान देने से आपको सही दाम में शानदार क्वालिटी का खरबूजा मिल सकता है।
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