Saturday, 29 Aug 2026 | 10:47 AM

Trending :

EXCLUSIVE

मझगवां में 11 माह की बच्ची की मौत:श्वास नली में दूध फंसना बताया गया कारण, कुपोषण से मौत की जताई गई थी आशंका

मझगवां में 11 माह की बच्ची की मौत:श्वास नली में दूध फंसना बताया गया कारण, कुपोषण से मौत की जताई गई थी आशंका

सतना जिले के आदिवासी बहुल मझगवां क्षेत्र में 11 माह की एक बच्ची की मौत के बाद महिला एवं बाल विकास तथा स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया। सोशल मीडिया पर बच्ची की मौत का कारण कुपोषण बताया जा रहा था, लेकिन प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में श्वास नली में दूध फंसने को मौत की वजह बताया गया है। जानकारी के अनुसार, मझगवां ब्लॉक की महतैन ग्राम पंचायत के कैमहा गांव में राजललन की 11 माह 20 दिन की बेटी भारती मवासी की रविवार-सोमवार की दरमियानी रात मौत हो गई। भारती को तीन दिन से बुखार था, जिसका इलाज परिजन गांव के कथित डॉक्टर लालबहादुर से करा रहे थे। बच्ची की मौत की खबर मिलते ही सोमवार को प्रशासनिक, स्वास्थ्य और महिला बाल विकास विभाग की संयुक्त टीम कैमहा गांव पहुंची। टीम ने प्रारंभिक जांच में पाया कि इलाज के बाद बच्ची को आराम मिल रहा था। कुपोषण से मौत की आशंका को जांच टीम ने पूरी तरह खारिज कर दिया है। श्वसन नली में दूध जाने की आशंका
जांच के दौरान सामने आया कि रविवार रात बच्ची अपनी मां के साथ सो रही थी। मां ने उसे लेटकर दूध पिलाया। रात करीब 12 बजे मां ने देखा तो भारती के शरीर में कोई हलचल नहीं थी। शिशुरोग विशेषज्ञ बताते हैं कि बच्चों को लेटकर दूध पिलाने के बाद उन्हें उठाकर थपकी देना आवश्यक होता है, अन्यथा दूध श्वसन नली में फंस सकता है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. मनोज शुक्ला ने बताया कि प्रथम दृष्टया श्वसन नली में दूध जाने की वजह से ही मौत की आशंका है। हालांकि, मौत की स्पष्ट वजह जानने के लिए पोस्टमार्टम जरूरी होता है, लेकिन टीम के पहुंचने से पहले ही परिजनों ने भारती को दफना दिया था। टीम में मझगवां एसडीएम महिपाल सिंह गुर्जर, सीएमएचओ डॉ मनोज शुक्ला, डीपीओ राजीव सिंह, बीएमओ डॉ रूपेश सोनी, सीडीपीओ अभय द्विवेदी आदि शामिल रहे। इससे पहले डीआईओ डॉ सुचित्रा अग्रवाल ने भी गांव पहुंचकर जांच की। डीआईओ ने बताया आधार कार्ड नहीं होने की वजह से परिवार को शासन की योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा है। तो क्या कुपोषित थी भारती?
भारती की मौत के बाद उसके कुपोषित होने का सवाल दिन भर चर्चा में रहा। विशेषज्ञ बताते हैं कि 11 माह की लड़कियों का वजन 8 से 10 किलोग्राम होना चाहिए, लेकिन 10 मार्च को आखिरी जांच में भारती का वजन 7 किलो 208 ग्राम था जो सामान्य से थोड़ा कम था। जांच टीम के मुताबिक भारती का वजन जरूर कम था, लेकिन इससे किसी की मौत नहीं होती। मौत की वजह जानने के लिए पीएम जरूरी थी, जो नहीं हुआ। जांच में यह भी सामने आया है कि 21 वर्ष की उम्र भूरी मवासी ने भारती को जन्म दिया था। अभी वह पांचवी दफा गर्भवती है, इससे बच्चों की बेहतर केयर नहीं हो पाती। मामले में कलेक्टर डॉ सतीश कुमार एस ने बताया कि बच्ची की मौत की खबर मिलते ही मामले की जांच के लिए 3 सदस्यीय टीम भेजी गई थी जिससे वास्तविक स्थित पता चल सके, टीम की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
Mumbai Indians currently lie on ninth in the points table (Picture credit: AP)

May 4, 2026/
6:12 pm

आखरी अपडेट:04 मई, 2026, 18:12 IST सबसे महत्वपूर्ण परिणामों में से एक, दिवंगत अजीत पवार की पत्नी सुनेत्रा पवार ने...

तस्वीर का विवरण

May 13, 2026/
11:07 pm

भरवाँ काली मिर्च बनाने की सामग्री: 4 बड़ी मीठी मिर्च, 3 छोटे टमाटर, 1 तरबूज़ कटे टमाटर, 2 हरी मिर्च,...

बुरहानपुर के नेपानगर पंप पर लगी वाहनों की कतार:टैंकर नहीं पहुंचने से ₹100 का मिल रहा पेट्रोल, इमरजेंसी कोटे से कर रहे वितरण

April 27, 2026/
1:32 pm

बुरहानपुर के नेपानगर में सोमवार को पेट्रोल की कमी के कारण नेपा मिल पेट्रोल पंप पर वाहनों की लंबी कतारें...

टाटा संस के चंद्रशेखरन के तीसरे टर्म पर फैसला टला:मीटिंग में चेयरमैन बोले- ट्रस्ट-बोर्ड में तालमेल जरूरी; नोएल टाटा ने कार्यकाल बढ़ाने के लिए रखीं 4 शर्तें

February 24, 2026/
9:50 pm

टाटा संस की बोर्ड मीटिंग में मंगलवार को चेयरमैन एन चंद्रशेखरन के तीसरे कार्यकाल को लेकर हुई चर्चा बेनतीजा रही।...

शाहरुख खान के बॉलीवुड में 34 साल पूरे:मैंग्लोर इवेंट में बचपन की तस्वीर लेकर पहुंचे, कहा- भले ही ये अटपटी है, लेकिन इकलौती तस्वीर है, कन्नड़ बोली

June 26, 2026/
10:28 am

बॉलीवुड के बादशाह शाहरुख खान को आज फिल्म इंडस्ट्री में 34 साल हो चुके हैं। उनकी पहली फिल्म दीवाना 34...

अमेरिका ट्रम्प के तस्वीर वाले पासपोर्ट जारी करेगा:आजादी की 250वीं वर्षगांठ पर लिमिटेड एडिशन मिलेगा, ट्रम्प का गोल्डन सिग्नेचर भी दिखेगा

April 29, 2026/
5:55 pm

अमेरिका अपनी आजादी की 250वीं वर्षगांठ के मौके पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की तस्वीर वाले खास पासपोर्ट जारी करेगा। अमेरिकी...

परफेक्ट दाल: कुकर या पतीला? जानें कौन सी दाल सबसे अच्छी है; यहां पढ़ें आखिरी विधि से लेकर टुकड़ों तक की पूरी

April 21, 2026/
1:10 pm

उत्तम दाल: किसी का खाना हो या कोई खास दावत, बिना दाल का खाना अधूरा सा लगता है। हमारे मन...

जिन महिलाओं ने किया चक्काजाम, उनके लड़कों ने की चोरी:सात घरों में हुई थी वारदात; कंधे पर फ्रिज उठाकर ले गए थे आरोपी

April 9, 2026/
7:55 am

गुना शहर के कैंट थाना इलाके में लगातार दो दिनों में 7 सूने मकानों में चोरी करने वाली गैंग के...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

मझगवां में 11 माह की बच्ची की मौत:श्वास नली में दूध फंसना बताया गया कारण, कुपोषण से मौत की जताई गई थी आशंका

मझगवां में 11 माह की बच्ची की मौत:श्वास नली में दूध फंसना बताया गया कारण, कुपोषण से मौत की जताई गई थी आशंका

सतना जिले के आदिवासी बहुल मझगवां क्षेत्र में 11 माह की एक बच्ची की मौत के बाद महिला एवं बाल विकास तथा स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया। सोशल मीडिया पर बच्ची की मौत का कारण कुपोषण बताया जा रहा था, लेकिन प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में श्वास नली में दूध फंसने को मौत की वजह बताया गया है। जानकारी के अनुसार, मझगवां ब्लॉक की महतैन ग्राम पंचायत के कैमहा गांव में राजललन की 11 माह 20 दिन की बेटी भारती मवासी की रविवार-सोमवार की दरमियानी रात मौत हो गई। भारती को तीन दिन से बुखार था, जिसका इलाज परिजन गांव के कथित डॉक्टर लालबहादुर से करा रहे थे। बच्ची की मौत की खबर मिलते ही सोमवार को प्रशासनिक, स्वास्थ्य और महिला बाल विकास विभाग की संयुक्त टीम कैमहा गांव पहुंची। टीम ने प्रारंभिक जांच में पाया कि इलाज के बाद बच्ची को आराम मिल रहा था। कुपोषण से मौत की आशंका को जांच टीम ने पूरी तरह खारिज कर दिया है। श्वसन नली में दूध जाने की आशंका
जांच के दौरान सामने आया कि रविवार रात बच्ची अपनी मां के साथ सो रही थी। मां ने उसे लेटकर दूध पिलाया। रात करीब 12 बजे मां ने देखा तो भारती के शरीर में कोई हलचल नहीं थी। शिशुरोग विशेषज्ञ बताते हैं कि बच्चों को लेटकर दूध पिलाने के बाद उन्हें उठाकर थपकी देना आवश्यक होता है, अन्यथा दूध श्वसन नली में फंस सकता है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. मनोज शुक्ला ने बताया कि प्रथम दृष्टया श्वसन नली में दूध जाने की वजह से ही मौत की आशंका है। हालांकि, मौत की स्पष्ट वजह जानने के लिए पोस्टमार्टम जरूरी होता है, लेकिन टीम के पहुंचने से पहले ही परिजनों ने भारती को दफना दिया था। टीम में मझगवां एसडीएम महिपाल सिंह गुर्जर, सीएमएचओ डॉ मनोज शुक्ला, डीपीओ राजीव सिंह, बीएमओ डॉ रूपेश सोनी, सीडीपीओ अभय द्विवेदी आदि शामिल रहे। इससे पहले डीआईओ डॉ सुचित्रा अग्रवाल ने भी गांव पहुंचकर जांच की। डीआईओ ने बताया आधार कार्ड नहीं होने की वजह से परिवार को शासन की योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा है। तो क्या कुपोषित थी भारती?
भारती की मौत के बाद उसके कुपोषित होने का सवाल दिन भर चर्चा में रहा। विशेषज्ञ बताते हैं कि 11 माह की लड़कियों का वजन 8 से 10 किलोग्राम होना चाहिए, लेकिन 10 मार्च को आखिरी जांच में भारती का वजन 7 किलो 208 ग्राम था जो सामान्य से थोड़ा कम था। जांच टीम के मुताबिक भारती का वजन जरूर कम था, लेकिन इससे किसी की मौत नहीं होती। मौत की वजह जानने के लिए पीएम जरूरी थी, जो नहीं हुआ। जांच में यह भी सामने आया है कि 21 वर्ष की उम्र भूरी मवासी ने भारती को जन्म दिया था। अभी वह पांचवी दफा गर्भवती है, इससे बच्चों की बेहतर केयर नहीं हो पाती। मामले में कलेक्टर डॉ सतीश कुमार एस ने बताया कि बच्ची की मौत की खबर मिलते ही मामले की जांच के लिए 3 सदस्यीय टीम भेजी गई थी जिससे वास्तविक स्थित पता चल सके, टीम की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.