Tuesday, 20 Oct 2026 | 05:43 PM

Trending :

EXCLUSIVE

मेटा का 8,000 कर्मचारियों की छंटनी का प्लान:20 मई से वर्कफोर्स घटाने की प्रोसेस शुरू होगी; ग्लोबल लेवल पर 10% स्टाफ कम होगा

मेटा का 8,000 कर्मचारियों की छंटनी का प्लान:20 मई से वर्कफोर्स घटाने की प्रोसेस शुरू होगी; ग्लोबल लेवल पर 10% स्टाफ कम होगा

फेसबुक और इंस्टाग्राम की पेरेंट कंपनी मेटा इस साल मई में करीब 8,000 कर्मचारियों को नौकरी से निकालने का प्लान बना रही है। यह छंटनी 2022 के आखिरी और 2023 की शुरुआत में हुई रिस्ट्रक्चरिंग के बाद कंपनी का सबसे बड़ा कदम होगा। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, बड़े पैमाने पर होने वाली यह वर्कफोर्स कटौती 20 मई के आसपास शुरू हो सकती है। शुरुआती फेज में मेटा अपनी कुल ग्लोबल वर्कफोर्स का लगभग 10% हिस्सा कम करने की तैयारी में है। इसके अलावा कंपनी साल की दूसरी छमाही में भी कुछ और कर्मचारियों की छंटनी कर सकती है। हालांकि, छंटनी की सटीक तारीख और कर्मचारियों की संख्या में अभी भी बदलाव की संभावना है। AI निवेश और एफिशिएंसी को बताया जा रहा वजह मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग वर्तमान में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में अरबों डॉलर का निवेश कर रहे हैं। कंपनी के अधिकारियों का मानना है कि AI की बढ़ती क्षमताओं के कारण अब भविष्य में मैनेजमेंट लेयर्स कम होंगी और AI-असिस्टेड वर्कर्स के जरिए काम में ज्यादा एफिशिएंसी आएगी। पहले ऐसी रिपोर्ट्स भी आई थीं कि मेटा अपने कुल वर्कफोर्स का 20% या उससे ज्यादा हिस्सा कम कर सकती है। अमेजन और डिज्नी ने भी कम किया स्टाफ टेक और मीडिया सेक्टर में छंटनी का यह दौर केवल मेटा तक सीमित नहीं है। हाल के महीनों में अमेजन ने भी अपने लगभग 30,000 कॉर्पोरेट कर्मचारियों (करीब 10% व्हाइट-कॉलर स्टाफ) को बाहर का रास्ता दिखाया है। वहीं डिज्नी के सीईओ जोश डी’अमारो ने भी टीवी बिजनेस, ईएसपीएन और टेक्नोलॉजी विभाग से करीब 1,000 कर्मचारियों को हटाने की घोषणा की है। साल 2024 में अब तक 73,000 से ज्यादा लोग बेरोजगार टेक कंपनियों में नौकरियों की कटौती पर नजर रखने वाली वेबसाइट Layoffs.fyi के अनुसार, इस साल अब तक 73,000 से ज्यादा कर्मचारी अपनी नौकरी गंवा चुके हैं। पिछले साल यानी 2024 में यह आंकड़ा 1.53 लाख के पार था। मेटा ने पिछले साल AI पर भारी खर्च के बावजूद 200 बिलियन डॉलर का रेवेन्यू और 60 बिलियन डॉलर का प्रॉफिट कमाया था। मेटा का कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने से समा भी छंटनी करेगी फेसबुक के लिए कंटेंट मॉडरेशन का काम करने वाली कंपनी ‘समा’ ने भी अपने 1,100 से ज्यादा कर्मचारियों को ले-ऑफ नोटिस जारी किया है। यह फैसला मेटा द्वारा समा के साथ अपना कॉन्ट्रैक्ट खत्म करने के बाद लिया गया है। समा ने कहा है कि वे प्रभावित कर्मचारियों का सपोर्ट कर रहे हैं। क्या होता है ‘ले-ऑफ’ और ‘व्हाइट-कॉलर’ जॉब? ले-ऑफ (Layoff): जब कोई कंपनी अपनी खराब आर्थिक स्थिति, रिस्ट्रक्चरिंग या काम कम होने के कारण कर्मचारियों को नौकरी से निकालती है, तो इसे ले-ऑफ कहा जाता है। यह कर्मचारी के खराब प्रदर्शन की वजह से नहीं होता। व्हाइट-कॉलर जॉब: यह आमतौर पर उन पेशों के लिए इस्तेमाल होता है जिनमें कर्मचारी ऑफिस या डेस्क पर बैठकर प्रशासनिक, प्रोफेशनल या मैनेजिरियल काम करते हैं। इसके विपरीत ‘ब्लू-कॉलर’ वर्कर्स शारीरिक श्रम या मैन्युफैक्चरिंग से जुड़े होते हैं। ये खबर भी पढ़ें… केंद्र सरकार ने महंगाई भत्ता 2% बढ़ाकर 60% किया: 50 लाख केंद्रीय कर्मचारियों और 69 लाख पेंशनर्स को फायदा होगा सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) में 2% की बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। सरकार ने DA-DR 58% से बढ़कर 60% किया है। यह बढ़ोतरी 1 जनवरी 2026 से लागू होगी। इस फैसले से सरकार का सालाना 6,791 करोड़ रुपए का खर्च बढ़ेगा। इससे पहले अक्टूबर में महंगाई भत्ते को 55% से बढ़ाकर 58% किया गया था। पिछला रिविजन 1 जुलाई 2025 से प्रभावी माना गया था, जिसका भुगतान एरियर के साथ किया गया था। पूरी खबर पढ़ें…

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
अनिल अंबानी ग्रुप की कंपनियों पर धोखाधड़ी का केस:फर्जी दस्तावेजों से ₹150 करोड़ का लोन लिया, फिर पैसे दूसरी कंपनियों में भेजे

May 26, 2026/
12:23 pm

अनिल अंबानी ग्रुप से जुड़ी कंपनियों के तत्कालीन निदेशकों के खिलाफ धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश का मामला दर्ज किया गया...

अभिषेक की कैमरामैन से अपील- पापा को दिखाइए:कहा- वे बाउंड्री के पास बैठकर मुझे बैटिंग सिखाते हैं

April 22, 2026/
9:59 am

सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) के ओपनर अभिषेक शर्मा ने IPL 2026 में मंगलवार को खेले गए मैच में दिल्ली कैपिटल्स के...

Google Preferred Source CTA

April 15, 2026/
6:14 am

उज्जैन| संस्था हम हिंदुस्तानी ने विभिन्न क्षेत्रों में उपलब्धियां हासिल करने वाले अपने तीन सदस्यों का अभिनंदन किया। शिक्षाविद वरुण...

CUET-UG Exam Delayed | Technical Glitch Halts Nationwide Exams

May 30, 2026/
12:09 pm

जयपुर13 मिनट पहले कॉपी लिंक कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (CUET-UG 2026) की शनिवार सुबह आयोजित परीक्षा तकनीकी खामी के कारण...

थोक महंगाई 12 महीने में सबसे ज्यादा:फरवरी में ये 2.13% पर पहुंची, खाने-पीने की चीजें और रोजाना जरूरत का सामान महंगा हुआ

March 16, 2026/
12:25 pm

फरवरी में थोक महंगाई (WPI) बढ़कर 2.13% पर पहुंच गई है। ये महंगाई का 12 महीने का हाई लेवल है।...

शाहरुख खान ने अंडरवर्ल्ड को दिया था जवाब:बोले थे- ‘पठान हूं, गोली मारनी है तो मार दो’; फिल्म नहीं करूंगा; डायरेक्टर ने सुनाया किस्सा

September 6, 2026/
4:25 am

फिल्ममेकर संजय गुप्ता ने हाल ही में बताया कि 1990 के दशक में मुंबई अंडरवर्ल्ड से बॉलीवुड को धमकियां मिलती...

हेल्थ टिप्स: रोज के दांतों में मिलाएं ये 5 चीजें, डॉक्टर के पास जाने की जरूरत नहीं

June 24, 2026/
2:47 pm

स्वास्थ्य युक्तियाँ: आज की भागदौड़ भरी जिंदगी और शानदार लाइफ स्टाइल के कारण लोग कम उम्र में ही कई चुनौतियों...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

मेटा का 8,000 कर्मचारियों की छंटनी का प्लान:20 मई से वर्कफोर्स घटाने की प्रोसेस शुरू होगी; ग्लोबल लेवल पर 10% स्टाफ कम होगा

मेटा का 8,000 कर्मचारियों की छंटनी का प्लान:20 मई से वर्कफोर्स घटाने की प्रोसेस शुरू होगी; ग्लोबल लेवल पर 10% स्टाफ कम होगा

फेसबुक और इंस्टाग्राम की पेरेंट कंपनी मेटा इस साल मई में करीब 8,000 कर्मचारियों को नौकरी से निकालने का प्लान बना रही है। यह छंटनी 2022 के आखिरी और 2023 की शुरुआत में हुई रिस्ट्रक्चरिंग के बाद कंपनी का सबसे बड़ा कदम होगा। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक, बड़े पैमाने पर होने वाली यह वर्कफोर्स कटौती 20 मई के आसपास शुरू हो सकती है। शुरुआती फेज में मेटा अपनी कुल ग्लोबल वर्कफोर्स का लगभग 10% हिस्सा कम करने की तैयारी में है। इसके अलावा कंपनी साल की दूसरी छमाही में भी कुछ और कर्मचारियों की छंटनी कर सकती है। हालांकि, छंटनी की सटीक तारीख और कर्मचारियों की संख्या में अभी भी बदलाव की संभावना है। AI निवेश और एफिशिएंसी को बताया जा रहा वजह मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग वर्तमान में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में अरबों डॉलर का निवेश कर रहे हैं। कंपनी के अधिकारियों का मानना है कि AI की बढ़ती क्षमताओं के कारण अब भविष्य में मैनेजमेंट लेयर्स कम होंगी और AI-असिस्टेड वर्कर्स के जरिए काम में ज्यादा एफिशिएंसी आएगी। पहले ऐसी रिपोर्ट्स भी आई थीं कि मेटा अपने कुल वर्कफोर्स का 20% या उससे ज्यादा हिस्सा कम कर सकती है। अमेजन और डिज्नी ने भी कम किया स्टाफ टेक और मीडिया सेक्टर में छंटनी का यह दौर केवल मेटा तक सीमित नहीं है। हाल के महीनों में अमेजन ने भी अपने लगभग 30,000 कॉर्पोरेट कर्मचारियों (करीब 10% व्हाइट-कॉलर स्टाफ) को बाहर का रास्ता दिखाया है। वहीं डिज्नी के सीईओ जोश डी’अमारो ने भी टीवी बिजनेस, ईएसपीएन और टेक्नोलॉजी विभाग से करीब 1,000 कर्मचारियों को हटाने की घोषणा की है। साल 2024 में अब तक 73,000 से ज्यादा लोग बेरोजगार टेक कंपनियों में नौकरियों की कटौती पर नजर रखने वाली वेबसाइट Layoffs.fyi के अनुसार, इस साल अब तक 73,000 से ज्यादा कर्मचारी अपनी नौकरी गंवा चुके हैं। पिछले साल यानी 2024 में यह आंकड़ा 1.53 लाख के पार था। मेटा ने पिछले साल AI पर भारी खर्च के बावजूद 200 बिलियन डॉलर का रेवेन्यू और 60 बिलियन डॉलर का प्रॉफिट कमाया था। मेटा का कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने से समा भी छंटनी करेगी फेसबुक के लिए कंटेंट मॉडरेशन का काम करने वाली कंपनी ‘समा’ ने भी अपने 1,100 से ज्यादा कर्मचारियों को ले-ऑफ नोटिस जारी किया है। यह फैसला मेटा द्वारा समा के साथ अपना कॉन्ट्रैक्ट खत्म करने के बाद लिया गया है। समा ने कहा है कि वे प्रभावित कर्मचारियों का सपोर्ट कर रहे हैं। क्या होता है ‘ले-ऑफ’ और ‘व्हाइट-कॉलर’ जॉब? ले-ऑफ (Layoff): जब कोई कंपनी अपनी खराब आर्थिक स्थिति, रिस्ट्रक्चरिंग या काम कम होने के कारण कर्मचारियों को नौकरी से निकालती है, तो इसे ले-ऑफ कहा जाता है। यह कर्मचारी के खराब प्रदर्शन की वजह से नहीं होता। व्हाइट-कॉलर जॉब: यह आमतौर पर उन पेशों के लिए इस्तेमाल होता है जिनमें कर्मचारी ऑफिस या डेस्क पर बैठकर प्रशासनिक, प्रोफेशनल या मैनेजिरियल काम करते हैं। इसके विपरीत ‘ब्लू-कॉलर’ वर्कर्स शारीरिक श्रम या मैन्युफैक्चरिंग से जुड़े होते हैं। ये खबर भी पढ़ें… केंद्र सरकार ने महंगाई भत्ता 2% बढ़ाकर 60% किया: 50 लाख केंद्रीय कर्मचारियों और 69 लाख पेंशनर्स को फायदा होगा सरकार ने केंद्रीय कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) में 2% की बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। सरकार ने DA-DR 58% से बढ़कर 60% किया है। यह बढ़ोतरी 1 जनवरी 2026 से लागू होगी। इस फैसले से सरकार का सालाना 6,791 करोड़ रुपए का खर्च बढ़ेगा। इससे पहले अक्टूबर में महंगाई भत्ते को 55% से बढ़ाकर 58% किया गया था। पिछला रिविजन 1 जुलाई 2025 से प्रभावी माना गया था, जिसका भुगतान एरियर के साथ किया गया था। पूरी खबर पढ़ें…

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.