रीवा के बेला बायपास पर रविवार को जाम की समस्या ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। करीब 3 घंटे तक सड़क पर जाम और स्लो मूविंग ट्रैफिक की स्थिति बनी रही, जिससे राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस दौरान छोटे-बड़े सभी वाहन लंबी कतारों में फंसे नजर आए और कई जगहों पर वाहन रेंग-रेंग कर चलते रहे। जानकारी के अनुसार, बायपास पर अचानक बढ़े ट्रैफिक दबाव और अव्यवस्थित डायवर्शन के कारण हालात बिगड़ गए। पुलिया निर्माण कार्य के चलते रास्ता संकरा हो गया है, लेकिन वहां ट्रैफिक को व्यवस्थित करने के लिए कोई ठोस इंतजाम नजर नहीं आया। नतीजतन, कुछ ही देर में जाम की स्थिति बन गई और देखते ही देखते वाहनों की कतार कई किलोमीटर तक पहुंच गई। तेज गर्मी से ज्यादा तकलीफ हुई
स्थानीय लोगों का कहना है कि बेला बायपास पर यह समस्या नई नहीं है, लेकिन रविवार को हालात ज्यादा खराब रहे। कई वाहन चालकों ने जल्दी निकलने के चक्कर में गलत दिशा से गाड़ियां निकालनी शुरू कर दीं, जिससे स्थिति और बिगड़ गई। जाम में फंसे यात्रियों में महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग भी शामिल थे, जिन्हें तेज गर्मी और देरी के कारण काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। ट्रक चालक राजेश पटेल ने बताया कि डायवर्शन काफी संकरा है, जिससे बड़े वाहनों को निकालने में दिक्कत होती है। उन्होंने कहा कि आगे-पीछे से वाहन घुस जाते हैं, जिससे रास्ता पूरी तरह ब्लॉक हो जाता है। उनके अनुसार, मौके पर पुलिस की मौजूदगी नहीं होने से ट्रैफिक कंट्रोल नहीं हो पाता और जाम लंबा खिंच जाता है। कोई पुलिसकर्मी नजर नहीं आया
हैरानी की बात यह रही कि चोरहटा थाना की दूरी महज कुछ ही मीटर होने के बावजूद मौके पर कोई पुलिसकर्मी नजर नहीं आया। लोगों का आरोप है कि घंटों तक जाम लगा रहा, लेकिन थाने का कोई भी जवान स्थिति संभालने नहीं पहुंचा। करीब तीन घंटे बाद किसी तरह ट्रैफिक धीरे-धीरे सामान्य हो सका, लेकिन तब तक सैकड़ों लोग परेशान हो चुके थे। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि बेला बायपास पर स्थायी ट्रैफिक प्रबंधन की व्यवस्था की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की समस्या से राहत मिल सके।















































