Tuesday, 07 Apr 2026 | 10:12 AM

Trending :

हाथठेला पर पोहा-जलेबी बेचने पहुंची पूर्व CM उमा भारती:अपने बंगले के सामने लगाई दुकान, प्रशासन से बोलीं- गरीबों की रोजी-रोटी मत छीनों सामने महिलाएं, मस्जिद की घोषणाएं और खराब सीसीटीवी कैमरे: एनआईए ने मालदा की साजिश रची | विशेष | चुनाव समाचार Sensex, Nifty Fall; Banking, Auto Stocks See Selloff सेहत के लिए खजाना है मां दुर्गा का प्रिय गुड़हल का फूल, एंटीऑक्सीडेंट, विटामिन से भरपूर, इन बीमारियों के लिए फायदेमंद तमिल एक्ट्रेस सुभाषिनी सुब्रमण्यम का शव मिला:मौत से पहले कॉल पर हुआ था पति से झगड़ा, दो साल पहले हुई थी शादी IPL में आज MI-RR के बीच मुकालबा मैच:30 सिक्स पूरे करने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बने वैभव सूर्यवंशी, ईशान किशन को भी पीछे छोड़ा
EXCLUSIVE

‘धुरंधर’ को लेकर प्रेशर नहीं, बल्कि एन्करेजमेंट महसूस होता है:‘तीन कौवे’ की डायरेक्टर प्रियंका घोष बोलीं- इस जॉनर में पहले भी काम किया है

‘धुरंधर’ को लेकर प्रेशर नहीं, बल्कि एन्करेजमेंट महसूस होता है:‘तीन कौवे’ की डायरेक्टर प्रियंका घोष बोलीं- इस जॉनर में पहले भी काम किया है

वेब सीरीज ‘द नाइट मैनेजर’, ‘द रॉयल्स’ और ‘ब्रोकेन बट ब्यूटिफुल’ जैसी परियोजनाओं के बाद डायरेक्टर प्रियंका घोष अब अपने नए प्रोजेक्ट ‘तीन कौवे’ के साथ सामने आ रही हैं। थ्रिलर और स्पाई जॉनर में उनकी पकड़ मानी जाती है। हमने उनसे इस सीरीज के आइडिया से लेकर मेकिंग तक की पूरी प्रक्रिया पर बातचीत की। ‘तीन कौवे’ का आइडिया कैसे आया? फिक्शनल है या रियल स्टोरी से प्रेरित? ये पूरी तरह फिक्शनल स्टोरी है। इसका आइडिया राइटर और क्रिएटर अब्बास टायरवाला ने 7–8 साल पहले सोचा था और इसे लंबी प्रक्रिया में डेवलप किया। जैसे-जैसे कहानी बढ़ी, किरदार और दुनिया बड़ी हुई। अंत में इसे फिल्म की बजाय सीरीज के लिए बेहतर माना गया। सिद्धार्थ रॉय कपूर के साथ अब्बास ने मुझे डायरेक्टर और को-क्रिएटर के तौर पर जोड़ा। ‘धुरंधर’ की सफलता के बाद सेम जॉनर की ‘तीन कौवे’ को लेकर कोई प्रेशर महसूस हुआ? प्रेशर नहीं, बल्कि एन्करेजमेंट महसूस होता है। इस जॉनर में पहले भी काम किया है, जैसे ‘द नाइट मैनेजर’। हर जॉनर की अलग टोन और कहानी होती है। ‘तीन कौवे’ की दुनिया, किरदार और टोन पूरी तरह अलग हैं। बॉबी देओल और कबीर बेदी जैसी बड़ी कास्ट को कैसे ऑनबोर्ड किया गया? कास्टिंग डायरेक्टर के साथ कई ऑप्शन्स देखे। प्रोड्यूसर, राइटर और अमेजन प्राइम के साथ डिस्कशन के बाद एक्टर्स को नैरेशन दिया। सौभाग्य रहा कि जिनको चाहिए थे, सभी ने एक्साइटमेंट के साथ हां कहा। ‘तीन कौवे’ टाइटल का मतलब? अभी खुलासा नहीं कर सकती। ट्रेलर आने पर धीरे-धीरे पता चलेगा। टीजर में दिख रहे चेहरे जरूरी नहीं कि वही ‘तीन कौवे’ हों। शूटिंग के दौरान सबसे बड़ी चुनौतियां क्या रहीं? पूरा साल शूटिंग में लगा। एक्टर्स की हेल्थ प्रॉब्लम्स, मार्च में बारिश, लद्दाख में तूफान- सबके बावजूद टीम ने पूरा सहयोग किया। इंडियन आर्मी की मदद से नेटवर्क बाधा दूर हुई। विजुअल ट्रीटमेंट और म्यूजिक में क्या खास किया गया? कहानी को सही ढंग से पेश करना प्राथमिकता थी। प्री-प्रोडक्शन में विजुअल, साउंड और म्यूजिक पर बारीकी से काम किया गया। एक्शन डायरेक्टर एजाज गुलाब और फ्रांस के मार्शल आर्ट एक्सपर्ट यानिक बेन की मदद से ‘हैंड-टू-हैंड कॉम्बैट’ सीक्वेंस बनाए। साउंड और म्यूजिक का तालमेल कैसे रखा गया? अचिंत ठक्कर और पार्थ पारेख के साथ काम किया। एडिटिंग के दौरान हर सीक्वेंस का पेस और मूड सुनिश्चित किया गया। सीरीज में सस्पेंस बनाए रखने के लिए कोई खास तकनीक? कहानी तीन बार लिखी जाती है- राइटिंग, शूटिंग और एडिटिंग में। एडिटिंग के दौरान हर ट्विस्ट और टेंशन पर ध्यान दिया गया ताकि दर्शक अंत तक जुड़ा रहे। भारतीय स्पाई प्रोजेक्ट्स हॉलीवुड के स्केल तक पहुंच सकते हैं? हॉलीवुड की बड़ी फ्रेंचाइज के बजट से मुकाबला मुश्किल है, लेकिन हम कम बजट में भी क्वालिटी में पीछे नहीं हैं। ‘धुरंधर’, ‘पठान’, ‘वॉर’ जैसी फिल्में और ‘द फैमिली मैन’, ‘स्पेशल ऑप्स’ जैसी सीरीज इस बात का उदाहरण हैं। शूटिंग लोकेशन्स कौन-कौन सी थीं? सीरीज पूरी तरह भारत आधारित है। मुंबई, लद्दाख, गोवा, पुणे, वाई और महाबलेश्वर जैसी लोकेशन्स पर शूटिंग हुई।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
एमएसपी गारंटी कानून, अमेरिका ट्रेड डील का विरोध:अशोकनगर पहुंची किसान जागृति यात्रा, रैली निकाली; कन्याकुमारी से कश्मीर तक की यात्रा

February 20, 2026/
9:44 pm

संयुक्त किसान मोर्चा के बैनर तले कन्याकुमारी से कश्मीर तक निकाली जा रही ‘किसान जागृति यात्रा’ शुक्रवार को अशोकनगर पहुंची।...

authorimg

March 29, 2026/
3:58 pm

गोरखपुर: गर्मियों का मौसम आते ही शरीर को ठंडा और तरोताजा रखना सबसे बड़ी चुनौती बन जाता है. तेज धूप,...

वर्ल्ड अपडेट्स:किम जोंग-उन की साउथ कोरिया को चेतावनी, बोले- खतरा हुआ तो ‘पूरी तरह तबाह’ कर देंगे

February 27, 2026/
9:07 am

नॉर्थ कोरिया के शासक किम जोंग-उन ने साउथ कोरिया को कड़ी चेतावनी दी है। किम ने कहा है कि उनके...

अमेरिका में बच्चों के लिए ‘द बैलेंस प्रोजेक्ट’:फोन-फ्री बचपन; असली दुनिया को इतना दिलचस्प बनाइए कि बच्चे स्क्रीन भूल जाएं

March 20, 2026/
11:52 am

अमेरिका के न्यू जर्सी राज्य के लिटिल सिल्वर शहर में 7 साल की मौली रोज साइकिल से अकेले स्कूल जाती...

हरदा में कार स्क्रैच विवाद, आरोपी गिरफ्तार:समझौते के बाद महिलाओं को धमकाया, ऑटो तोड़ा; पुलिस ने जुलूस निकाला

February 25, 2026/
12:48 pm

हरदा जिले में कार स्क्रैच विवाद के बाद एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी कमल दमाड़े पर समझौते...

शिवराज बोले-ममता दीदी को 'प्रधानमंत्री' के नाम से आपत्ति:बंगाल में रोकीं केंद्र की योजनाएं; जलने वाले जलें, हम किसानों का भाग्य बदलकर रहेंगे

March 10, 2026/
1:56 pm

लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान मंगलवार को केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पश्चिम बंगाल की ममता सरकार पर...

राजनीति

‘धुरंधर’ को लेकर प्रेशर नहीं, बल्कि एन्करेजमेंट महसूस होता है:‘तीन कौवे’ की डायरेक्टर प्रियंका घोष बोलीं- इस जॉनर में पहले भी काम किया है

‘धुरंधर’ को लेकर प्रेशर नहीं, बल्कि एन्करेजमेंट महसूस होता है:‘तीन कौवे’ की डायरेक्टर प्रियंका घोष बोलीं- इस जॉनर में पहले भी काम किया है

वेब सीरीज ‘द नाइट मैनेजर’, ‘द रॉयल्स’ और ‘ब्रोकेन बट ब्यूटिफुल’ जैसी परियोजनाओं के बाद डायरेक्टर प्रियंका घोष अब अपने नए प्रोजेक्ट ‘तीन कौवे’ के साथ सामने आ रही हैं। थ्रिलर और स्पाई जॉनर में उनकी पकड़ मानी जाती है। हमने उनसे इस सीरीज के आइडिया से लेकर मेकिंग तक की पूरी प्रक्रिया पर बातचीत की। ‘तीन कौवे’ का आइडिया कैसे आया? फिक्शनल है या रियल स्टोरी से प्रेरित? ये पूरी तरह फिक्शनल स्टोरी है। इसका आइडिया राइटर और क्रिएटर अब्बास टायरवाला ने 7–8 साल पहले सोचा था और इसे लंबी प्रक्रिया में डेवलप किया। जैसे-जैसे कहानी बढ़ी, किरदार और दुनिया बड़ी हुई। अंत में इसे फिल्म की बजाय सीरीज के लिए बेहतर माना गया। सिद्धार्थ रॉय कपूर के साथ अब्बास ने मुझे डायरेक्टर और को-क्रिएटर के तौर पर जोड़ा। ‘धुरंधर’ की सफलता के बाद सेम जॉनर की ‘तीन कौवे’ को लेकर कोई प्रेशर महसूस हुआ? प्रेशर नहीं, बल्कि एन्करेजमेंट महसूस होता है। इस जॉनर में पहले भी काम किया है, जैसे ‘द नाइट मैनेजर’। हर जॉनर की अलग टोन और कहानी होती है। ‘तीन कौवे’ की दुनिया, किरदार और टोन पूरी तरह अलग हैं। बॉबी देओल और कबीर बेदी जैसी बड़ी कास्ट को कैसे ऑनबोर्ड किया गया? कास्टिंग डायरेक्टर के साथ कई ऑप्शन्स देखे। प्रोड्यूसर, राइटर और अमेजन प्राइम के साथ डिस्कशन के बाद एक्टर्स को नैरेशन दिया। सौभाग्य रहा कि जिनको चाहिए थे, सभी ने एक्साइटमेंट के साथ हां कहा। ‘तीन कौवे’ टाइटल का मतलब? अभी खुलासा नहीं कर सकती। ट्रेलर आने पर धीरे-धीरे पता चलेगा। टीजर में दिख रहे चेहरे जरूरी नहीं कि वही ‘तीन कौवे’ हों। शूटिंग के दौरान सबसे बड़ी चुनौतियां क्या रहीं? पूरा साल शूटिंग में लगा। एक्टर्स की हेल्थ प्रॉब्लम्स, मार्च में बारिश, लद्दाख में तूफान- सबके बावजूद टीम ने पूरा सहयोग किया। इंडियन आर्मी की मदद से नेटवर्क बाधा दूर हुई। विजुअल ट्रीटमेंट और म्यूजिक में क्या खास किया गया? कहानी को सही ढंग से पेश करना प्राथमिकता थी। प्री-प्रोडक्शन में विजुअल, साउंड और म्यूजिक पर बारीकी से काम किया गया। एक्शन डायरेक्टर एजाज गुलाब और फ्रांस के मार्शल आर्ट एक्सपर्ट यानिक बेन की मदद से ‘हैंड-टू-हैंड कॉम्बैट’ सीक्वेंस बनाए। साउंड और म्यूजिक का तालमेल कैसे रखा गया? अचिंत ठक्कर और पार्थ पारेख के साथ काम किया। एडिटिंग के दौरान हर सीक्वेंस का पेस और मूड सुनिश्चित किया गया। सीरीज में सस्पेंस बनाए रखने के लिए कोई खास तकनीक? कहानी तीन बार लिखी जाती है- राइटिंग, शूटिंग और एडिटिंग में। एडिटिंग के दौरान हर ट्विस्ट और टेंशन पर ध्यान दिया गया ताकि दर्शक अंत तक जुड़ा रहे। भारतीय स्पाई प्रोजेक्ट्स हॉलीवुड के स्केल तक पहुंच सकते हैं? हॉलीवुड की बड़ी फ्रेंचाइज के बजट से मुकाबला मुश्किल है, लेकिन हम कम बजट में भी क्वालिटी में पीछे नहीं हैं। ‘धुरंधर’, ‘पठान’, ‘वॉर’ जैसी फिल्में और ‘द फैमिली मैन’, ‘स्पेशल ऑप्स’ जैसी सीरीज इस बात का उदाहरण हैं। शूटिंग लोकेशन्स कौन-कौन सी थीं? सीरीज पूरी तरह भारत आधारित है। मुंबई, लद्दाख, गोवा, पुणे, वाई और महाबलेश्वर जैसी लोकेशन्स पर शूटिंग हुई।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.