Tuesday, 20 Oct 2026 | 08:13 PM

Trending :

EXCLUSIVE

प्रोटीन पाउडर रोज पी रहे हैं? कहीं मस्कुलर बॉडी बनाने के चक्कर में न हो जाए नुकसान, जान लें सच

ask search icon

Last Updated:

प्रोटीन पाउडर आजकल फिटनेस और हेल्थ के लिए काफी इस्तेमाल किए जाते हैं, लेकिन इन्हें लेने से पहले इसके फायदे के साथ-साथ संभावित जोखिमों को समझना भी जरूरी है. सही जानकारी के बिना इसका अधिक सेवन सेहत पर असर डाल सकता है.

दूध या स्मूदी में प्रोटीन पाउडर मिलाना एक आसान और हेल्दी तरीका लग सकता है, क्योंकि प्रोटीन मांसपेशियों की मजबूती, हड्डियों के स्वास्थ्य और पूरे शरीर के सही कामकाज के लिए जरूरी होता है. खासकर वे लोग, जिनकी भूख कम होती है, जैसे कि बुजुर्ग, वे अपनी रोजाना की प्रोटीन जरूरत पूरी करने के लिए प्रोटीन पाउडर का सहारा लेते हैं, क्योंकि यह जल्दी और सुविधाजनक तरीका होता है.

What Exactly Is Protein Powder? Protein powders are concentrated sources of protein derived from plants, eggs, or milk, often combined with added sugars, flavourings, thickeners, vitamins, and minerals.

प्रोटीन पाउडर प्रोटीन का एक कंसंट्रेटेड स्रोत होता है, जो आमतौर पर पौधों, अंडे या दूध से तैयार किया जाता है. इसमें कई बार स्वाद बढ़ाने के लिए चीनी, फ्लेवर, गाढ़ापन देने वाले तत्व, विटामिन और मिनरल्स भी मिलाए जाते हैं. हालांकि यह सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है, लेकिन इसके सेवन से जुड़े कुछ छिपे हुए स्वास्थ्य जोखिम भी हो सकते हैं, जिनके बारे में जानना जरूरी है.

: Not All Scoops Are Equal: The protein content in one scoop can vary widely, ranging from 10 to 30 grams, depending on whether it’s designed for muscle gain or weight loss.

प्रोटीन पाउडर के एक स्कूप में प्रोटीन की मात्रा काफी अलग-अलग हो सकती है. यह 10 ग्राम से लेकर 30 ग्राम तक हो सकती है, जो इस बात पर निर्भर करता है कि वह मसल्स बढ़ाने के लिए बना है या वजन घटाने के लिए.

Add News18 as
Preferred Source on Google

Lack Of Strict Regulation: Protein powders are dietary supplements, which means manufacturers are responsible for safety and labelling, making it hard to verify what’s actually inside.

प्रोटीन पाउडर डाइटरी सप्लीमेंट्स की कैटेगरी में आते हैं, इसलिए इनके निर्माण और लेबलिंग की जिम्मेदारी कंपनियों पर ही होती है. ऐसे में कई बार यह जानना मुश्किल हो जाता है कि इसमें वास्तव में क्या-क्या मिलाया गया है.

Digestive Issues: Milk-based protein powders can cause bloating, discomfort, or digestive distress, especially in people with lactose intolerance or dairy sensitivities.

पाचन से जुड़ी समस्याएं: दूध से बने प्रोटीन पाउडर कुछ लोगों में पेट फूलना, गैस या असहजता पैदा कर सकते हैं. खासकर जिन्हें लैक्टोज इनटॉलरेंस या डेयरी से एलर्जी होती है, उन्हें इससे ज्यादा दिक्कत हो सकती है.

Hidden Sugars & Calories: Some protein powders contain high levels of added sugar and calories, which can lead to weight gain and spikes in blood sugar if consumed regularly.

छिपी हुई शुगर और ज्यादा कैलोरी- कई प्रोटीन पाउडर में अतिरिक्त शुगर और कैलोरी होती है, जो नियमित सेवन करने पर वजन बढ़ाने और ब्लड शुगर लेवल बढ़ाने का कारण बन सकती है.

लंबे समय के असर स्पष्ट नहीं- प्रोटीन सप्लीमेंट्स का लंबे समय तक ज्यादा मात्रा में सेवन करने के असर पर अभी पर्याप्त शोध उपलब्ध नहीं है. इसलिए इसे रोजाना लंबे समय तक लेने को लेकर कुछ चिंताएं बनी रहती हैं.

हालांकि प्रोटीन पाउडर इस्तेमाल में आसान होते हैं, लेकिन ये पूरी तरह जोखिम से मुक्त नहीं हैं. बेहतर और सुरक्षित तरीका यह है कि आप प्रोटीन प्राकृतिक खाद्य पदार्थों से लें और सप्लीमेंट्स का उपयोग समझदारी और सीमित मात्रा में करें.

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
तस्वीर का विवरण

July 4, 2026/
8:32 pm

सामग्री: 1 कप मूंग दाल, 2 कप दही, 1-2 हरी मिर्च, 1 टुकड़ा अदरक, 1 बड़ा जीरा, 1 चुटकी हींग,...

Gujarat Titans vs Rajasthan Royals Live Score: IPL 2026 Match Today Updates From Narendra Modi Stadium Ahmedabad. (Picture Credit: AP)

April 4, 2026/
7:08 pm

आखरी अपडेट:04 अप्रैल, 2026, 19:08 IST 2026 के चुनावों से पहले टीएमसी और बीजेपी के व्यापार आरोपों के कारण पश्चिम...

बालों की देखभाल के टिप्स: रूखे और बेजान बालों से आसानी से पाएं बाहर, स्प्लिट एंड्स से छुटकारा पाएं ये असरदार तरीके

March 18, 2026/
6:41 pm

बालों की देखभाल संबंधी युक्तियाँ: बालों की खूबसूरती बनाए रखना आज के समय में किसी भी चुनौती से कम नहीं...

JEE Mains Result 2026 Live: NTA JEE Main Session 2 scorecard soon at jeemain.nta.nic.in.

April 17, 2026/
3:43 pm

आखरी अपडेट:17 अप्रैल, 2026, 15:43 IST महिला कोटा विधेयक पर बहस को संबोधित करते हुए, राहुल गांधी ने प्रधान मंत्री...

सेंसेक्स में 500 अंक की गिरावट:77,600 पर कारोबार कर रहा, निफ्टी भी 150 अंक टूटा; एनर्जी और IT शेयर्स में बिकवाली

July 8, 2026/
9:20 am

शेयर बाजार में आज यानी 8 जुलाई गिरावट है। सेंसेक्स 500 अंक से ज्यादा की गिरावट के साथ 77,600 के...

गोविंदा से अनबन के बीच फैमिली कोर्ट पहुंचीं सुनीता:बेटे यशवर्धन पैपराजी से बचाते दिखे, चीटिंग के आरोप लगाए थे, मैनेजर बोले- इसका कोई आइडिया नहीं

August 19, 2026/
1:29 pm

गोविंदा की पत्नी सुनीता आहूजा और उनके बेटे यशवर्धन आहूजा को मुंबई में बुधवार को फैमिली कोर्ट में देखा गया।...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

प्रोटीन पाउडर रोज पी रहे हैं? कहीं मस्कुलर बॉडी बनाने के चक्कर में न हो जाए नुकसान, जान लें सच

ask search icon

Last Updated:

प्रोटीन पाउडर आजकल फिटनेस और हेल्थ के लिए काफी इस्तेमाल किए जाते हैं, लेकिन इन्हें लेने से पहले इसके फायदे के साथ-साथ संभावित जोखिमों को समझना भी जरूरी है. सही जानकारी के बिना इसका अधिक सेवन सेहत पर असर डाल सकता है.

दूध या स्मूदी में प्रोटीन पाउडर मिलाना एक आसान और हेल्दी तरीका लग सकता है, क्योंकि प्रोटीन मांसपेशियों की मजबूती, हड्डियों के स्वास्थ्य और पूरे शरीर के सही कामकाज के लिए जरूरी होता है. खासकर वे लोग, जिनकी भूख कम होती है, जैसे कि बुजुर्ग, वे अपनी रोजाना की प्रोटीन जरूरत पूरी करने के लिए प्रोटीन पाउडर का सहारा लेते हैं, क्योंकि यह जल्दी और सुविधाजनक तरीका होता है.

What Exactly Is Protein Powder? Protein powders are concentrated sources of protein derived from plants, eggs, or milk, often combined with added sugars, flavourings, thickeners, vitamins, and minerals.

प्रोटीन पाउडर प्रोटीन का एक कंसंट्रेटेड स्रोत होता है, जो आमतौर पर पौधों, अंडे या दूध से तैयार किया जाता है. इसमें कई बार स्वाद बढ़ाने के लिए चीनी, फ्लेवर, गाढ़ापन देने वाले तत्व, विटामिन और मिनरल्स भी मिलाए जाते हैं. हालांकि यह सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है, लेकिन इसके सेवन से जुड़े कुछ छिपे हुए स्वास्थ्य जोखिम भी हो सकते हैं, जिनके बारे में जानना जरूरी है.

: Not All Scoops Are Equal: The protein content in one scoop can vary widely, ranging from 10 to 30 grams, depending on whether it’s designed for muscle gain or weight loss.

प्रोटीन पाउडर के एक स्कूप में प्रोटीन की मात्रा काफी अलग-अलग हो सकती है. यह 10 ग्राम से लेकर 30 ग्राम तक हो सकती है, जो इस बात पर निर्भर करता है कि वह मसल्स बढ़ाने के लिए बना है या वजन घटाने के लिए.

Add News18 as
Preferred Source on Google

Lack Of Strict Regulation: Protein powders are dietary supplements, which means manufacturers are responsible for safety and labelling, making it hard to verify what’s actually inside.

प्रोटीन पाउडर डाइटरी सप्लीमेंट्स की कैटेगरी में आते हैं, इसलिए इनके निर्माण और लेबलिंग की जिम्मेदारी कंपनियों पर ही होती है. ऐसे में कई बार यह जानना मुश्किल हो जाता है कि इसमें वास्तव में क्या-क्या मिलाया गया है.

Digestive Issues: Milk-based protein powders can cause bloating, discomfort, or digestive distress, especially in people with lactose intolerance or dairy sensitivities.

पाचन से जुड़ी समस्याएं: दूध से बने प्रोटीन पाउडर कुछ लोगों में पेट फूलना, गैस या असहजता पैदा कर सकते हैं. खासकर जिन्हें लैक्टोज इनटॉलरेंस या डेयरी से एलर्जी होती है, उन्हें इससे ज्यादा दिक्कत हो सकती है.

Hidden Sugars & Calories: Some protein powders contain high levels of added sugar and calories, which can lead to weight gain and spikes in blood sugar if consumed regularly.

छिपी हुई शुगर और ज्यादा कैलोरी- कई प्रोटीन पाउडर में अतिरिक्त शुगर और कैलोरी होती है, जो नियमित सेवन करने पर वजन बढ़ाने और ब्लड शुगर लेवल बढ़ाने का कारण बन सकती है.

लंबे समय के असर स्पष्ट नहीं- प्रोटीन सप्लीमेंट्स का लंबे समय तक ज्यादा मात्रा में सेवन करने के असर पर अभी पर्याप्त शोध उपलब्ध नहीं है. इसलिए इसे रोजाना लंबे समय तक लेने को लेकर कुछ चिंताएं बनी रहती हैं.

हालांकि प्रोटीन पाउडर इस्तेमाल में आसान होते हैं, लेकिन ये पूरी तरह जोखिम से मुक्त नहीं हैं. बेहतर और सुरक्षित तरीका यह है कि आप प्रोटीन प्राकृतिक खाद्य पदार्थों से लें और सप्लीमेंट्स का उपयोग समझदारी और सीमित मात्रा में करें.

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.