Friday, 28 Aug 2026 | 07:23 PM

Trending :

Summer Cooling Techniques; Body Heat Remedies | Hydration Drinks

Summer Cooling Techniques; Body Heat Remedies | Hydration Drinks

1 घंटे पहलेलेखक: अदिति ओझा

  • कॉपी लिंक

शरीर को हेल्दी फंक्शनिंग के लिए खास टेम्परेचर 37°C की जरूरत होती है। गर्मियों में टेम्परेचर बढ़ने पर शरीर खुद को ठंडा रखने के लिए पसीना निकालता है। लगातार पसीना आने पर पानी के साथ जरूरी मिनरल्स भी निकल जाते हैं।

टेम्परेचर बहुत ज्यादा होने पर शरीर के कूलिंग सिस्टम पर दबाव बढ़ जाता है। डिहाइड्रेशन का रिस्क बढ़ जाता है। इससे थकान, चक्कर और हीट स्ट्रोक जैसी समस्याएं होती है। कुछ बेसिक समर रूल्स फॉलो करके हम प्राकृतिक तरीके से बॉडी कूलिंग सिस्टम को सपोर्ट कर सकते हैं।

इसलिए ‘जरूरत की खबर’ में जानेंगे कि-

  • गर्मियों में शरीर को भीतर से ठंडा रखने के प्राकृतिक तरीके क्या हैं?
  • किन गलतियों से बॉडी हीट बढ़ जाती है?

एक्सपर्ट- डॉ. रोहित शर्मा, कंसल्टेंट, इंटरनल मेडिसिन, अपोलो स्पेक्ट्रा हॉस्पिटल, जयपुर

सवाल- बाहर का तापमान बढ़ना शरीर को कैसे नुकसान पहुंचाता है? ऐसे में शरीर को भीतर से ठंडा रखना क्यों जरूरी है?

जवाब- जब गर्मी बहुत ज्यादा होती है या उमस बढ़ जाती है, तो शरीर का कूलिंग सिस्टम सही से काम नहीं कर पाता । इससे शरीर की हीट बाहर नहीं निकल पाती और बॉडी ओवरहीट होने लगती है।

इससे शरीर को कई नुकसान होते हैं-

  • पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स कम होने लगते हैं।
  • ब्लड प्रेशर लो हो सकता है।
  • ब्रेन का ब्लड फ्लो प्रभावित होता है।

यानी शरीर अपनी हीट को बाहर नहीं निकाल पाता और अंदर ही गर्म होता जाता है, जिससे पूरे सिस्टम पर असर पड़ता है। इंटरनल मेडेसिन कंसल्टेंट डॉक्टर रोहित शर्मा ने बताया कि शरीर को भीतर से ठंडा रखना क्यों जरूरी है-

सवाल- गर्मियों के मौसम में शरीर को भीतर से ठंडा रखने के प्राकृतिक तरीके क्या हैं?

जवाब- इस मौसम में हाइड्रेशन, सही खानपान, लाइफस्टाइल और ड्रेसिंग हैबिट्स पर ध्यान देना जरूरी है। इन छोटे-छोटे बदलावों से शरीर का तापमान कंट्रोल में रहता है। सभी प्राकृतिक तरीकों के बारे में बात करते हैं-

हाइड्रेशन

  • गर्मियों में शरीर से लगातार पसीने के जरिए पानी निकलता है।
  • ऐसे में सिर्फ प्यास बुझाना काफी नहीं होता।
  • शरीर को कूल और एनर्जेटिक बनाए रखने के लिए दिनभर फ्लूइड का संतुलन बनाए रखना जरूरी है।

इलेक्ट्रोलाइट्स बैलेंस

  • पसीने के साथ सिर्फ पानी ही नहीं, जरूरी मिनरल्स भी बाहर निकल जाते हैं।
  • अगर इनकी भरपाई न हो तो शरीर में कमजोरी, चक्कर और मसल क्रैम्प्स हो सकते हैं।
  • ऐसे फ्लूइड लेना जरूरी है, जो शरीर में इलेक्ट्रोलाइट्स का संतुलन बनाए रखें।

ग्राफिक में देखिए इसके लिए क्या करना चाहिए-

फूड हैबिट्स

  • गर्मियों में क्या खा रहे हैं, यह सीधे शरीर के टेम्परेचर पर असर डालता है।
  • हल्का, ताजा और पानी से भरपूर भोजन बॉडी को भीतर से ठंडा रखने में मदद करता है।
  • भारी और प्रोसेस्ड फूड शरीर में गर्मी और सुस्ती बढ़ा सकते हैं।

गर्मियों में कौन-से फूड्स खाने चाहिए, ग्राफिक में देखिए-

कूलिंग ड्रिंक्स

  • कूलिंग ड्रिंक्स गर्मियों में शरीर को तुरंत ठंडक और हाइड्रेशन देते हैं।
  • नेचुरल और घर के बने ड्रिंक्स शरीर को अंदर से कूल रखते हैं।
  • कोल्ड ड्रिंक्स, पैकेज्ड फ्रूट जूस, एनर्जी ड्रिंक्स शरीर को और डिहाइड्रेट कर सकते हैं।

ग्राफिक में देखिए क्या पीना चाहिए और क्या नहीं-

लाइफस्टाइल

  • रोजमर्रा की आदतें भी शरीर के तापमान पर बड़ा असर डालती हैं।
  • सही समय पर आराम, पर्याप्त नींद और घर का ठंडा माहौल बॉडी को ओवरहीट होने से बचाने में मदद करते हैं।
  • इससे पूरे दिन एनर्जी बनी रहती है।

ग्राफिक में देखिए लाइफस्टाइल में क्या बदलाव करना चाहिए-

ड्रेसिंग

  • गर्मियों में कपड़ों का चुनाव सिर्फ स्टाइल नहीं, बल्कि शरीर की कूलिंग से भी जुड़ा होता है।
  • सही फैब्रिक और फिटिंग वाले कपड़े हवा के फ्लो को बेहतर बनाते हैं।
  • इससे शरीर का तापमान संतुलित रहता है और पसीना भी आसानी से सूख जाता है।

इस मौसम में कैसे कपड़े पहनने चाहिए, ग्राफिक में देखिए-

सवाल- गर्मियों में किन लोगों को शरीर को ठंडा रखने पर ज्यादा ध्यान देना चाहिए?

जवाब- गर्मियों में कुछ लोगों को शरीर को ठंडा और हाइड्रेटेड रखने पर विशेष ध्यान देना जरूरी होता है, क्योंकि उन्हें हीट स्ट्रेस और डिहाइड्रेशन का जोखिम ज्यादा होता है। जैसे-

  • बच्चे (खासतौर पर छोटे बच्चे)
  • बुजुर्ग
  • प्रेग्नेंट महिलाएं।
  • आउटडोर वर्कर्स, जैसे- मजदूर, ट्रैफिक पुलिस, डिलीवरी स्टाफ।
  • जिन्हें कोई क्रॉनिक डिजीज है।
  • जिन्हें ज्यादा पसीना आता है।
  • जिन्हें पहले ही डिहाइड्रेशन या हीट स्ट्रोक हो चुका हो।
  • जो ज्यादा एक्सरसाइज/जिम करते हैं।

सवाल- कौन सी गलत आदतें शरीर की गर्मी बढ़ा देती हैं?

जवाब- लाइफस्टाइल और खानपान से जुड़ी गलत आदतें शरीर के कूलिंग सिस्टम को कमजोर कर देती हैं। इन आदतों से डिहाइड्रेशन, थकान और ओवरहीटिंग का खतरा बढ़ जाता है-

  • कम पानी पीना।
  • ज्यादा कैफीन लेना।
  • ज्यादा स्ट्रेस लेना।
  • बहुत ज्यादा मसालेदार और तला भुना खाना।
  • लंबे समय तक धूप में रहना।
  • भरपूर नींद न लेना।
  • टाइट और सिंथेटिक कपड़े पहनना।
  • बहुत ज्यादा एक्सरसाइज या ओवरएक्सर्शन।
  • बार-बार कोल्ड ड्रिंक्स या शुगरी ड्रिंक्स लेना।

सवाल- ऊपर शरीर को ठंडा रखने के जो प्राकृतिक तरीके बताए गए हैं, क्या उन्हें फॉलो करने से गर्मी से जुड़ी हेल्थ प्रॉब्लम्स का रिस्क भी कम होता है?

जवाब– हां, सही हाइड्रेशन, कूलिंग फूड्स, इलेक्ट्रोलाइट बैलेंस और संतुलित लाइफस्टाइल अपनाने से शरीर का तापमान नियंत्रित रहता है और गर्मी से जुड़ी कई समस्याओं का जोखिम कम हो जाता है। गर्मियों में होने वाली समस्याएं और उनसे बचाव इस तरह समझें-

हीट स्ट्रोक- शरीर का तापमान खतरनाक स्तर तक बढ़ जाता है।

बचाव- तेज धूप से बचें और शरीर को ठंडा व हाइड्रेटेड रखें।

हीट एक्जॉशन- ज्यादा पसीना, कमजोरी और चक्कर आते हैं।

बचाव- समय-समय पर आराम करें और इलेक्ट्रोलाइट्स लेते रहें।

डिहाइड्रेशन- शरीर में पानी की कमी हो जाती है।

बचाव- दिनभर नियमित अंतराल पर पानी और फ्लूइड्स लेते रहें।

हीट क्रैम्प्स- ज्यादा गर्मी और पसीने के वजह से मांसपेशियों में ऐंठन होती है।

बचाव- नारियल पानी, छाछ या नमक-चीनी का घोल लें।

सनबर्न- स्किन तेज धूप में जलकर लाल हो जाती है।

बचाव- धूप में निकलते समय सनस्क्रीन और कवरिंग का इस्तेमाल करें।

घमौरियां- पसीने से स्किन पर दाने और खुजली होती है।

बचाव- ढीले कॉटन कपड़े पहनें और स्किन को सूखा रखें।

फूड पॉइजनिंग- गर्मी के कारण बैक्टीरिया (जैसे स्टैफिलोकोकस, सलमोनेला, ई.कोलाई) तेजी से बढ़ते हैं और खाना जल्दी खराब हो जाता है। ऐसा खाना खाने से उल्टी, दस्त, पेट दर्द, बुखार आदि लक्षण होते हैं।

बचाव- हमेशा ताजा और साफ खाना खाएं।

लो ब्लड प्रेशर- ज्यादा पसीने से BP लो हो सकता है।

बचाव- पानी और नमक का संतुलन बनाए रखें।

चक्कर, थकान और कमजोरी- शरीर में पानी और एनर्जी की कमी से ये समस्या होती है।

बचाव- फल, पानी और हल्का भोजन नियमित लेते रहें।

मसल्स पेन- इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन से मांसपेशियों में दर्द होता है।

बचाव- पर्याप्त हाइड्रेशन और मिनरल्स लें।

आंखों में जलन- धूप और लू के कारण आंखों में इरिटेशन होता है।

बचाव- सनग्लासेस पहनें और आंखों को ठंडक दें।

…………………………….

जरूरत की ये खबर भी पढ़ें…

जरूरत की खबर- गर्मी में 5 कारणों से बढ़ता डिहाइड्रेशन:ये संकेत दिखें तो इग्नोर न करें, पूरी गर्मियां फॉलो करें 10 जरूरी नियम

गर्मियों में पसीना ज्यादा आता है। इसलिए शरीर की पानी की जरूरत बढ़ जाती है। अगर पानी की ये अतिरिक्त जरूरत पूरी न की जाए तो डिहाइड्रेशन हो सकता है।

डिहाइड्रेशन यानी शरीर में पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी। इसका सीधा प्रभाव शरीर के सभी अंगों पर पड़ता है। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
सागर में 20 फीट गहरे कुएं में गिरा चीतल:मर्गा दरारिया का मामला, वन विभाग ने रेस्क्यू कर बाहर निकाला, इलाज जारी

April 12, 2026/
6:36 pm

सागर जिले के गढ़ाकोटा क्षेत्र के ग्राम मुर्गा दरारिया में एक चीतल कुएं में गिर गया। करीब 20 फीट गहरे...

perfGogleBtn

March 15, 2026/
2:01 pm

Last Updated:March 15, 2026, 14:01 IST डॉ राजकुमार (आयुष) ने बताया कि लेट्यूस एक हरी पत्तेदार सब्जी है जिसमें कैलोरी...

भाईके इलाज के लिए ढाई लाख में गिरवी रखे गहने:ब्याज सहित 7.20 लाख चुकाए, सूद खोर ने वापस किए नकली जेवर

March 15, 2026/
6:13 pm

डिंडोरी में सूदखोरी का एक मामला सामने आया है, जहां एक व्यक्ति ने भाई के इलाज के लिए महिलाओं से...

Trump claimed the earlier trade measures had brought in “hundreds of billions of dollars” in revenue. (Image: Reuters/File)

February 18, 2026/
8:52 pm

आखरी अपडेट:18 फरवरी, 2026, 20:52 IST मेयर चुनाव से पहले भाजपा के 22 नगरसेवकों में से 9 द्वारा समर्थन दिए...

अमेरिका में आज इजराइल-लेबानन की सीजफायर वार्ता:हिजबुल्लाह मुद्दे पर अटका पेंच, नेतन्याहू बोले- उग्रवादियों पर हमले बंद नहीं करेंगे

April 14, 2026/
6:34 am

अमेरिका में आज इजराइल और लेबनान के बीच सीजफायर पर अहम बातचीत होगी। यह बैठक वॉशिंगटन डीसी में होगी। मीडिया...

जाह्नवी कपूर की मेहंदी में दिखा बॉयफ्रेंड का नाम:निकनेम 'शिखु' ने खींचा ध्यान, अंशुला के वेडिंग रिसेप्शन में ढोल भी बजाया

July 9, 2026/
4:10 pm

अंशुला कपूर के वेडिंग रिसेप्शन में जाह्नवी कपूर अपने लुक के साथ-साथ मेहंदी को लेकर भी चर्चा में रहीं। उन्होंने...

रेलवे को चाहिए था पानी, खोल दिए बरगी के गेट:3 गेट से 112 क्यूमेक पानी छोड़ा; दारोगाघाट,पंप हाउस तक पहुंचा पानी

March 24, 2026/
10:26 pm

बहुत कम ऐसा होता है, जब गर्मी में किसी बांध के गेट खोले जाए। पर जरूरत पड़ने पर ऐसा किया...

विधायक रविंद्र भाटी ने खुद पर पेट्रोल छिड़का:पुलिस पकड़कर ले गई; 500 गाड़ियों के साथ कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन करने पहुंचे थे

May 19, 2026/
3:16 pm

बाड़मेर में विरोध प्रदर्शन के दौरान शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने अपने ऊपर पेट्रोल छिड़क लिया। समर्थकों ने कपड़े...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

Summer Cooling Techniques; Body Heat Remedies | Hydration Drinks

Summer Cooling Techniques; Body Heat Remedies | Hydration Drinks

1 घंटे पहलेलेखक: अदिति ओझा

  • कॉपी लिंक

शरीर को हेल्दी फंक्शनिंग के लिए खास टेम्परेचर 37°C की जरूरत होती है। गर्मियों में टेम्परेचर बढ़ने पर शरीर खुद को ठंडा रखने के लिए पसीना निकालता है। लगातार पसीना आने पर पानी के साथ जरूरी मिनरल्स भी निकल जाते हैं।

टेम्परेचर बहुत ज्यादा होने पर शरीर के कूलिंग सिस्टम पर दबाव बढ़ जाता है। डिहाइड्रेशन का रिस्क बढ़ जाता है। इससे थकान, चक्कर और हीट स्ट्रोक जैसी समस्याएं होती है। कुछ बेसिक समर रूल्स फॉलो करके हम प्राकृतिक तरीके से बॉडी कूलिंग सिस्टम को सपोर्ट कर सकते हैं।

इसलिए ‘जरूरत की खबर’ में जानेंगे कि-

  • गर्मियों में शरीर को भीतर से ठंडा रखने के प्राकृतिक तरीके क्या हैं?
  • किन गलतियों से बॉडी हीट बढ़ जाती है?

एक्सपर्ट- डॉ. रोहित शर्मा, कंसल्टेंट, इंटरनल मेडिसिन, अपोलो स्पेक्ट्रा हॉस्पिटल, जयपुर

सवाल- बाहर का तापमान बढ़ना शरीर को कैसे नुकसान पहुंचाता है? ऐसे में शरीर को भीतर से ठंडा रखना क्यों जरूरी है?

जवाब- जब गर्मी बहुत ज्यादा होती है या उमस बढ़ जाती है, तो शरीर का कूलिंग सिस्टम सही से काम नहीं कर पाता । इससे शरीर की हीट बाहर नहीं निकल पाती और बॉडी ओवरहीट होने लगती है।

इससे शरीर को कई नुकसान होते हैं-

  • पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स कम होने लगते हैं।
  • ब्लड प्रेशर लो हो सकता है।
  • ब्रेन का ब्लड फ्लो प्रभावित होता है।

यानी शरीर अपनी हीट को बाहर नहीं निकाल पाता और अंदर ही गर्म होता जाता है, जिससे पूरे सिस्टम पर असर पड़ता है। इंटरनल मेडेसिन कंसल्टेंट डॉक्टर रोहित शर्मा ने बताया कि शरीर को भीतर से ठंडा रखना क्यों जरूरी है-

सवाल- गर्मियों के मौसम में शरीर को भीतर से ठंडा रखने के प्राकृतिक तरीके क्या हैं?

जवाब- इस मौसम में हाइड्रेशन, सही खानपान, लाइफस्टाइल और ड्रेसिंग हैबिट्स पर ध्यान देना जरूरी है। इन छोटे-छोटे बदलावों से शरीर का तापमान कंट्रोल में रहता है। सभी प्राकृतिक तरीकों के बारे में बात करते हैं-

हाइड्रेशन

  • गर्मियों में शरीर से लगातार पसीने के जरिए पानी निकलता है।
  • ऐसे में सिर्फ प्यास बुझाना काफी नहीं होता।
  • शरीर को कूल और एनर्जेटिक बनाए रखने के लिए दिनभर फ्लूइड का संतुलन बनाए रखना जरूरी है।

इलेक्ट्रोलाइट्स बैलेंस

  • पसीने के साथ सिर्फ पानी ही नहीं, जरूरी मिनरल्स भी बाहर निकल जाते हैं।
  • अगर इनकी भरपाई न हो तो शरीर में कमजोरी, चक्कर और मसल क्रैम्प्स हो सकते हैं।
  • ऐसे फ्लूइड लेना जरूरी है, जो शरीर में इलेक्ट्रोलाइट्स का संतुलन बनाए रखें।

ग्राफिक में देखिए इसके लिए क्या करना चाहिए-

फूड हैबिट्स

  • गर्मियों में क्या खा रहे हैं, यह सीधे शरीर के टेम्परेचर पर असर डालता है।
  • हल्का, ताजा और पानी से भरपूर भोजन बॉडी को भीतर से ठंडा रखने में मदद करता है।
  • भारी और प्रोसेस्ड फूड शरीर में गर्मी और सुस्ती बढ़ा सकते हैं।

गर्मियों में कौन-से फूड्स खाने चाहिए, ग्राफिक में देखिए-

कूलिंग ड्रिंक्स

  • कूलिंग ड्रिंक्स गर्मियों में शरीर को तुरंत ठंडक और हाइड्रेशन देते हैं।
  • नेचुरल और घर के बने ड्रिंक्स शरीर को अंदर से कूल रखते हैं।
  • कोल्ड ड्रिंक्स, पैकेज्ड फ्रूट जूस, एनर्जी ड्रिंक्स शरीर को और डिहाइड्रेट कर सकते हैं।

ग्राफिक में देखिए क्या पीना चाहिए और क्या नहीं-

लाइफस्टाइल

  • रोजमर्रा की आदतें भी शरीर के तापमान पर बड़ा असर डालती हैं।
  • सही समय पर आराम, पर्याप्त नींद और घर का ठंडा माहौल बॉडी को ओवरहीट होने से बचाने में मदद करते हैं।
  • इससे पूरे दिन एनर्जी बनी रहती है।

ग्राफिक में देखिए लाइफस्टाइल में क्या बदलाव करना चाहिए-

ड्रेसिंग

  • गर्मियों में कपड़ों का चुनाव सिर्फ स्टाइल नहीं, बल्कि शरीर की कूलिंग से भी जुड़ा होता है।
  • सही फैब्रिक और फिटिंग वाले कपड़े हवा के फ्लो को बेहतर बनाते हैं।
  • इससे शरीर का तापमान संतुलित रहता है और पसीना भी आसानी से सूख जाता है।

इस मौसम में कैसे कपड़े पहनने चाहिए, ग्राफिक में देखिए-

सवाल- गर्मियों में किन लोगों को शरीर को ठंडा रखने पर ज्यादा ध्यान देना चाहिए?

जवाब- गर्मियों में कुछ लोगों को शरीर को ठंडा और हाइड्रेटेड रखने पर विशेष ध्यान देना जरूरी होता है, क्योंकि उन्हें हीट स्ट्रेस और डिहाइड्रेशन का जोखिम ज्यादा होता है। जैसे-

  • बच्चे (खासतौर पर छोटे बच्चे)
  • बुजुर्ग
  • प्रेग्नेंट महिलाएं।
  • आउटडोर वर्कर्स, जैसे- मजदूर, ट्रैफिक पुलिस, डिलीवरी स्टाफ।
  • जिन्हें कोई क्रॉनिक डिजीज है।
  • जिन्हें ज्यादा पसीना आता है।
  • जिन्हें पहले ही डिहाइड्रेशन या हीट स्ट्रोक हो चुका हो।
  • जो ज्यादा एक्सरसाइज/जिम करते हैं।

सवाल- कौन सी गलत आदतें शरीर की गर्मी बढ़ा देती हैं?

जवाब- लाइफस्टाइल और खानपान से जुड़ी गलत आदतें शरीर के कूलिंग सिस्टम को कमजोर कर देती हैं। इन आदतों से डिहाइड्रेशन, थकान और ओवरहीटिंग का खतरा बढ़ जाता है-

  • कम पानी पीना।
  • ज्यादा कैफीन लेना।
  • ज्यादा स्ट्रेस लेना।
  • बहुत ज्यादा मसालेदार और तला भुना खाना।
  • लंबे समय तक धूप में रहना।
  • भरपूर नींद न लेना।
  • टाइट और सिंथेटिक कपड़े पहनना।
  • बहुत ज्यादा एक्सरसाइज या ओवरएक्सर्शन।
  • बार-बार कोल्ड ड्रिंक्स या शुगरी ड्रिंक्स लेना।

सवाल- ऊपर शरीर को ठंडा रखने के जो प्राकृतिक तरीके बताए गए हैं, क्या उन्हें फॉलो करने से गर्मी से जुड़ी हेल्थ प्रॉब्लम्स का रिस्क भी कम होता है?

जवाब– हां, सही हाइड्रेशन, कूलिंग फूड्स, इलेक्ट्रोलाइट बैलेंस और संतुलित लाइफस्टाइल अपनाने से शरीर का तापमान नियंत्रित रहता है और गर्मी से जुड़ी कई समस्याओं का जोखिम कम हो जाता है। गर्मियों में होने वाली समस्याएं और उनसे बचाव इस तरह समझें-

हीट स्ट्रोक- शरीर का तापमान खतरनाक स्तर तक बढ़ जाता है।

बचाव- तेज धूप से बचें और शरीर को ठंडा व हाइड्रेटेड रखें।

हीट एक्जॉशन- ज्यादा पसीना, कमजोरी और चक्कर आते हैं।

बचाव- समय-समय पर आराम करें और इलेक्ट्रोलाइट्स लेते रहें।

डिहाइड्रेशन- शरीर में पानी की कमी हो जाती है।

बचाव- दिनभर नियमित अंतराल पर पानी और फ्लूइड्स लेते रहें।

हीट क्रैम्प्स- ज्यादा गर्मी और पसीने के वजह से मांसपेशियों में ऐंठन होती है।

बचाव- नारियल पानी, छाछ या नमक-चीनी का घोल लें।

सनबर्न- स्किन तेज धूप में जलकर लाल हो जाती है।

बचाव- धूप में निकलते समय सनस्क्रीन और कवरिंग का इस्तेमाल करें।

घमौरियां- पसीने से स्किन पर दाने और खुजली होती है।

बचाव- ढीले कॉटन कपड़े पहनें और स्किन को सूखा रखें।

फूड पॉइजनिंग- गर्मी के कारण बैक्टीरिया (जैसे स्टैफिलोकोकस, सलमोनेला, ई.कोलाई) तेजी से बढ़ते हैं और खाना जल्दी खराब हो जाता है। ऐसा खाना खाने से उल्टी, दस्त, पेट दर्द, बुखार आदि लक्षण होते हैं।

बचाव- हमेशा ताजा और साफ खाना खाएं।

लो ब्लड प्रेशर- ज्यादा पसीने से BP लो हो सकता है।

बचाव- पानी और नमक का संतुलन बनाए रखें।

चक्कर, थकान और कमजोरी- शरीर में पानी और एनर्जी की कमी से ये समस्या होती है।

बचाव- फल, पानी और हल्का भोजन नियमित लेते रहें।

मसल्स पेन- इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन से मांसपेशियों में दर्द होता है।

बचाव- पर्याप्त हाइड्रेशन और मिनरल्स लें।

आंखों में जलन- धूप और लू के कारण आंखों में इरिटेशन होता है।

बचाव- सनग्लासेस पहनें और आंखों को ठंडक दें।

…………………………….

जरूरत की ये खबर भी पढ़ें…

जरूरत की खबर- गर्मी में 5 कारणों से बढ़ता डिहाइड्रेशन:ये संकेत दिखें तो इग्नोर न करें, पूरी गर्मियां फॉलो करें 10 जरूरी नियम

गर्मियों में पसीना ज्यादा आता है। इसलिए शरीर की पानी की जरूरत बढ़ जाती है। अगर पानी की ये अतिरिक्त जरूरत पूरी न की जाए तो डिहाइड्रेशन हो सकता है।

डिहाइड्रेशन यानी शरीर में पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी। इसका सीधा प्रभाव शरीर के सभी अंगों पर पड़ता है। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.