Sunday, 31 May 2026 | 03:02 PM

Trending :

EXCLUSIVE

एमपी में मकान बनाना 35% तक महंगा:सीमेंट-ईंट, टाइल्स-सेनेटरी आइटम्स के रेट बढ़े, 1 हजार वर्गफीट पर मकान बनाने की लागत अब 16 लाख रुपए

एमपी में मकान बनाना 35% तक महंगा:सीमेंट-ईंट, टाइल्स-सेनेटरी आइटम्स के रेट बढ़े, 1 हजार वर्गफीट पर मकान बनाने की लागत अब 16 लाख रुपए

ईरान-इजराइल और अमेरिका युद्ध का असर अब आम आदमी की रसोई तक सीमित नहीं रहा। यह घर के सपने पर भी भारी पड़ रहा है। युद्ध की वजह से मकान निर्माण सामग्री की कीमतों में आई तेजी ने मध्यम वर्ग की चिंता बढ़ा दी है। भास्कर की पड़ताल में सामने आया कि पेंट, टाइल्स, वायरिंग, बाथरूम फिटिंग, पाइप फिटिंग, सीमेंट और सरिया के दाम बढ़ चुके हैं। इससे एक हजार स्क्वायर फीट पर मकान बनाने की लागत औसतन 30 से 35 फीसदी बढ़ गई है। एक्सपर्ट के मुताबिक इसमें आगे भी बढ़ोतरी की आशंका है। इस केस स्टडी से समझिए मकान बनाने की लागत कैसे बढ़ी है… 1 हजार स्क्वायर फीट पर लागत 3.5 लाख रुपए बढ़ी
इंदौर की एक निजी कंपनी के कर्मचारी रमेश कुमार ने पिछले साल 1000 वर्गफीट का घर बनाने की योजना बनाई थी। उस समय अनुमानित लागत 12.5 लाख रुपए थी। लेकिन निर्माण के आखिरी चरण तक पहुंचते-पहुंचते यह लागत बढ़कर 16 लाख रुपए से अधिक हो गई। यानी करीब 3.5 लाख रुपए का अतिरिक्त बोझ उन पर आ गया। अब जानिए किस सेक्टर पर क्या असर पड़ा 1.टाइल्स और सेनेटरी : मोरबी के प्लांट बंद, सप्लाई चेन टूटी
देश की 80% टाइल्स सप्लाई करने वाले मोरबी (गुजरात) के लगभग 90% प्लांट बंद होने की कगार पर हैं। कच्चे माल की कमी और गैस की बढ़ती कीमतों ने उत्पादन ठप कर दिया है। इसका असर यह हुआ कि 2×4 साइज की टाइल्स, जो 32 रुपए में मिलती थी, अब 45 रुपए तक पहुंच गई है। टाइल्स एंड सेनेटरी वेयर व्यापारी एसोसिएशन के सचिव प्रेम माहेश्वरी के अनुसार यदि युद्ध जारी रहा तो अगले 15 दिनों में कीमतों में 20-30 पर्सेंट का और उछाल आ सकता है। ग्राहक को उपलब्ध स्टॉक में से ही चुनाव करना पड़ रहा है। 2. इलेक्ट्रिकल फिटिंग – कॉपर और एल्युमिनियम के दाम 35% बढ़े
महारानी रोड ट्रेड एसोसिएशन के अध्यक्ष जितेंद्र रामनानी के अनुसार कच्चे माल के संकट ने बिजली के सामान को 35% तक महंगा कर दिया है। एक एमएम वायर का बंडल 990 रुपए से बढ़कर 1560 रुपए हो गया है। पंखे, एलईडी और स्विच प्लेट्स की कीमतों में औसतन 400 से 500 रुपए की बढ़ोतरी हुई है। रामनानी के मुताबिक जो काम पहले 10 लाख में हो रहा था, अब 15 लाख में हो रहा है। कॉपर और एल्युमिनियम में तेजी है। बाजार में कैश फ्लो की कमी है। आने वाले दिनों में दाम और बढ़ेंगे। 3. प्लंबरिंग और बाथरूम फिटिंग पर क्रूड ऑयल और ब्रास का असर
पीवीसी का सीधा संबंध क्रूड ऑयल (कच्चा तेल) से है। तेल महंगा होने से पाइप भी महंगा हुआ है। 350 रुपए वाला सीपीवीसी पाइप अब 490 रुपए में मिल रहा है। आयात रुकने से नल और डायवर्टर के दाम 25 से 40% बढ़ गए हैं। सेनेटरी एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष सुनील गोयल के अनुसार बाथरूम फिटिंग ब्रास से बनती है और इसका कच्चा माल देश में सीमित है। युद्ध की वजह से ब्रास आयटमों में करीब 25 परसेंट रेट बढ़े हैं। पीवीसी पाइप-फिटिंग के रेट भी बढ़ गए हैं। 4. रंग रोगन करवाना भी हुआ महंगा
इंदौर सियागंज के पेंट्स कारोबारी गुलाम अली के अनुसार कच्चे माल के रेट रोज बढ़ रहे हैं। कंपनी लेवल पर प्रीमियम सेगमेंट के प्रोडक्ट के रेट में करीब 50 रुपए प्रति लीटर बढ़ोतरी हुई है। रेट बढ़ने के साथ सप्लाई भी शॉर्ट है। सप्लाई पूरी नहीं हो पा रही है। आम आदमी की जेब पर ‘दोहरी मार’
सीमेंट पर जीएसटी का गणित भी ग्राहकों को परेशान कर रहा है। व्यापारियों के अनुसार जीएसटी 28% से घटकर 18% होने के बावजूद कीमतें फिर वहीं आ गई हैं। यानी टैक्स कम होने का लाभ महंगाई ने निगल लिया है। मकान बना रहे हैं तो 30 पर्सेंट का बफर लेकर चलें
इंदौर के बाजारों में इस समय ‘वेट एंड वॉच’ की स्थिति है। बाजार में कैश फ्लो की कमी से व्यापारी परेशान हैं, और ग्राहक का होम लोन व बजट छोटे पड़ रहे हैं। मकान बनाने की योजना बना रहे लोग बजट में 30 पर्सेंट का ‘बफर’ लेकर चलें, वरना फिनिशिंग के वक्त काम रोकना पड़ सकता है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
महिला आरक्षण बिल पर उज्जैन नगर निगम में नोकझोंक:समर्थन में धन्यवाद प्रस्ताव पारित, कांग्रेस का वॉकआउट

April 17, 2026/
11:26 pm

उज्जैन नगर निगम के विशेष सत्र में नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर तीखी बहस हुई। भाजपा ने बिल के...

देवास में 3 वाहनों की टक्कर:कार के पिछले हिस्से में घुसी बाइक, कांच से टकराने पर युवक को आए 10 टांके

April 14, 2026/
1:06 pm

देवास शहर में ट्रैफिक थाने के सामने मंगलवार सुबह करीब 9:30 बजे स्कूटर, कार और बाइक की आपस में टक्कर...

कांग्रेस बोली- किसान कल्याण नहीं किसान शोषण वर्ष मना रहे:खाद्य मंत्री राजपूत ने कहा- पश्चिम एशिया में युद्ध के हालातों के बाद भी 78 लाख मीट्रिक टन खरीदी करेंगे

April 3, 2026/
10:38 pm

बारदानों की कमी को लेकर कांग्रेस के हमले के बीच खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत...

तस्वीर का विवरण

May 9, 2026/
5:01 pm

सामग्री: 2 कप ताजा और स्ट्रॉबेरी दही, 3 से 4 पेड़े, 2 बड़े चीनी चीनी, 1/2 कप ठंडा दूध, 5-6...

चेस में ‘चीटिंग’ का सस्पेंस:हार से बौखलाए कार्लसन भिड़ने पहुंच गए थे नीमन से, 4 साल बाद भी नहीं मिला बेईमानी का सबूत

April 11, 2026/
2:58 pm

शतरंज की बिसात पर मोहरे अक्सर गहरी खामोशी व एकाग्रता के साथ चले जाते हैं। लेकिन 2022 में एक ऐसी...

पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: 'बंगाल के लोगों को भूख लगती है मोदी सरकार', केंद्र पर अभिषेक बनर्जी ने कहा- झूठ बोला तो दो मुझे जेल भेज दिया

April 5, 2026/
11:14 pm

त्वरित पढ़ें दिखाएँ एआई द्वारा उत्पन्न मुख्य बिंदु, न्यूज़ रूम द्वारा सत्यापित पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले ऑर्थोडॉक्स कांग्रेस...

Iran Missile Downs US Jet

April 4, 2026/
1:07 pm

वॉशिंगटन डीसी/तेहरान15 मिनट पहले कॉपी लिंक रिप्रेजेंटेटिव वीडियो ईरान जंग के एक महीने पूरे होने के बाद ट्रम्प ने 2...

राजनीति

एमपी में मकान बनाना 35% तक महंगा:सीमेंट-ईंट, टाइल्स-सेनेटरी आइटम्स के रेट बढ़े, 1 हजार वर्गफीट पर मकान बनाने की लागत अब 16 लाख रुपए

एमपी में मकान बनाना 35% तक महंगा:सीमेंट-ईंट, टाइल्स-सेनेटरी आइटम्स के रेट बढ़े, 1 हजार वर्गफीट पर मकान बनाने की लागत अब 16 लाख रुपए

ईरान-इजराइल और अमेरिका युद्ध का असर अब आम आदमी की रसोई तक सीमित नहीं रहा। यह घर के सपने पर भी भारी पड़ रहा है। युद्ध की वजह से मकान निर्माण सामग्री की कीमतों में आई तेजी ने मध्यम वर्ग की चिंता बढ़ा दी है। भास्कर की पड़ताल में सामने आया कि पेंट, टाइल्स, वायरिंग, बाथरूम फिटिंग, पाइप फिटिंग, सीमेंट और सरिया के दाम बढ़ चुके हैं। इससे एक हजार स्क्वायर फीट पर मकान बनाने की लागत औसतन 30 से 35 फीसदी बढ़ गई है। एक्सपर्ट के मुताबिक इसमें आगे भी बढ़ोतरी की आशंका है। इस केस स्टडी से समझिए मकान बनाने की लागत कैसे बढ़ी है… 1 हजार स्क्वायर फीट पर लागत 3.5 लाख रुपए बढ़ी
इंदौर की एक निजी कंपनी के कर्मचारी रमेश कुमार ने पिछले साल 1000 वर्गफीट का घर बनाने की योजना बनाई थी। उस समय अनुमानित लागत 12.5 लाख रुपए थी। लेकिन निर्माण के आखिरी चरण तक पहुंचते-पहुंचते यह लागत बढ़कर 16 लाख रुपए से अधिक हो गई। यानी करीब 3.5 लाख रुपए का अतिरिक्त बोझ उन पर आ गया। अब जानिए किस सेक्टर पर क्या असर पड़ा 1.टाइल्स और सेनेटरी : मोरबी के प्लांट बंद, सप्लाई चेन टूटी
देश की 80% टाइल्स सप्लाई करने वाले मोरबी (गुजरात) के लगभग 90% प्लांट बंद होने की कगार पर हैं। कच्चे माल की कमी और गैस की बढ़ती कीमतों ने उत्पादन ठप कर दिया है। इसका असर यह हुआ कि 2×4 साइज की टाइल्स, जो 32 रुपए में मिलती थी, अब 45 रुपए तक पहुंच गई है। टाइल्स एंड सेनेटरी वेयर व्यापारी एसोसिएशन के सचिव प्रेम माहेश्वरी के अनुसार यदि युद्ध जारी रहा तो अगले 15 दिनों में कीमतों में 20-30 पर्सेंट का और उछाल आ सकता है। ग्राहक को उपलब्ध स्टॉक में से ही चुनाव करना पड़ रहा है। 2. इलेक्ट्रिकल फिटिंग – कॉपर और एल्युमिनियम के दाम 35% बढ़े
महारानी रोड ट्रेड एसोसिएशन के अध्यक्ष जितेंद्र रामनानी के अनुसार कच्चे माल के संकट ने बिजली के सामान को 35% तक महंगा कर दिया है। एक एमएम वायर का बंडल 990 रुपए से बढ़कर 1560 रुपए हो गया है। पंखे, एलईडी और स्विच प्लेट्स की कीमतों में औसतन 400 से 500 रुपए की बढ़ोतरी हुई है। रामनानी के मुताबिक जो काम पहले 10 लाख में हो रहा था, अब 15 लाख में हो रहा है। कॉपर और एल्युमिनियम में तेजी है। बाजार में कैश फ्लो की कमी है। आने वाले दिनों में दाम और बढ़ेंगे। 3. प्लंबरिंग और बाथरूम फिटिंग पर क्रूड ऑयल और ब्रास का असर
पीवीसी का सीधा संबंध क्रूड ऑयल (कच्चा तेल) से है। तेल महंगा होने से पाइप भी महंगा हुआ है। 350 रुपए वाला सीपीवीसी पाइप अब 490 रुपए में मिल रहा है। आयात रुकने से नल और डायवर्टर के दाम 25 से 40% बढ़ गए हैं। सेनेटरी एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष सुनील गोयल के अनुसार बाथरूम फिटिंग ब्रास से बनती है और इसका कच्चा माल देश में सीमित है। युद्ध की वजह से ब्रास आयटमों में करीब 25 परसेंट रेट बढ़े हैं। पीवीसी पाइप-फिटिंग के रेट भी बढ़ गए हैं। 4. रंग रोगन करवाना भी हुआ महंगा
इंदौर सियागंज के पेंट्स कारोबारी गुलाम अली के अनुसार कच्चे माल के रेट रोज बढ़ रहे हैं। कंपनी लेवल पर प्रीमियम सेगमेंट के प्रोडक्ट के रेट में करीब 50 रुपए प्रति लीटर बढ़ोतरी हुई है। रेट बढ़ने के साथ सप्लाई भी शॉर्ट है। सप्लाई पूरी नहीं हो पा रही है। आम आदमी की जेब पर ‘दोहरी मार’
सीमेंट पर जीएसटी का गणित भी ग्राहकों को परेशान कर रहा है। व्यापारियों के अनुसार जीएसटी 28% से घटकर 18% होने के बावजूद कीमतें फिर वहीं आ गई हैं। यानी टैक्स कम होने का लाभ महंगाई ने निगल लिया है। मकान बना रहे हैं तो 30 पर्सेंट का बफर लेकर चलें
इंदौर के बाजारों में इस समय ‘वेट एंड वॉच’ की स्थिति है। बाजार में कैश फ्लो की कमी से व्यापारी परेशान हैं, और ग्राहक का होम लोन व बजट छोटे पड़ रहे हैं। मकान बनाने की योजना बना रहे लोग बजट में 30 पर्सेंट का ‘बफर’ लेकर चलें, वरना फिनिशिंग के वक्त काम रोकना पड़ सकता है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.