Wednesday, 04 Nov 2026 | 09:46 AM

Trending :

Indore Kidnapping Boys Rescued | Friends Help Leads Police to Accused

Indore Kidnapping Boys Rescued | Friends Help Leads Police to Accused

इंदौर के लालाराम नगर क्षेत्र में गुरुवार देर शाम नैतिक (9) और सम्राट (11) के अपहरण के मामले में पुलिस ने महज 7 घंटे में आरोपियों को गिरफ्तार कर बड़ा खुलासा किया है। अपहरण की साजिश बेरोजगारी और जल्दी पैसा कमाने की चाह में पड़ोसियों ने ही रची थी। पुलिस

.

साजिश के मास्टरमाइंड तिलक नगर एक्सटेंशन निवासी विनीत (22) और उसकी बहन राधिका प्रजापति (19) हैं। उन्होंने अपने दोस्त ललित सेन (21) और उसकी पत्नी तनीषा (20) के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम दिया।

आरोपियों ने गार्डन में खेलने आने वाले बच्चों को निशाना बनाया और फिरौती वसूलने के लिए कई दिनों तक रेकी की। हालांकि, राधिका ने रेकी के बाद तनीषा को गार्डन के सामने रहने वाले एक बड़े परिवार के दो बच्चों को उठाने के लिए कहा था, लेकिन वह धोखे में दूसरे परिवार के बच्चों का अपहरण कर अपने साथ ले गई। आरोपी अपहरण के बाद भी बच्चों के परिवार की आर्थिक स्थिति का सही अंदाजा नहीं लगा सके।

पूरे मामले का खुलासा नैतिक उर्फ डग्गू के चचेरे भाई ध्रुव की सतर्कता से हुआ। उसकी होशियारी से समय रहते परिवार और पुलिस सक्रिय हो गई और दोनों बच्चों को सुरक्षित छुड़ा लिया गया।

गार्डन में वापस लौटा तो नैतिक नहीं मिला

पलासिया इलाके के तिरुपति बगीचे के पास रहने वाले नैतिक के चचेरे भाई ध्रुव ने बताया कि वह करीब 10 मिनट पहले तक बगीचे में ही खेल रहा था। इसी दौरान उसने पेट दर्द होने की बात कहकर घर जाने की बात कही। उसने नैतिक से भी साथ चलने को कहा, लेकिन नैतिक ने 10 मिनट बाद आने की बात कही।

जब वह वापस नहीं आया तो ध्रुव दोबारा बगीचे पहुंचा। वहां उसे एक दोस्त बाहर आता मिला। उससे नैतिक के बारे में पूछने पर उसने बताया कि पिछले दो दिनों से बगीचे में आ रही एक महिला नैतिक को अपने साथ ले गई है और सम्राट भी उसके साथ गया है।

इसके बाद ध्रुव घर पहुंचा और अपने पिता राहुल सोनकर को जानकारी दी। फिर वह चाची के पास बुटीक पर गया और पूरी घटना से अवगत कराया।

पुलिस ने वारदात के 7 घंटों में ही दोनों बच्चों को बरामद कर लिया।

पड़ोसी के कैमरे में कैद हुए आरोपी

नैतिक की मां पूजा ने बताया कि जब ध्रुव ने उन्हें घटना की जानकारी दी, तो उन्होंने पहले आसपास तलाश शुरू की। पास ही कशिश मैडम का घर है। वहां लगे सीसीटीवी कैमरे देखने पर नैतिक और सम्राट एक महिला के साथ जाते हुए नजर आए। इसके बाद परिवार को अपहरण की आशंका हुई और उन्होंने तुरंत पुलिस से संपर्क किया।

पूजा ने बताया कि बेटे नैतिक को उनका मोबाइल नंबर याद था। उसने अपहरणकर्ताओं को नंबर दे दिया, जिसके बाद उनके पास फिरौती के लिए कॉल आया।

सम्राट के परिवार को नहीं थी जानकारी

सम्राट का घर गार्डन से कुछ दूरी पर है, इसलिए उसकी मां उर्मिला को शुरुआत में इस बात की जानकारी नहीं थी कि उनका बेटा लापता है। बाद में नैतिक के परिवार से उन्हें पता चला कि सम्राट का भी अपहरण हो गया है।

उर्मिला ने बताया कि करीब रात 9 बजे उनके पास कॉल आया, जिसके बाद वह घबरा गईं और बेटे को ढूंढने के लिए लोगों से मदद मांगने लगीं। बाद में पुलिस ने उन्हें भरोसा दिलाया कि वे लगातार प्रयास कर रही हैं और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। सम्राट उनका इकलौता बेटा है, जो छठी कक्षा में पढ़ता है।

सीसीटीवी फुटेज में जींस पहने युवती दोनों बच्चों को अपने साथ ले जाती दिखी थी।

सीसीटीवी फुटेज में जींस पहने युवती दोनों बच्चों को अपने साथ ले जाती दिखी थी।

बेड पर बैठाया, सेवइयां खिलाईं, डराया भी

नैतिक ने बताया कि तनीषा उसे कार में अपने साथ ले गई थी। वहां एक कमरे में ले जाकर उसे सोफे पर बैठा दिया। इस दौरान वह जानवर दिलाने की बात करती रही। जब उसे भूख लगी तो सेवइयां बनाकर खिलाईं। मोबाइल पर गेम भी खेलने दिया।

नैतिक के मुताबिक, रात में आरोपियों ने कहा कि उनके पिता से बात हो चुकी है और वे लेने आ रहे हैं। यह भी कहा कि उन्हें जानवर देकर घर भेज दिया जाएगा, लेकिन जब काफी देर हो गई तो दोनों बच्चे घर जाने की जिद करने लगे। इस पर राधिका और तनीषा ने उन्हें डराया कि अगर पैसे नहीं मिले तो उन्हें नुकसान पहुंचाया जाएगा।

जब पुलिस पहुंची तो राधिका ने बच्चों को यह कहकर छिपा दिया कि “गुंडे आ गए हैं, चादर ओढ़कर छिप जाओ और कुछ मत बोलना।” डर के कारण दोनों बच्चे गैलरी में छिपे रहे।

शॉर्ट एनकाउंटर के थे निर्देश

सीपी संतोष सिंह पूरी रात अपने ऑफिस में मौजूद रहे और पल-पल की मूवमेंट की जानकारी लेते रहे। मोबाइल लोकेशन मिलने के बाद सबसे पहले द्वारकापुरी पुलिस से संपर्क किया गया। इसके बाद दत्त नगर की लोकेशन सामने आई, जो राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र में आती है। तुरंत एक टीम वहां रवाना की गई।

पुलिसकर्मी सादे कपड़ों में इलाके में निगरानी करते रहे। जैसे ही सही संकेत मिला, अधिकारियों के साथ मौके पर दबिश दी गई। सीपी ने आरोपियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए शॉर्ट एनकाउंटर तक के निर्देश दिए थे। यदि आरोपी रेत मंडी इलाके में फिरौती लेने आते तो पुलिस उन्हें मौके पर ही गोली मार सकती थी।

नौकरी छूटने के बाद पैसों के लिए ढूंढा रास्ता

मास्टरमाइंड आरोपी विनीत जिस कंपनी में काम करता था, वह फर्जी निकली और उसे वेतन नहीं मिला। वह 6 महीनों से बेरोजगार था। उस पर डेढ़ साल का मकान किराया भी बकाया था। आर्थिक तंगी और कर्ज के दबाव में आकर उसने यह कदम उठाया। उसकी बहन राधिका टेलीकॉलिंग का काम करती थी।

पहले वह राधिका के साथ एक ही कमरे में रहता था, लेकिन ललित से शादी के बाद उसने अलग कमरा ले लिया। ललित पेशे से ड्राइवर है, लेकिन पिछले छह महीनों से बेरोजगार था, जिसके चलते उसे पैसों की जरूरत थी।

तनीषा भी पहले फ्लिपकार्ट कंपनी में काम करती थी, लेकिन कुछ समय से वह कपड़ों की दुकान पर सेल्समैन का काम कर रही थी। वहां भी उसका काम ठीक नहीं चल रहा था।

ज्वेलरी शॉप लूटने का भी बना चुके थे प्लान

चारों आरोपी आपस में पहले से परिचित थे। ये आरोपी 8 दिन पहले एक ज्वेलरी शॉप लूटने की योजना बना चुके थे, लेकिन सफल नहीं हो पाए। इसके बाद उन्होंने बच्चों के अपहरण का प्लान बनाया।

आरोपियों को गिरफ्तार कर थाने लाया गया।

आरोपियों को गिरफ्तार कर थाने लाया गया।

सहेली से पूछा था शॉर्टकट का रास्ता

पुलिस के अनुसार, राधिका और तनीषा आपस में अच्छी दोस्त हैं। तनीषा ने राधिका से जल्दी पैसा कमाने का शॉर्टकट तरीका पूछा था। इस पर राधिका ने बताया कि जिस इलाके में वह रहती है, वहां आसपास के गार्डनों में अच्छे घरों के बच्चे खेलने आते हैं।

इसके बाद दोनों ने बच्चों का अपहरण कर फिरौती वसूलने की साजिश बनाई। हालांकि, वे नैतिक और सम्राट के परिवार की आर्थिक स्थिति का सही अंदाजा नहीं लगा पाईं और यह नहीं जान सकीं कि दोनों ही मजदूर वर्ग से जुड़े परिवारों के बच्चे हैं।

पक्षी-जानवर दिखाने के बहाने ले गई थी लड़की

नैतिक के पिता जूस का ठेला लगाते हैं, जबकि सम्राट के पिता ढोलक बजाने का काम करते हैं। उन्होंने कहा, “आरोपी लड़की बच्चों को पक्षी-जानवर दिखाने के बहाने ले गई थी। सभी आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए।”

पुलिस को संदेह तब हुआ, जब एक फ्लैट की लाइट बार-बार जल-बुझ रही थी और अंदर से हलचल दिख रही थी। इसके बाद टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए फ्लैट में छापा मारा और चारों आरोपियों को पकड़ लिया।

घटनाक्रम से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें…

इंदौर पुलिस ने सात घंटे में अगवा बच्चों को ढूंढा

पुलिस ने दोनों बच्चों को परिजन को सौंप दिया है।

पुलिस ने दोनों बच्चों को परिजन को सौंप दिया है।

इंदौर पुलिस ने तिरुपति गार्डन से अगवा दोनों बच्चों को गुरुवार देर रात करीब दो बजे सुरक्षित बरामद कर लिया। मामले में एक दंपती, एक युवक और एक युवती को गिरफ्तार किया गया है। युवक-युवती आपस में भाई-बहन हैं। पढ़ें पूरी खबर…

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
न्यूजीलैंड vs आयरलैंड पहला टेस्ट:न्यूजीलैंड ने पहले दिन 361 रन बनाए, रचिन-ब्लंडेल के बीच 217 रन की पार्टनरशिप; ब्लंडेल 142 पर नाबाद

May 28, 2026/
11:32 am

न्यूजीलैंड ने आयरलैंड के खिलाफ पहले टेस्ट के पहले दिन 5 विकेट पर 361 रन बनाए। टॉम ब्लंडेल 142 और...

authorimg

May 17, 2026/
2:36 pm

Last Updated:May 17, 2026, 14:36 IST GYM Care Tips: बॉडी बिल्डिंग करने वाले लोग अक्सर जिम में स्टेरॉयड, इंजेक्शन या...

मेरी हालत भी राजपाल यादव जैसी होगी:मोनालिसा के फिल्म डायरेक्टर बोले- फिल्म रिलीज कैसे करूं, मेरी हीरोइन का ही धर्मांतरण हो गया

March 13, 2026/
7:36 am

मोनालिसा- उसे नहीं पता उसकी जिंदगी में तूफान आने वाला है। कुंभ गर्ल के नाम से मशहूर हुई मोनालिसा पर...

अमेरिका में यात्री को फ्लाइट में टेप से बांधा:मारपीट और हंगामा कर रहा था, विमान की इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी

September 7, 2026/
10:50 am

अमेरिका में अमेरिकन एयरलाइंस की एक फ्लाइट में 67 साल के यात्री ने अचानक हंगामा शुरू कर दिया। उसने पहले...

होटल चेक-इन: होटल में हमेशा चेक-इन दोपहर 2 बजे ही क्यों होता है? जानिए क्यों आपको कमरे के लिए इंतजार करना पड़ रहा है

April 23, 2026/
1:04 pm

होटल चेक-इन: जब भी हम किसी ट्रिप की तैयारी करते हैं तो सबसे पहले होटल कोचिंग का काम करते हैं।...

तस्वीर का विवरण

June 11, 2026/
9:24 pm

सामग्री: 500 ग्राम चिकन, 2 कप बासमती चावल, 2 प्याज, 2 टमाटर, 1 कप दही, 2 हरी मिर्च, 1 अदरक-लहसुन...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

Indore Kidnapping Boys Rescued | Friends Help Leads Police to Accused

Indore Kidnapping Boys Rescued | Friends Help Leads Police to Accused

इंदौर के लालाराम नगर क्षेत्र में गुरुवार देर शाम नैतिक (9) और सम्राट (11) के अपहरण के मामले में पुलिस ने महज 7 घंटे में आरोपियों को गिरफ्तार कर बड़ा खुलासा किया है। अपहरण की साजिश बेरोजगारी और जल्दी पैसा कमाने की चाह में पड़ोसियों ने ही रची थी। पुलिस

.

साजिश के मास्टरमाइंड तिलक नगर एक्सटेंशन निवासी विनीत (22) और उसकी बहन राधिका प्रजापति (19) हैं। उन्होंने अपने दोस्त ललित सेन (21) और उसकी पत्नी तनीषा (20) के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम दिया।

आरोपियों ने गार्डन में खेलने आने वाले बच्चों को निशाना बनाया और फिरौती वसूलने के लिए कई दिनों तक रेकी की। हालांकि, राधिका ने रेकी के बाद तनीषा को गार्डन के सामने रहने वाले एक बड़े परिवार के दो बच्चों को उठाने के लिए कहा था, लेकिन वह धोखे में दूसरे परिवार के बच्चों का अपहरण कर अपने साथ ले गई। आरोपी अपहरण के बाद भी बच्चों के परिवार की आर्थिक स्थिति का सही अंदाजा नहीं लगा सके।

पूरे मामले का खुलासा नैतिक उर्फ डग्गू के चचेरे भाई ध्रुव की सतर्कता से हुआ। उसकी होशियारी से समय रहते परिवार और पुलिस सक्रिय हो गई और दोनों बच्चों को सुरक्षित छुड़ा लिया गया।

गार्डन में वापस लौटा तो नैतिक नहीं मिला

पलासिया इलाके के तिरुपति बगीचे के पास रहने वाले नैतिक के चचेरे भाई ध्रुव ने बताया कि वह करीब 10 मिनट पहले तक बगीचे में ही खेल रहा था। इसी दौरान उसने पेट दर्द होने की बात कहकर घर जाने की बात कही। उसने नैतिक से भी साथ चलने को कहा, लेकिन नैतिक ने 10 मिनट बाद आने की बात कही।

जब वह वापस नहीं आया तो ध्रुव दोबारा बगीचे पहुंचा। वहां उसे एक दोस्त बाहर आता मिला। उससे नैतिक के बारे में पूछने पर उसने बताया कि पिछले दो दिनों से बगीचे में आ रही एक महिला नैतिक को अपने साथ ले गई है और सम्राट भी उसके साथ गया है।

इसके बाद ध्रुव घर पहुंचा और अपने पिता राहुल सोनकर को जानकारी दी। फिर वह चाची के पास बुटीक पर गया और पूरी घटना से अवगत कराया।

पुलिस ने वारदात के 7 घंटों में ही दोनों बच्चों को बरामद कर लिया।

पड़ोसी के कैमरे में कैद हुए आरोपी

नैतिक की मां पूजा ने बताया कि जब ध्रुव ने उन्हें घटना की जानकारी दी, तो उन्होंने पहले आसपास तलाश शुरू की। पास ही कशिश मैडम का घर है। वहां लगे सीसीटीवी कैमरे देखने पर नैतिक और सम्राट एक महिला के साथ जाते हुए नजर आए। इसके बाद परिवार को अपहरण की आशंका हुई और उन्होंने तुरंत पुलिस से संपर्क किया।

पूजा ने बताया कि बेटे नैतिक को उनका मोबाइल नंबर याद था। उसने अपहरणकर्ताओं को नंबर दे दिया, जिसके बाद उनके पास फिरौती के लिए कॉल आया।

सम्राट के परिवार को नहीं थी जानकारी

सम्राट का घर गार्डन से कुछ दूरी पर है, इसलिए उसकी मां उर्मिला को शुरुआत में इस बात की जानकारी नहीं थी कि उनका बेटा लापता है। बाद में नैतिक के परिवार से उन्हें पता चला कि सम्राट का भी अपहरण हो गया है।

उर्मिला ने बताया कि करीब रात 9 बजे उनके पास कॉल आया, जिसके बाद वह घबरा गईं और बेटे को ढूंढने के लिए लोगों से मदद मांगने लगीं। बाद में पुलिस ने उन्हें भरोसा दिलाया कि वे लगातार प्रयास कर रही हैं और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। सम्राट उनका इकलौता बेटा है, जो छठी कक्षा में पढ़ता है।

सीसीटीवी फुटेज में जींस पहने युवती दोनों बच्चों को अपने साथ ले जाती दिखी थी।

सीसीटीवी फुटेज में जींस पहने युवती दोनों बच्चों को अपने साथ ले जाती दिखी थी।

बेड पर बैठाया, सेवइयां खिलाईं, डराया भी

नैतिक ने बताया कि तनीषा उसे कार में अपने साथ ले गई थी। वहां एक कमरे में ले जाकर उसे सोफे पर बैठा दिया। इस दौरान वह जानवर दिलाने की बात करती रही। जब उसे भूख लगी तो सेवइयां बनाकर खिलाईं। मोबाइल पर गेम भी खेलने दिया।

नैतिक के मुताबिक, रात में आरोपियों ने कहा कि उनके पिता से बात हो चुकी है और वे लेने आ रहे हैं। यह भी कहा कि उन्हें जानवर देकर घर भेज दिया जाएगा, लेकिन जब काफी देर हो गई तो दोनों बच्चे घर जाने की जिद करने लगे। इस पर राधिका और तनीषा ने उन्हें डराया कि अगर पैसे नहीं मिले तो उन्हें नुकसान पहुंचाया जाएगा।

जब पुलिस पहुंची तो राधिका ने बच्चों को यह कहकर छिपा दिया कि “गुंडे आ गए हैं, चादर ओढ़कर छिप जाओ और कुछ मत बोलना।” डर के कारण दोनों बच्चे गैलरी में छिपे रहे।

शॉर्ट एनकाउंटर के थे निर्देश

सीपी संतोष सिंह पूरी रात अपने ऑफिस में मौजूद रहे और पल-पल की मूवमेंट की जानकारी लेते रहे। मोबाइल लोकेशन मिलने के बाद सबसे पहले द्वारकापुरी पुलिस से संपर्क किया गया। इसके बाद दत्त नगर की लोकेशन सामने आई, जो राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र में आती है। तुरंत एक टीम वहां रवाना की गई।

पुलिसकर्मी सादे कपड़ों में इलाके में निगरानी करते रहे। जैसे ही सही संकेत मिला, अधिकारियों के साथ मौके पर दबिश दी गई। सीपी ने आरोपियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए शॉर्ट एनकाउंटर तक के निर्देश दिए थे। यदि आरोपी रेत मंडी इलाके में फिरौती लेने आते तो पुलिस उन्हें मौके पर ही गोली मार सकती थी।

नौकरी छूटने के बाद पैसों के लिए ढूंढा रास्ता

मास्टरमाइंड आरोपी विनीत जिस कंपनी में काम करता था, वह फर्जी निकली और उसे वेतन नहीं मिला। वह 6 महीनों से बेरोजगार था। उस पर डेढ़ साल का मकान किराया भी बकाया था। आर्थिक तंगी और कर्ज के दबाव में आकर उसने यह कदम उठाया। उसकी बहन राधिका टेलीकॉलिंग का काम करती थी।

पहले वह राधिका के साथ एक ही कमरे में रहता था, लेकिन ललित से शादी के बाद उसने अलग कमरा ले लिया। ललित पेशे से ड्राइवर है, लेकिन पिछले छह महीनों से बेरोजगार था, जिसके चलते उसे पैसों की जरूरत थी।

तनीषा भी पहले फ्लिपकार्ट कंपनी में काम करती थी, लेकिन कुछ समय से वह कपड़ों की दुकान पर सेल्समैन का काम कर रही थी। वहां भी उसका काम ठीक नहीं चल रहा था।

ज्वेलरी शॉप लूटने का भी बना चुके थे प्लान

चारों आरोपी आपस में पहले से परिचित थे। ये आरोपी 8 दिन पहले एक ज्वेलरी शॉप लूटने की योजना बना चुके थे, लेकिन सफल नहीं हो पाए। इसके बाद उन्होंने बच्चों के अपहरण का प्लान बनाया।

आरोपियों को गिरफ्तार कर थाने लाया गया।

आरोपियों को गिरफ्तार कर थाने लाया गया।

सहेली से पूछा था शॉर्टकट का रास्ता

पुलिस के अनुसार, राधिका और तनीषा आपस में अच्छी दोस्त हैं। तनीषा ने राधिका से जल्दी पैसा कमाने का शॉर्टकट तरीका पूछा था। इस पर राधिका ने बताया कि जिस इलाके में वह रहती है, वहां आसपास के गार्डनों में अच्छे घरों के बच्चे खेलने आते हैं।

इसके बाद दोनों ने बच्चों का अपहरण कर फिरौती वसूलने की साजिश बनाई। हालांकि, वे नैतिक और सम्राट के परिवार की आर्थिक स्थिति का सही अंदाजा नहीं लगा पाईं और यह नहीं जान सकीं कि दोनों ही मजदूर वर्ग से जुड़े परिवारों के बच्चे हैं।

पक्षी-जानवर दिखाने के बहाने ले गई थी लड़की

नैतिक के पिता जूस का ठेला लगाते हैं, जबकि सम्राट के पिता ढोलक बजाने का काम करते हैं। उन्होंने कहा, “आरोपी लड़की बच्चों को पक्षी-जानवर दिखाने के बहाने ले गई थी। सभी आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए।”

पुलिस को संदेह तब हुआ, जब एक फ्लैट की लाइट बार-बार जल-बुझ रही थी और अंदर से हलचल दिख रही थी। इसके बाद टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए फ्लैट में छापा मारा और चारों आरोपियों को पकड़ लिया।

घटनाक्रम से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें…

इंदौर पुलिस ने सात घंटे में अगवा बच्चों को ढूंढा

पुलिस ने दोनों बच्चों को परिजन को सौंप दिया है।

पुलिस ने दोनों बच्चों को परिजन को सौंप दिया है।

इंदौर पुलिस ने तिरुपति गार्डन से अगवा दोनों बच्चों को गुरुवार देर रात करीब दो बजे सुरक्षित बरामद कर लिया। मामले में एक दंपती, एक युवक और एक युवती को गिरफ्तार किया गया है। युवक-युवती आपस में भाई-बहन हैं। पढ़ें पूरी खबर…

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.