खरगोन जिले में समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी के दौरान किसान परेशानियों का सामना कर रहे हैं। खरीदी केंद्रों पर तौलकांटे और हम्मालों की कमी के कारण गेहूं की तुलाई में देरी हो रही है। किसानों को अपनी उपज तुलवाने के लिए कई दिनों तक इंतजार करना पड़ रहा है। किसानों का कहना है कि स्लॉट बुकिंग में समस्या आ रही है और उन्हें अपनी उपज तुलवाने में दो से तीन दिन लग रहे हैं। नागझिरी केंद्र पर चंदावड़ के किसान महेश नायक और प्रहलाद ने बताया कि केंद्र के अंदर और बाहर लगभग 45 वाहन खड़े हैं। उन्हें तीन दिन में गेहूं तुलने की उम्मीद है, और टोकन भी नहीं दिए जा रहे हैं। किसानों के अनुसार, उन्हें सरकार द्वारा दिए जा रहे बोनस से कई गुना अधिक भाड़ा चुकाना पड़ रहा है। कलेक्टर भव्या मित्तल ने गेहूं खरीदी की समीक्षा करते हुए प्रत्येक केंद्र पर छह तौलकांटे लगाने के निर्देश दिए हैं। हालांकि, स्थानीय स्तर पर हम्मालों की उपलब्धता एक नई समस्या बन गई है। जिला आपूर्ति अधिकारी एचएस मुवेल ने जानकारी दी कि निर्देशों के बाद केंद्रों पर आवश्यक व्यवस्थाएं जुटाई जा रही हैं। जिले के कुल 26 केंद्रों पर समर्थन मूल्य पर गेहूं की सरकारी खरीदी जारी है, लेकिन अधिकांश केंद्रों पर खरीदी व्यवस्था बेहाल है। नागझिरी, बोरावा और बामंदी जैसे केंद्रों पर विशेष रूप से यह समस्या सामने आई है। कांग्रेस और विभिन्न किसान संगठन लगातार शासन-प्रशासन को स्लॉट बुकिंग में सर्वर समस्या, कम तौलकांटे और हम्मालों की कमी के कारण हो रही देरी से अवगत करा रहे हैं।















































