Wednesday, 04 Nov 2026 | 08:15 PM

Trending :

फैशन की दुनिया को प्रदूषण मुक्त बनाने की मुहिम:अमेजन के संस्थापक बेजोस और उनकी पत्नी ने इको फ्रेंडली कपड़ा बनाने किया 2322 करोड़ दान

फैशन की दुनिया को प्रदूषण मुक्त बनाने की मुहिम:अमेजन के संस्थापक बेजोस और उनकी पत्नी ने इको फ्रेंडली कपड़ा बनाने किया 2322 करोड़ दान

अमेजन के संस्थापक जेफ बेजोस और उनकी पत्नी लॉरेन सांचेज ने फैशन की दुनिया को प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए करीब 2322 करोड़ दान में दिए हैं। यह रकम लैब में बने फाइबर, बैक्टीरिया से निर्मित धागे और खेती के कचरे से तैयार कपड़ों पर खर्च होगी। लॉरेन के लिए यह भावुक फैसला है। गरीबी के कारण उन्होंने अपनी प्रोम ड्रेस खुद ही सिली थी। अब ये उन वैज्ञानिकों की मदद कर रही हैं, जो कपड़े तैयार करने के पारंपरिक तरीकों को बदल रहे हैं। इस फंड का लक्ष्य 3-5 साल में पर्यावरण के अनुकूल कपड़े ग्राहकों तक पहुंचाना है। इससे प्रदूषणकारी सिंथेटिक मटेरियल और जीवाश्म इंधन पर फैशन इंडस्ट्री की निर्भरता कम होगी। ब्लूमबर्ग बिलियनेवर्स इंडेक्स के मुताबिक, बेजोस ₹26.45 लाख करोड़ की संपत्ति के साथ दुनिया के तीसरे सबसे अमीर व्यक्ति हैं। लॉरेन का बचपन संघर्षों के बीच बीता। उनके पास हाई स्कूल की विदाई पार्टी (प्रोम) के लिए महंगी ड्रेस खरीदने के पैसे नहीं थे। उन्होंने दादी से सिलाई सीखी और खुद लाल रंग की पफ-स्लीव ड्रेस तैयार की। ये पैसे कमाने के लिए कॉफी सर्व और दादी के साथ हाउसकीपिंग करती थीं। लेकिन अब वे सिर्फ महंगे गाउन पहनने तक सीमित नहीं है। यह भी तय कर रही हैं कि भविष्य में कपड़े किस चीज से बनेंगे। उनका दान न केवल पर्यावरण को बचाने में मदद करेगी, बल्कि फैशन जगत में ऐसे इनोवेशन भी लाएगी, जिनसे कपड़ों का उत्पादन पूरी तरह सुरक्षित हो जाएगा। सांचेज को ग्रांट फैशन का भविष्य संवारने के लिए दी गई है। इससे औद्योगिक कचरे से तैयार रेशम जैसे धागे और कपास की जेनेटिक्स पर रिसर्च की जाएगी। बेजोस और लॉरेन उन वैज्ञानिकों का समर्थन कर रहे हैं, जो कपड़े बनाने के पारंपरिक और प्रदूषणकारी तरीकों का विकल्प खोज रहे हैं। फैशन इंडस्ट्री में पॉलिएस्टर जैसे सिंथेटिक मटेरियल का इस्तेमाल ज्यादा होता है। ये पर्यावरण को नुकसान पहुंचाते हैं। अमेजन दुनिया की सबसे बड़ी कपड़ा रिटेलर है, इसलिए सांचेज का यह कदम प्रदूषण कम करने, फैशन को सुरक्षित बनाने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अभी मशरूम, समुद्री कचरे से इको-फ्रेंडली कपड़े बनाना महंगा, अब दाम कम होंगे सांचेज के दान से पांच प्रमुख संस्थानों को सहायता मिलेगी। बेजोस अर्थ फंड की सहायता राशि कोलंबिया यूनिवर्सिटी, यूसी बर्कले और कॉटन फाउंडेशन जैसे पांच संस्थानों को दी जाएगी। अब तक मशरूम और समुद्री कचरे से इको-फ्रेंडली कपड़े बनाना काफी महंगा रहा है। बेजोस दंपती की मदद से अब इन टिकाऊ कपड़ों का बड़े पैमाने पर उत्पादन संभव होगा और कीमत कम होगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
ममता बनर्जी की हार पर विवेक अग्निहोत्री हुए खुश:कहा- बंगाल में हमारे साथ मारपीट करवाई, हमले करवाए, अब लोग निडर सिर ऊंचा कर चलेंगे

May 5, 2026/
11:47 am

4 मई को पश्चिम बंगाल के चुनाव के नतीजे घोषित हुए, जिसमें मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भारी मतों से हार गईं।...

One Room Home & 1984 Riots Factory Loss

July 12, 2026/
5:30 am

37 मिनट पहले कॉपी लिंक कॉमेडियन राजीव ठाकुर ने हाल ही में बताया कि उनका परिवार एक कमरे के घर...

शादी के बाद इमोशनल हुईं रश्मिका मंदाना:सोशल मीडिया पोस्ट पर रिएक्ट किया; बोलीं- ऐसा प्यार ढूंढो जो आपको आजाद कर दे

March 10, 2026/
2:15 pm

साउथ और बॉलीवुड एक्ट्रेस रश्मिका मंदाना एक सोशल मीडिया नोट को पढ़कर भावुक हो गईं। ये नोट रश्मिका और विजय...

AI could surpass humans by 2030

June 5, 2026/
2:35 pm

न्यूयॉर्क9 मिनट पहले कॉपी लिंक सीईओ हासाबिस ने एजीआई की तुलना ‘सिंगुलैरिटी’ से की, यानी वो पल जहां से पलटकर...

Punjab Kings vs RCB Dharamshala IPL 2026 Playoff Clash

May 17, 2026/
2:41 pm

धर्मशाला में आईपीएल मुकाबले के लिए सजी पिच। धर्मशाला शहर रविवार को तीन प्रमुख आयोजनों का गवाह बना। नगर निगम...

थिएटर में फिल्म देखने पहुंचे शरवरी और वेदांग रैना:मैं वापस आऊंगा' पर एक्ट्रेस ने लिखा इमोशनल नोट, कहा- दर्शकों ने फिल्म को अपनाया

June 28, 2026/
4:46 pm

फिल्म ‘मैं वापस आऊंगा’ सिनेमाघरों में लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रही है। हाल ही में फिल्म के मुख्य कलाकार शरवरी...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

फैशन की दुनिया को प्रदूषण मुक्त बनाने की मुहिम:अमेजन के संस्थापक बेजोस और उनकी पत्नी ने इको फ्रेंडली कपड़ा बनाने किया 2322 करोड़ दान

फैशन की दुनिया को प्रदूषण मुक्त बनाने की मुहिम:अमेजन के संस्थापक बेजोस और उनकी पत्नी ने इको फ्रेंडली कपड़ा बनाने किया 2322 करोड़ दान

अमेजन के संस्थापक जेफ बेजोस और उनकी पत्नी लॉरेन सांचेज ने फैशन की दुनिया को प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए करीब 2322 करोड़ दान में दिए हैं। यह रकम लैब में बने फाइबर, बैक्टीरिया से निर्मित धागे और खेती के कचरे से तैयार कपड़ों पर खर्च होगी। लॉरेन के लिए यह भावुक फैसला है। गरीबी के कारण उन्होंने अपनी प्रोम ड्रेस खुद ही सिली थी। अब ये उन वैज्ञानिकों की मदद कर रही हैं, जो कपड़े तैयार करने के पारंपरिक तरीकों को बदल रहे हैं। इस फंड का लक्ष्य 3-5 साल में पर्यावरण के अनुकूल कपड़े ग्राहकों तक पहुंचाना है। इससे प्रदूषणकारी सिंथेटिक मटेरियल और जीवाश्म इंधन पर फैशन इंडस्ट्री की निर्भरता कम होगी। ब्लूमबर्ग बिलियनेवर्स इंडेक्स के मुताबिक, बेजोस ₹26.45 लाख करोड़ की संपत्ति के साथ दुनिया के तीसरे सबसे अमीर व्यक्ति हैं। लॉरेन का बचपन संघर्षों के बीच बीता। उनके पास हाई स्कूल की विदाई पार्टी (प्रोम) के लिए महंगी ड्रेस खरीदने के पैसे नहीं थे। उन्होंने दादी से सिलाई सीखी और खुद लाल रंग की पफ-स्लीव ड्रेस तैयार की। ये पैसे कमाने के लिए कॉफी सर्व और दादी के साथ हाउसकीपिंग करती थीं। लेकिन अब वे सिर्फ महंगे गाउन पहनने तक सीमित नहीं है। यह भी तय कर रही हैं कि भविष्य में कपड़े किस चीज से बनेंगे। उनका दान न केवल पर्यावरण को बचाने में मदद करेगी, बल्कि फैशन जगत में ऐसे इनोवेशन भी लाएगी, जिनसे कपड़ों का उत्पादन पूरी तरह सुरक्षित हो जाएगा। सांचेज को ग्रांट फैशन का भविष्य संवारने के लिए दी गई है। इससे औद्योगिक कचरे से तैयार रेशम जैसे धागे और कपास की जेनेटिक्स पर रिसर्च की जाएगी। बेजोस और लॉरेन उन वैज्ञानिकों का समर्थन कर रहे हैं, जो कपड़े बनाने के पारंपरिक और प्रदूषणकारी तरीकों का विकल्प खोज रहे हैं। फैशन इंडस्ट्री में पॉलिएस्टर जैसे सिंथेटिक मटेरियल का इस्तेमाल ज्यादा होता है। ये पर्यावरण को नुकसान पहुंचाते हैं। अमेजन दुनिया की सबसे बड़ी कपड़ा रिटेलर है, इसलिए सांचेज का यह कदम प्रदूषण कम करने, फैशन को सुरक्षित बनाने के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अभी मशरूम, समुद्री कचरे से इको-फ्रेंडली कपड़े बनाना महंगा, अब दाम कम होंगे सांचेज के दान से पांच प्रमुख संस्थानों को सहायता मिलेगी। बेजोस अर्थ फंड की सहायता राशि कोलंबिया यूनिवर्सिटी, यूसी बर्कले और कॉटन फाउंडेशन जैसे पांच संस्थानों को दी जाएगी। अब तक मशरूम और समुद्री कचरे से इको-फ्रेंडली कपड़े बनाना काफी महंगा रहा है। बेजोस दंपती की मदद से अब इन टिकाऊ कपड़ों का बड़े पैमाने पर उत्पादन संभव होगा और कीमत कम होगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.