शिवपुरी जिले के तेंदुआ थाना क्षेत्र के डेहरवारा गांव में 22 अप्रैल को हुई बुजुर्ग महिला रामसखी धाकड़ की हत्या का पुलिस ने शुक्रवार को खुलासा कर दिया। पुलिस के अनुसार, इस वारदात का मास्टरमाइंड महिला का नाती निकला, जिसने अपने दोस्त के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची थी। घटना 22 अप्रैल की दोपहर की है, जब तीन युवक बाइक पर सवार होकर डेहरवारा गांव पहुंचे। उन्होंने शादी का कार्ड देने के बहाने रामसखी धाकड़ के घर का दरवाजा खुलवाया। जैसे ही महिला बाहर आईं, एक युवक ने पहले उनके पैर छुए और फिर तुरंत उनके सिर में गोली मार दी। यह वारदात नातिन के सामने हुई थी। बंटवारे से नाखुश था परिवार
जांच में सामने आया कि रामसखी धाकड़ की शादी लक्ष्मी नारायण लोधी से हुई थी। परिवार के पास करीब 35 बीघा जमीन थी, जिसका बंटवारा पहले ही हो चुका था। रामसखी अपनी हिस्से की जमीन अपने बेटे मुनेश धाकड़ के नाम करना चाहती थीं, जिससे परिवार में विवाद बढ़ गया था। शुरुआत में शक सौतेले बेटों पर गया था, जिन पर नामांतरण का विरोध करने का आरोप था। एसडीओपी संजय मिश्रा ने बताया कि पुलिस जांच के बाद इस हत्या का मास्टरमाइंड रामसखी की सौतेली बेटी गुड्डी धाकड़ का बेटा पुष्पराज धाकड़ निकला। पुलिस के मुताबिक, पुष्पराज अपनी मां के साथ रामसखी द्वारा कथित दुर्व्यवहार से नाराज था और इसी का बदला लेने के लिए उसने हत्या की योजना बनाई। पैसों का लालच देकर कराई थी हत्या
पुष्पराज की दोस्ती शिवपुरी में रहने वाले निकेंद्र रावत से थी, जो कर्ज में डूबा हुआ था। पुष्पराज ने निकेंद्र को पैसों का लालच देकर हत्या के लिए राजी किया। हत्या के दिन दोनों शादी का कार्ड लेकर घर पहुंचे और वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने बताया कि हत्या में इस्तेमाल की गई पिस्टल निकेंद्र की थी और गोली भी उसी ने चलाई थी। वारदात से पहले करीब 36 हजार रुपए खर्च किए गए थे और आगे और पैसे देने की बात तय हुई थी। दोनों आरोपी गिरफ्तार, पिस्टल बरामद
पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और हत्या में इस्तेमाल पिस्टल भी बरामद कर ली है। तेंदुआ थाना पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और अन्य पहलुओं को भी खंगाला जा रहा है।














































