Wednesday, 23 Sep 2026 | 07:03 AM

Trending :

Players are improving their performance with the ‘Batman Effect’

Players are improving their performance with the 'Batman Effect'
  • Hindi News
  • Sports
  • Players Are Improving Their Performance With The ‘Batman Effect’

रस्टिन डॉड. द न्यूयॉर्क टाइम्स15 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

विशेषज्ञों का मानना है कि यह तरीका हमारे दिमाग को नई दिशा देता है। जब हम खुद को किसी मजबूत, आत्मविश्वासी व्यक्ति की तरह देखते हैं, तो हमारा व्यवहार भी वैसा ही होने लगता है।

आज की तेज और प्रतिस्पर्धी दुनिया में सफलता सिर्फ प्रतिभा से नहीं मिलती, बल्कि मानसिक मजबूती भी उतनी ही जरूरी है। इसी मानसिक मजबूती के लिए खेल की दुनिया में एक दिलचस्प तरीका सामने आया है- ‘ऑल्टर ईगो’, यानी खुद को कुछ समय के लिए किसी और के रूप में देखना और उसी तरह व्यवहार करना। यह तरीका न सिर्फ खिलाड़ियों, बल्कि आम लोगों के लिए भी फायदेमंद साबित हो रहा है।

एनबीए के स्टार खिलाड़ी शाई गिलगेयस-अलेक्जेंडर की कहानी इसका बेहतरीन उदाहरण है। जब वे 13 साल के थे, तब उनकी सबसे बड़ी समस्या थी उनकी कम हाइट। करीब 5 फुट 6 इंच के इस खिलाड़ी को उनके कोच ने एक अनोखी सलाह दी कि खुद को स्टार एलन आइवरसन की तरह सोचो और खेलो। शुरुआत में यह सिर्फ एक खेल जैसा लगा, लेकिन धीरे-धीरे यह उनकी ताकत बन गया। उन्होंने डरना छोड़ दिया और आत्मविश्वास के साथ खेलना शुरू किया।

यह सिर्फ एक कहानी नहीं है, बल्कि विज्ञान भी इसे सही ठहराता है। मनोवैज्ञानिकों ने एक प्रयोग में बच्चों को अलग-अलग तरीकों से काम करने को कहा। कुछ बच्चों ने खुद के बारे में सोचा, कुछ ने अपने नाम से खुद को देखा, और कुछ बच्चों को बैटमैन या डोरा बनने का मौका दिया गया। नतीजा चौंकाने वाला था, जो बच्चे किरदार में थे, उन्होंने सबसे ज्यादा मेहनत की। इस प्रयोग को ‘बैटमैन इफेक्ट’ कहा गया।

दरअसल, जब हम खुद से दूरी बनाकर किसी और की तरह सोचते हैं, तो डर और झिझक कम हो जाती है। यही कारण है कि कई बड़े खिलाड़ी इस टेक्निक का इस्तेमाल करते हैं। महान बास्केटबॉल खिलाड़ी कोबे ब्रायंट ने अपने लिए ‘ब्लैक मांबा’ नाम का किरदार बनाया था। इस किरदार में वे खुद को ज्यादा फोकस्ड और आक्रामक महसूस करते थे। इसी तरह पूर्व बास्केटबॉल खिलाड़ी स्टीव केर ने भी खुद को किसी और खिलाड़ी की तरह सोचकर खेला, जिससे आत्मविश्वास बढ़ा। विशेषज्ञों का मानना है कि यह तरीका हमारे दिमाग को नई दिशा देता है। जब हम खुद को किसी मजबूत, आत्मविश्वासी व्यक्ति की तरह देखते हैं, तो हमारा व्यवहार भी वैसा ही होने लगता है। धीरे-धीरे यह आदत असली जिंदगी में भी असर दिखाने लगती है।

परीक्षा और इंटरव्यू में भी काम आता है यह तरीका

यह तरीका सिर्फ खिलाड़ियों के लिए नहीं है। अगर कोई छात्र परीक्षा से डरता है, तो वह खुद को एक आत्मविश्वासी छात्र के रूप में देख सकता है। अगर कोई व्यक्ति इंटरव्यू में घबराता है, तो वह खुद को एक सफल प्रोफेशनल की तरह सोच सकता है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
authorimg

March 10, 2026/
11:34 am

Last Updated:March 10, 2026, 11:34 IST Health Tips: मेडिकल कॉलेज सुल्तानपुर के आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉक्टर संतोष कुमार श्रीवास्तव बताते है...

फ्रेंच ओपन आज से, डिफेंडिंग चैम्पियन अल्कारेज नहीं खेलेंगे:पुरुष वर्ग में सिर्फ सिनर बड़े दावेदार, महिला सिंगल्स में कई स्टार खिलाड़ियों के बीच कांटे की टक्कर

May 24, 2026/
2:16 pm

साल के दूसरे ग्रैंड स्लैम फ्रेंच ओपन की शुरुआत के साथ ही पेरिस की लाल मिट्टी एक बार फिर टेनिस...

रणवीर का पगड़ी में धूम्रपान वाला सीन पूरी तरह फेक:धुरंधर 2 के डायरेक्टर बोले- एआई मॉर्फ्ड तस्वीरें फैलाने वालों पर होगी कार्रवाई

March 26, 2026/
1:20 pm

फिल्ममेकर आदित्य धर ने फिल्म धुरंधर 2 को लेकर एआई और फेक एडिट की गई तस्वीरें फैलाने वालों पर सख्त...

टीएमसी विद्रोह समाचार लाइव अपडेट: ऋतब्रत बनर्जी नेता प्रतिपक्ष बनने को तैयार? 59 विधायकों ने समर्थन पत्र पर हस्ताक्षर किये

June 3, 2026/
12:32 pm

टीएमसी विद्रोह समाचार लाइव अपडेट: ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस के भीतर राजनीतिक संकट बुधवार को गहरा गया,...

Jalandhar Businessman Molestation Case | Gym Trainer FIR

May 2, 2026/
11:52 am

जिम में पीछे से जाकर महिला ट्रेनर को बाहों में भरता कारोबारी हनी रंधावा। जालंधर में एक कारोबारी ने लेडी...

केरल के सीएम का चेहरा: केरल में सीएम के नाम पर सस्पेंस, रेस में हैं ये 3 नाम, जानें कौन सा है आखिरी लुक

May 11, 2026/
7:19 am

केरल में कांग्रेस के मुख्यमंत्री पद को लेकर हलचल तेज हो गई है। केपीसीसी के अध्यक्ष सनी जोसेफ ने रविवार...

अमीषा पटेल@51, जन्म पर देखने पहुंचीं इंदिरा गांधी:दादा के नाम पर रोड, कभी झगड़े में ममता कुलकर्णी ने कहा- तुम्हारी औकात क्या है, जानिए करियर स्टोरी

June 9, 2026/
4:30 am

9 जून 1975 अमीषा पटेल का जन्म गुजरात के रईस बिजनेसमैन अमित पटेल और पंजाबी NRI मां आशा के घर...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

Players are improving their performance with the ‘Batman Effect’

Players are improving their performance with the 'Batman Effect'
  • Hindi News
  • Sports
  • Players Are Improving Their Performance With The ‘Batman Effect’

रस्टिन डॉड. द न्यूयॉर्क टाइम्स15 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

विशेषज्ञों का मानना है कि यह तरीका हमारे दिमाग को नई दिशा देता है। जब हम खुद को किसी मजबूत, आत्मविश्वासी व्यक्ति की तरह देखते हैं, तो हमारा व्यवहार भी वैसा ही होने लगता है।

आज की तेज और प्रतिस्पर्धी दुनिया में सफलता सिर्फ प्रतिभा से नहीं मिलती, बल्कि मानसिक मजबूती भी उतनी ही जरूरी है। इसी मानसिक मजबूती के लिए खेल की दुनिया में एक दिलचस्प तरीका सामने आया है- ‘ऑल्टर ईगो’, यानी खुद को कुछ समय के लिए किसी और के रूप में देखना और उसी तरह व्यवहार करना। यह तरीका न सिर्फ खिलाड़ियों, बल्कि आम लोगों के लिए भी फायदेमंद साबित हो रहा है।

एनबीए के स्टार खिलाड़ी शाई गिलगेयस-अलेक्जेंडर की कहानी इसका बेहतरीन उदाहरण है। जब वे 13 साल के थे, तब उनकी सबसे बड़ी समस्या थी उनकी कम हाइट। करीब 5 फुट 6 इंच के इस खिलाड़ी को उनके कोच ने एक अनोखी सलाह दी कि खुद को स्टार एलन आइवरसन की तरह सोचो और खेलो। शुरुआत में यह सिर्फ एक खेल जैसा लगा, लेकिन धीरे-धीरे यह उनकी ताकत बन गया। उन्होंने डरना छोड़ दिया और आत्मविश्वास के साथ खेलना शुरू किया।

यह सिर्फ एक कहानी नहीं है, बल्कि विज्ञान भी इसे सही ठहराता है। मनोवैज्ञानिकों ने एक प्रयोग में बच्चों को अलग-अलग तरीकों से काम करने को कहा। कुछ बच्चों ने खुद के बारे में सोचा, कुछ ने अपने नाम से खुद को देखा, और कुछ बच्चों को बैटमैन या डोरा बनने का मौका दिया गया। नतीजा चौंकाने वाला था, जो बच्चे किरदार में थे, उन्होंने सबसे ज्यादा मेहनत की। इस प्रयोग को ‘बैटमैन इफेक्ट’ कहा गया।

दरअसल, जब हम खुद से दूरी बनाकर किसी और की तरह सोचते हैं, तो डर और झिझक कम हो जाती है। यही कारण है कि कई बड़े खिलाड़ी इस टेक्निक का इस्तेमाल करते हैं। महान बास्केटबॉल खिलाड़ी कोबे ब्रायंट ने अपने लिए ‘ब्लैक मांबा’ नाम का किरदार बनाया था। इस किरदार में वे खुद को ज्यादा फोकस्ड और आक्रामक महसूस करते थे। इसी तरह पूर्व बास्केटबॉल खिलाड़ी स्टीव केर ने भी खुद को किसी और खिलाड़ी की तरह सोचकर खेला, जिससे आत्मविश्वास बढ़ा। विशेषज्ञों का मानना है कि यह तरीका हमारे दिमाग को नई दिशा देता है। जब हम खुद को किसी मजबूत, आत्मविश्वासी व्यक्ति की तरह देखते हैं, तो हमारा व्यवहार भी वैसा ही होने लगता है। धीरे-धीरे यह आदत असली जिंदगी में भी असर दिखाने लगती है।

परीक्षा और इंटरव्यू में भी काम आता है यह तरीका

यह तरीका सिर्फ खिलाड़ियों के लिए नहीं है। अगर कोई छात्र परीक्षा से डरता है, तो वह खुद को एक आत्मविश्वासी छात्र के रूप में देख सकता है। अगर कोई व्यक्ति इंटरव्यू में घबराता है, तो वह खुद को एक सफल प्रोफेशनल की तरह सोच सकता है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.