Saturday, 12 Sep 2026 | 06:44 PM

Trending :

EXCLUSIVE

Shahdol Divyang Student Viral Video

Shahdol Divyang Student Viral Video
  • Hindi News
  • Career
  • Shahdol Divyang Student Viral Video | Electric Tricycle Support Admin

3 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

प्रतापगढ़ के अचलपुर स्थित राजकीय जनजातीय बालिका आश्रम छात्रावास की छात्राएं खराब प्रबंधन से इस तरह परेशान हुई कि जिला कलेक्टर से शिकायत करने पहुंच गईं। छात्राओं ने हॉस्टल में खराब खाने और साफ-सफाई से जुड़ी समस्याओं को लेकर शिकायत की। इस हॉस्टल में करीब 50 छात्राएं रहती हैं। इनमें से 15 छात्राएं पैदल चलकर कलेक्टर ऑफिस पहुंची और स्कूल से संबंधित शिकायतें की। छात्राओं का कहना है कि वार्डन बिस्किट का लालच देकर उनसे ही साफ-सफाई करवाती है।

खाने की शिकायत करते हुए एक छात्रा ने कहा कि हमें जो रोटी मिलती है वो एक तरह से कच्ची और दूसरी तरफ से जली हुई होती हैं। छात्राओं से स्कूल में पोछा लगवाया जाता है और बाथरूम साफ करने का काम भी इन बच्चों को ही करना पड़ता है।

छात्राओं ने बताया कि उन्हें समय पर और पर्याप्त भोजन नहीं मिलता है। सुबह के नाश्ते में सिर्फ पोहा दिया जाता है। शिकायत में छात्राओं ने कहा कि छात्रावास की जिम्मेदार मैडम नियमित रूप से मौजूद नहीं रहती हैं। वे सिर्फ भोजन के समय फोटो खिंचवाने के लिए आती हैं।

उनकी तबियत खराब होने पर उनके परिवार को सूचना देने में भी परेशानी होती है। छात्राओं ने मैडम के समय पर छात्रावास नहीं पहुंचने का आरोप लगाते हुए उन्हें हटाने की मांग की है।

सूरत के गर्ल्स हॉस्टल में रामधुन गाकर किया प्रदर्शन

1 सितंबर को हॉस्टल के खराब मैनेजमेंट से परेशान ऐसी ही छात्राओं ने सूरत में प्रदर्शन किया था। इस हॉस्टल का नाम सरकारी समरस गर्ल्स हॉस्टल है जहां छात्राओं ने 1 सितंबर की रात को विरोध प्रदर्शन किया। उनका ये प्रदर्शन खाने की खराब क्वालिटी, पानी की सप्लाई और रहने की खराब व्यवस्थाओं को लेकर था। छात्राओं ने “रामधुन” गाया और कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक विरोध जारी रहेगा।

विरोध करने वाली एक छात्रा ने कहा – इस हॉस्टल के खाने में कीड़े और खराब पानी के अलावा भी कई समस्याएं हैं। ये विरोध हमारी मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा।

हॉस्टल परिसर के आस-पास कैमरे लगाने की मांग

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) की भावनगर जिला इकाई की अध्यक्ष दीपिका कचोट ने आरोप लगाया कि गर्ल्स हॉस्टल में रहने वाली छात्राओं को अपने खाने में प्लास्टिक और सिगरेट के टुकड़े मिले हैं। उन्होंने कहा – पानी की क्वालिटी खराब है। नौ मंजिल के इस हॉस्टल में सिर्फ दो या तीन मंजिलों पर ही पानी मिलता है।

ABVP अध्यक्ष ने यह भी कहा कि हॉस्टल परिसर के आस-पास CCTV कैमरे लगाने चाहिए। कॉलेज जाने के लिए हॉस्टल से बाहर निकलने पर छात्राओं को लड़कों की छेड़छाड़ का सामना करना पड़ता है।

वार्डन के बुरे बर्ताव से परेशान छात्राएं

एक छात्रा ने आरोप लगाया कि जब छात्राओं ने वार्डन से घर जाने की इजाजत मांगी, तो वार्डन ने उनके साथ बुरा बर्ताव किया। उन्होंने यह भी कहा कि खाने में कीड़े मिलने की उनकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।

खराब पानी पीने से कई बार बीमार हुई छात्राएं

इतना ही नहीं छात्राओं ने हॉस्टल के पानी को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। पहले भी छात्राओं ने कहा था कि पानी का रंग कई बार हरा दिखाई देता है। इस पानी को पीने से कई छात्राओं की तबियत खराब हो गई है। उन्होंने आगे बताया कि जब हॉस्टल में निरीक्षण के लिए अधिकारी आते हैं, तो अचानक सारी व्यवस्था सुधर जाती हैं।

1200 महिलाओं के लिए सिर्फ 1 घंटे आता है पानी

हॉस्टल और मेस की साफ-सफाई को लेकर भी छात्राओं में नाराजगी है। पानी की सप्लाई यहां सिर्फ एक घंटे के लिए होती है। छह मंजिला इस हॉस्टल की तीन मंजिल तक भी पानी नहीं चढ़ता। फिलहाल यहां 1200 महिलाएं रहती है। हॉस्टल अथॉरिटी का कहना है कि एक घंटे जो पानी आता है, उसी दौरान महिलाएं नहा लें, अपने कपड़े वगैरह भी धो लें और उसी टाइम लिमिट के अंदर पानी स्टोर करके भी रखें।

डिप्टी कलेक्टर ने छात्राओं को भरोसा दिलाया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा। इसके बाद अगले दिन विरोध प्रदर्शन खत्म कर दिया गया।

पिछले महीने बेंगलुरु में किया था छात्रों ने प्रदर्शन

बेंगलुरु की दयानंद सागर यूनिवर्सिटी (DSU) के S-रेसिडेंसी गर्ल्स हॉस्टल में छात्राओं ने बुनियादी सुविधाओं को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन 26 और 31 अगस्त को हुआ।

इस प्रदर्शन के दौरान छात्राओं ने करीब एक महीने से बंद वाई – फाई, सुबह के समय गर्म पानी की कमी, पीने के पानी की क्वालिटी, सफाई और मच्छरों की समस्या उठाई। इसके अलावा बिजली में उतार-चढ़ाव, लीक ओवरफ्लो होती पाइपलाइन, खराब लिफ्ट और खाली वेंडिंग मशीनों की शिकायत भी की।

26 अगस्त की रात को करीब 9:30 बजे छात्रों ने गर्म पानी की शिकायत को लेकर वार्डन से शिकायत की। करीब 300–350 लड़कियों ने विरोध प्रदर्शन किया।

लड़कों ने अंडे और पटाखे भी फेंके

छात्राओं का आरोप था कि उनकी सुविधाओं की शिकायतों के बजाय हॉस्टल के 9:30 बजे के एंट्री टाइम के बाद बाहर रहने पर ज्यादा जोर दिया गया। प्रदर्शन के दौरान पास के बॉयज हॉस्टल से कुछ लड़कों ने अंडे और पटाखे भी फेंके।

छात्रों को कुछ समस्याएं 30 अगस्त तक दूर करने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन छात्रों का कहना है कि पर्याप्त सुधार नहीं हुआ। इसके बाद 31 अगस्त को दोबारा प्रदर्शन हुआ, जिसमें लड़के और लड़कियां दोनों शामिल हुए।

छात्रों की मांग है कि उन्हें हॉस्टल में बेहतर सुविधाएं, सही मैनेजमेंट और रहने का अच्छा माहौल मिले।

हॉस्टल नियमों को लेकर भी सवाल

छात्राओं ने सुविधाओं के साथ-साथ लड़के और लड़कियों के हॉस्टल के अलग-अलग नियमों पर भी सवाल उठाए। यहां लड़कियों के लिए 9:30 बजे और लड़कों के लिए 10 बजे की एंट्री सीमा तय की गई है। छात्राएं बाहर का खाना और इलेक्ट्रिक केतली जैसे नियमों को लेकर भी नाखुश हैं।

ये खबर भी पढ़ें

इंडियन आर्मी में अग्निवीर रैली के लिए टैटू पॉलिसी जारी:ट्राइबल कम्युनिटी और धार्मिक टैटू बनवा सकते हैं, ये 6 तरह के टैटू प्रतिबंधित

इंडियन आर्मी ने अग्निवीर रैली के लिए टैटू पॉलिसी जारी की है। इसमें बताया गया है कि शरीर पर कहां टैटू बनवाया जा सकता है और कहां नहीं। अग्निवीर भर्ती में शारीरिक गतिविधियों के साथ उम्मीदवारों के पूरे शरीर की जांच की जाती है। साथ में शरीर पर टैटू भी देखा जाता है क्योंकि सेना में टैटू को लेकर कड़े नियम तय किए गए हैं। पूरी खबर यहां पढ़ें

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
SL Strong vs WI 1st Test

July 4, 2026/
8:10 am

29 मिनट पहले कॉपी लिंक वेस्टइंडीज के खिलाफ नॉर्थ साउंड में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट मैच के पहले दिन...

ईरान 6 अरब डॉलर के फ्रीज-फंड से जरूरी सामान खरीदेगा:अमेरिका पर समझौता तोड़ने का आरोप; उल्लंघन की निगरानी के लिए अलग चैनल बनेगा

July 2, 2026/
7:10 am

ईरान ने बुधवार को कहा कि अमेरिका-ईरान समझौते (MoU) के तहत जारी होने वाली 6 अरब डॉलर की फ्रीज संपत्तियों...

कंट्री काउंटर्स; दुनिया के सारे देश घूमने का ट्रेंड:भीड़ से ऊबे लोग अनछुए डेस्टिनेशन का रुख कर रहे, एक्सपर्ट- यह प्रतिष्ठा का प्रतीक

June 6, 2026/
5:30 pm

प्रशांत महासागर का छोटा सा द्वीपीय देश ‘तुवालु’… हवाई व ऑस्ट्रेलिया के बीच बसा यह देश दुनिया के उन गिने-चुने...

Gold Silver Prices Fall Today

February 20, 2026/
1:00 pm

नई दिल्ली6 घंटे पहले कॉपी लिंक सोना-चांदी की कीमतों में आज 20 फरवरी को तेजी रही। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स...

तस्वीर का विवरण

May 7, 2026/
8:53 pm

सामग्री: 2 छोटे चम्मच आतू, 2 हरी मिर्च, 5-6 पुदीने की फलियां, 1 छोटा टुकड़ा अदरक, 1 छोटा सा मोटा...

KL Rahul and Nitish Rana have brought up a 50-run partnership (Picture credit: AP)

April 21, 2026/
10:38 pm

आखरी अपडेट:21 अप्रैल, 2026, 22:38 IST अनुराग ठाकुर और अन्य भाजपा नेताओं को ममता बनर्जी के इस कथन का मुकाबला...

छतरपुर के नमकीन गोदाम में भीषण आग:फायर ब्रिगेड की देरी से बढ़ा आक्रोश; 70 लाख तक का नुकसान, लोग खुद बुझाते रहे

April 19, 2026/
11:02 pm

छतरपुर में सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत फिरंगी पछाड़ स्थित लक्ष्मी मंदिर के पीछे रविवार रात 8 बजे एक नमकीन...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

Shahdol Divyang Student Viral Video

Shahdol Divyang Student Viral Video
  • Hindi News
  • Career
  • Shahdol Divyang Student Viral Video | Electric Tricycle Support Admin

3 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

प्रतापगढ़ के अचलपुर स्थित राजकीय जनजातीय बालिका आश्रम छात्रावास की छात्राएं खराब प्रबंधन से इस तरह परेशान हुई कि जिला कलेक्टर से शिकायत करने पहुंच गईं। छात्राओं ने हॉस्टल में खराब खाने और साफ-सफाई से जुड़ी समस्याओं को लेकर शिकायत की। इस हॉस्टल में करीब 50 छात्राएं रहती हैं। इनमें से 15 छात्राएं पैदल चलकर कलेक्टर ऑफिस पहुंची और स्कूल से संबंधित शिकायतें की। छात्राओं का कहना है कि वार्डन बिस्किट का लालच देकर उनसे ही साफ-सफाई करवाती है।

खाने की शिकायत करते हुए एक छात्रा ने कहा कि हमें जो रोटी मिलती है वो एक तरह से कच्ची और दूसरी तरफ से जली हुई होती हैं। छात्राओं से स्कूल में पोछा लगवाया जाता है और बाथरूम साफ करने का काम भी इन बच्चों को ही करना पड़ता है।

छात्राओं ने बताया कि उन्हें समय पर और पर्याप्त भोजन नहीं मिलता है। सुबह के नाश्ते में सिर्फ पोहा दिया जाता है। शिकायत में छात्राओं ने कहा कि छात्रावास की जिम्मेदार मैडम नियमित रूप से मौजूद नहीं रहती हैं। वे सिर्फ भोजन के समय फोटो खिंचवाने के लिए आती हैं।

उनकी तबियत खराब होने पर उनके परिवार को सूचना देने में भी परेशानी होती है। छात्राओं ने मैडम के समय पर छात्रावास नहीं पहुंचने का आरोप लगाते हुए उन्हें हटाने की मांग की है।

सूरत के गर्ल्स हॉस्टल में रामधुन गाकर किया प्रदर्शन

1 सितंबर को हॉस्टल के खराब मैनेजमेंट से परेशान ऐसी ही छात्राओं ने सूरत में प्रदर्शन किया था। इस हॉस्टल का नाम सरकारी समरस गर्ल्स हॉस्टल है जहां छात्राओं ने 1 सितंबर की रात को विरोध प्रदर्शन किया। उनका ये प्रदर्शन खाने की खराब क्वालिटी, पानी की सप्लाई और रहने की खराब व्यवस्थाओं को लेकर था। छात्राओं ने “रामधुन” गाया और कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक विरोध जारी रहेगा।

विरोध करने वाली एक छात्रा ने कहा – इस हॉस्टल के खाने में कीड़े और खराब पानी के अलावा भी कई समस्याएं हैं। ये विरोध हमारी मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा।

हॉस्टल परिसर के आस-पास कैमरे लगाने की मांग

अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) की भावनगर जिला इकाई की अध्यक्ष दीपिका कचोट ने आरोप लगाया कि गर्ल्स हॉस्टल में रहने वाली छात्राओं को अपने खाने में प्लास्टिक और सिगरेट के टुकड़े मिले हैं। उन्होंने कहा – पानी की क्वालिटी खराब है। नौ मंजिल के इस हॉस्टल में सिर्फ दो या तीन मंजिलों पर ही पानी मिलता है।

ABVP अध्यक्ष ने यह भी कहा कि हॉस्टल परिसर के आस-पास CCTV कैमरे लगाने चाहिए। कॉलेज जाने के लिए हॉस्टल से बाहर निकलने पर छात्राओं को लड़कों की छेड़छाड़ का सामना करना पड़ता है।

वार्डन के बुरे बर्ताव से परेशान छात्राएं

एक छात्रा ने आरोप लगाया कि जब छात्राओं ने वार्डन से घर जाने की इजाजत मांगी, तो वार्डन ने उनके साथ बुरा बर्ताव किया। उन्होंने यह भी कहा कि खाने में कीड़े मिलने की उनकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।

खराब पानी पीने से कई बार बीमार हुई छात्राएं

इतना ही नहीं छात्राओं ने हॉस्टल के पानी को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। पहले भी छात्राओं ने कहा था कि पानी का रंग कई बार हरा दिखाई देता है। इस पानी को पीने से कई छात्राओं की तबियत खराब हो गई है। उन्होंने आगे बताया कि जब हॉस्टल में निरीक्षण के लिए अधिकारी आते हैं, तो अचानक सारी व्यवस्था सुधर जाती हैं।

1200 महिलाओं के लिए सिर्फ 1 घंटे आता है पानी

हॉस्टल और मेस की साफ-सफाई को लेकर भी छात्राओं में नाराजगी है। पानी की सप्लाई यहां सिर्फ एक घंटे के लिए होती है। छह मंजिला इस हॉस्टल की तीन मंजिल तक भी पानी नहीं चढ़ता। फिलहाल यहां 1200 महिलाएं रहती है। हॉस्टल अथॉरिटी का कहना है कि एक घंटे जो पानी आता है, उसी दौरान महिलाएं नहा लें, अपने कपड़े वगैरह भी धो लें और उसी टाइम लिमिट के अंदर पानी स्टोर करके भी रखें।

डिप्टी कलेक्टर ने छात्राओं को भरोसा दिलाया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा। इसके बाद अगले दिन विरोध प्रदर्शन खत्म कर दिया गया।

पिछले महीने बेंगलुरु में किया था छात्रों ने प्रदर्शन

बेंगलुरु की दयानंद सागर यूनिवर्सिटी (DSU) के S-रेसिडेंसी गर्ल्स हॉस्टल में छात्राओं ने बुनियादी सुविधाओं को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन 26 और 31 अगस्त को हुआ।

इस प्रदर्शन के दौरान छात्राओं ने करीब एक महीने से बंद वाई – फाई, सुबह के समय गर्म पानी की कमी, पीने के पानी की क्वालिटी, सफाई और मच्छरों की समस्या उठाई। इसके अलावा बिजली में उतार-चढ़ाव, लीक ओवरफ्लो होती पाइपलाइन, खराब लिफ्ट और खाली वेंडिंग मशीनों की शिकायत भी की।

26 अगस्त की रात को करीब 9:30 बजे छात्रों ने गर्म पानी की शिकायत को लेकर वार्डन से शिकायत की। करीब 300–350 लड़कियों ने विरोध प्रदर्शन किया।

लड़कों ने अंडे और पटाखे भी फेंके

छात्राओं का आरोप था कि उनकी सुविधाओं की शिकायतों के बजाय हॉस्टल के 9:30 बजे के एंट्री टाइम के बाद बाहर रहने पर ज्यादा जोर दिया गया। प्रदर्शन के दौरान पास के बॉयज हॉस्टल से कुछ लड़कों ने अंडे और पटाखे भी फेंके।

छात्रों को कुछ समस्याएं 30 अगस्त तक दूर करने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन छात्रों का कहना है कि पर्याप्त सुधार नहीं हुआ। इसके बाद 31 अगस्त को दोबारा प्रदर्शन हुआ, जिसमें लड़के और लड़कियां दोनों शामिल हुए।

छात्रों की मांग है कि उन्हें हॉस्टल में बेहतर सुविधाएं, सही मैनेजमेंट और रहने का अच्छा माहौल मिले।

हॉस्टल नियमों को लेकर भी सवाल

छात्राओं ने सुविधाओं के साथ-साथ लड़के और लड़कियों के हॉस्टल के अलग-अलग नियमों पर भी सवाल उठाए। यहां लड़कियों के लिए 9:30 बजे और लड़कों के लिए 10 बजे की एंट्री सीमा तय की गई है। छात्राएं बाहर का खाना और इलेक्ट्रिक केतली जैसे नियमों को लेकर भी नाखुश हैं।

ये खबर भी पढ़ें

इंडियन आर्मी में अग्निवीर रैली के लिए टैटू पॉलिसी जारी:ट्राइबल कम्युनिटी और धार्मिक टैटू बनवा सकते हैं, ये 6 तरह के टैटू प्रतिबंधित

इंडियन आर्मी ने अग्निवीर रैली के लिए टैटू पॉलिसी जारी की है। इसमें बताया गया है कि शरीर पर कहां टैटू बनवाया जा सकता है और कहां नहीं। अग्निवीर भर्ती में शारीरिक गतिविधियों के साथ उम्मीदवारों के पूरे शरीर की जांच की जाती है। साथ में शरीर पर टैटू भी देखा जाता है क्योंकि सेना में टैटू को लेकर कड़े नियम तय किए गए हैं। पूरी खबर यहां पढ़ें

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.