Friday, 10 Apr 2026 | 03:01 PM

Trending :

EXCLUSIVE

ईरान-इजराइल युद्ध से बासमती चावल एक्सपोर्ट अटका:फाजिल्का से भेजा लाखों टन चावल फंसा, शिपिंग एजेंसियां $2000 डालर प्रति कंटेनर मांग रहीं

ईरान-इजराइल युद्ध से बासमती चावल एक्सपोर्ट अटका:फाजिल्का से भेजा लाखों टन चावल फंसा, शिपिंग एजेंसियां $2000 डालर प्रति कंटेनर मांग रहीं

खाड़ी देशों में हो रहे युद्ध के चलते इसका सीधा असर अब पंजाब के बासमती राइस एक्सपोर्टर पर पड़ा है। फाजिल्का जिले के जलालाबाद की बात करें तो यहां से एक्सपोर्ट किया गया लाखों टन बासमती चावल रास्ते में अटक गया है। मिलर्स का कहना है कि युद्ध के हालातों को देखते हुए शिपिंग के नाम पर अब शिपिंग एजेंसियां उनसे 2000 डॉलर प्रति कंटेनर की मांग रही हैं। जिसे वह अदा करने में असमर्थ हैं। इसके लिए उन्होंने केंद्र सरकार से दखल देने की मांग करते हुए समस्या के समाधान की मांग की है। जलालाबाद से राइस एक्सपोर्टर कपिल देव गुंबर ने बताया कि फाजिल्का जिले में किसान बासमती चावल की खेती करते हैं। 1121 किस्म का बासमती चावल खाड़ी देशों में पसंद किया जाता है। वह पिछले 15 वर्षों से बासमती चावल एक्सपोर्ट का काम कर रहे हैं। लाखों टन चावल भारत से खाड़ी देशों को भेजा जा रहा है। युद्ध के चलते रास्ते में फंसा चावल उन्होंने बताया अब भी उनके द्वारा लाखों टन बासमती चावल दुबई, ईरान सहित गल्फ कंट्रियो में भेजा गया है, जो ईरान- इजराइल युद्ध के चलते रास्ते में फंस गया है। उन्होंने बताया कि उनके करीब 150 कंटेनर है जिसमें से कुछ शिप, समुंदर, बंदरगाह या फिर ट्रकों में है वो वहीं रुक गया है। सारा माल रास्ते में फंस गया है। हालांकि पहले से ही तय भाड़े के अनुसार उनके द्वारा चावल एक्सपोर्ट किया जा रहा है। अब हालात ये हो गए हैं कि युद्ध के चलते रास्ते में फंसे चावल के लिए उनसे शिपिंग एजेंसियों द्वारा वार चार्जेस के नाम पर 2000 डॉलर प्रति कंटेनर मांगा जा रहा है। जिससे चावल का भाव 800 रुपए प्रति क्विंटल बढ़ जाएगा, लेकिन उन्हें इतना मार्जन नहीं है। एक-दो रुपए प्रति किलो का मार्जन : गुंबर वह एक- दो रुपए प्रति किलो मार्जन पर काम कर रहे हैं। ऐसे में उन्होंने केंद्र सरकार से इस मामले में दखल देने की मांग करते हुए समस्या के समाधान की मांग की है। उन्होंने कहा कि अगर समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं हुआ तो राइस मिलर्स को भारी नुकसान होगा। जिसका सीधा असर पंजाब की किसानी पर भी पड़ेगा।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
रतलाम रेल मंडल में संदीप शर्मा बने PRI:DRM ऑफिस में संभाला कार्यभार; पूर्व में इंदौर में थे पदस्थ

April 1, 2026/
8:31 pm

पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल स्थित मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय (DRM Office) के जनसंपर्क विभाग में बुधवार को संदीप शर्मा...

हाईकोर्ट सुरक्षा में लगे 4 पुलिसकर्मी निलंबित:भ्रूण लेकर चला गया था एक शख्स, अब एसपी ने की कार्रवाई

March 10, 2026/
2:56 pm

जबलपुर हाईकोर्ट परिसर में भ्रूण लेकर पहुंचने के मामले में जबलपुर एसपी ने सुरक्षा ड्यूटी में तैनात चार पुलिसकर्मियों को...

Delhi Assembly Security Breach Accused Missing

April 7, 2026/
4:12 am

नई दिल्ली2 घंटे पहले कॉपी लिंक आरोपी कार लेकर दिल्ली विधानसभा के गेट नंबर 2 से घुसा और स्पीकर की...

India-US Trade Deal Meeting Postponed

February 22, 2026/
1:51 pm

वॉशिंगटन डीसी14 मिनट पहले कॉपी लिंक भारत और अमेरिका के बीच अंतरिम व्यापार समझौते (ITA) को लेकर होने वाली बैठक...

विजय देवरकोंडा, रश्मिका मंदाना, शादी से प्रेरित मेहंदी डिजाइन, भगवान शिव, स्वस्तिक, कमल, त्रिशूल, सूर्य, चंद्रमा, ओम हिंदू धर्म, सुंदर मेहंदी।

March 10, 2026/
8:43 pm

रश्मिका मंदना डिजाइन डिजाइन | छवि: इंस्टाग्राम विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना मेहंदी समारोह की तस्वीरें: साउथ फिल्म इंडस्ट्री की...

Baraspara Stadium in Guwahati, Assam. (X)

April 7, 2026/
6:18 pm

आखरी अपडेट:07 अप्रैल, 2026, 18:18 IST चुनाव प्रचार के अंतिम 72 घंटों में, पश्चिम एशिया में संघर्ष की छाया केरल...

जॉब - शिक्षा

हेल्थ & फिटनेस

राजनीति

ईरान-इजराइल युद्ध से बासमती चावल एक्सपोर्ट अटका:फाजिल्का से भेजा लाखों टन चावल फंसा, शिपिंग एजेंसियां $2000 डालर प्रति कंटेनर मांग रहीं

ईरान-इजराइल युद्ध से बासमती चावल एक्सपोर्ट अटका:फाजिल्का से भेजा लाखों टन चावल फंसा, शिपिंग एजेंसियां $2000 डालर प्रति कंटेनर मांग रहीं

खाड़ी देशों में हो रहे युद्ध के चलते इसका सीधा असर अब पंजाब के बासमती राइस एक्सपोर्टर पर पड़ा है। फाजिल्का जिले के जलालाबाद की बात करें तो यहां से एक्सपोर्ट किया गया लाखों टन बासमती चावल रास्ते में अटक गया है। मिलर्स का कहना है कि युद्ध के हालातों को देखते हुए शिपिंग के नाम पर अब शिपिंग एजेंसियां उनसे 2000 डॉलर प्रति कंटेनर की मांग रही हैं। जिसे वह अदा करने में असमर्थ हैं। इसके लिए उन्होंने केंद्र सरकार से दखल देने की मांग करते हुए समस्या के समाधान की मांग की है। जलालाबाद से राइस एक्सपोर्टर कपिल देव गुंबर ने बताया कि फाजिल्का जिले में किसान बासमती चावल की खेती करते हैं। 1121 किस्म का बासमती चावल खाड़ी देशों में पसंद किया जाता है। वह पिछले 15 वर्षों से बासमती चावल एक्सपोर्ट का काम कर रहे हैं। लाखों टन चावल भारत से खाड़ी देशों को भेजा जा रहा है। युद्ध के चलते रास्ते में फंसा चावल उन्होंने बताया अब भी उनके द्वारा लाखों टन बासमती चावल दुबई, ईरान सहित गल्फ कंट्रियो में भेजा गया है, जो ईरान- इजराइल युद्ध के चलते रास्ते में फंस गया है। उन्होंने बताया कि उनके करीब 150 कंटेनर है जिसमें से कुछ शिप, समुंदर, बंदरगाह या फिर ट्रकों में है वो वहीं रुक गया है। सारा माल रास्ते में फंस गया है। हालांकि पहले से ही तय भाड़े के अनुसार उनके द्वारा चावल एक्सपोर्ट किया जा रहा है। अब हालात ये हो गए हैं कि युद्ध के चलते रास्ते में फंसे चावल के लिए उनसे शिपिंग एजेंसियों द्वारा वार चार्जेस के नाम पर 2000 डॉलर प्रति कंटेनर मांगा जा रहा है। जिससे चावल का भाव 800 रुपए प्रति क्विंटल बढ़ जाएगा, लेकिन उन्हें इतना मार्जन नहीं है। एक-दो रुपए प्रति किलो का मार्जन : गुंबर वह एक- दो रुपए प्रति किलो मार्जन पर काम कर रहे हैं। ऐसे में उन्होंने केंद्र सरकार से इस मामले में दखल देने की मांग करते हुए समस्या के समाधान की मांग की है। उन्होंने कहा कि अगर समय रहते इस समस्या का समाधान नहीं हुआ तो राइस मिलर्स को भारी नुकसान होगा। जिसका सीधा असर पंजाब की किसानी पर भी पड़ेगा।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.