Sunday, 30 Aug 2026 | 02:12 PM

Trending :

EXCLUSIVE

रसोई गैस संकट: रसोई गैस संकट के बीच अचल में विस्थापित चूल्हे की बिक्री में उछाल, जानिए क्या है कीमत? कैसे उपयोग किया जाता है

भारत में एलपीजी की कीमतों में बढ़ोतरी का संकट, 2026 में इंडक्शन गैस की मांग बढ़ी, जानें फायदे और इलेक्ट्रिक चूल्हे को आसानी से कैसे इस्तेमाल करें

स्टोव चूल्हे में कैसे प्रयोग किया जाता है? | छवि: फ्रीपिक

भारत में प्रेरण मूल्य: पिछले कुछ दिनों में 30 दिनों में 300 एकड़ (100 किमी) की बढ़ोतरी हुई है। 7 मार्च 2026 से घरेलू 14.2 किलों के जोड़े की कीमत 60 रुपये बढ़ गई है। अब दिल्ली में घरेलू प्रोजेक्ट 913 रुपये का हो गया है, जो पहले 853 रुपये था। वहीं मुंबई में इसकी कीमत 912.50 रुपये, कोलकाता में 939 रुपये और चेन्नई में 928.50 रुपये तक पहुंच गई है। घरेलू साजिद ही नहीं, बल्कि सिर्फ साजिद के दाम भी करीब 115 रुपए तक बढ़ गए हैं। दिल्ली में अब यह करीब 1,883 रुपये का मिल रहा है।

मीडिया के सिद्धांतकार का कहना है कि पश्चिम एशिया में तनाव और गैस की कमी के कारण गैस में तेजी आई है। कई शहरों में तो मीटिंग में भी देरी हो रही है और लोगों को 25 से 30 दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है। इसी वजह से अब लोग गैस की तलाश कर रहे हैं और घरों में एक जैसे चूल्हे की मांग तेजी से बढ़ रही है।

इन-इन-साहित्य चूल्हे की बिक्री में उछाल

छवि अपलोड की गई

गैस संकट के बाद विशेष चूल्हों की बिक्री में बड़ा उछाल देखा गया। खासकर कोलकाता में इसकी बिक्री करीब तीन गुना तक बढ़ गई है।

वहीं क्विक कॉमर्स ऐप्स और ऑफलाइन प्लेटफॉर्म पर एलाइक्स की सेल में 10 गुना तक बढ़ोतरी की खबरें सामने आई हैं। लोग गैस के फीचर्स से बचने के लिए लाइक में विकल्प अच्छा मान रहे हैं।

अमेज़ॅन और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे ऑनलाइन प्लेटफ़ॉर्म पर सिंगल चूल्हों पर कई ऑफर भी दिए जा रहे हैं।

इन एसेट चूल्हे की कीमत कितनी है?

मार्च 2026 के खाते से बाजार में अलग-अलग बजट के अलग-अलग चूल्हे उपलब्ध हैं।

  • लाइफलॉन्ग और कैडलेक के मॉडल करीब 1,099 से 1,299 रुपये में मिल रहे हैं।
  • बजाज और पिजन के 1800-2000 वोट वाले की कीमत 1,700 से 2,000 रुपये तक मिल जाती है।
  • वहीं प्रेस्टीज और फिलिप्स के शानदार मॉडल 3,000 से 4,000 रुपये तक के हैं।

निजीकरण पर भी 1,800 से 3,500 रुपये तक के एक लाख रुपये तक के चूल्हे उपलब्ध हैं। कई जगहों पर एलेक्जेंड्रा की लिस्टिंग भी दी जा रही है, शुरुआती किस्ट करीब 800 से 1,000 रुपये तक हो सकती है।

इन सामानों में चूल्हे के दाम क्या हैं?

छवि अपलोड की गई

गैस संकट के बाद की मांग निश्चित रूप से अच्छी है, लेकिन जिले में गैस संकट के कारण ज्यादा बदलाव नहीं हुए हैं। कुछ मॉडलों पर तो 100 से 200 रुपए तक की छूट भी मिल रही है। हालाँकि अगर गैस संकट लंबे समय तक बना रहता है, तो प्लांट सब्ज़ी होने की वजह से दाम बढ़ सकते हैं।

इन इनोवेटिव चूल्हा क्यों अच्छा है?

इन जैसे चूल्हे में कई लोग गैस का विकल्प मानते हैं। इसके कई फायदे हैं।

  • गैस की जरूरत नहीं है।
  • खाना जल्दी पकता है।
  • रसोई सबसे सुरक्षित रहती है।
  • बिजली सेवा का उपयोग इसलिए आसान है।
  • तापमान को आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है।

एक्वेरियम में चूल्हा का उपयोग कैसे किया जाता है?

छवि अपलोड की गई

इनसाइड का इस्तेमाल करना बहुत आसान होता है।

  • सबसे पहले समुद्र तट पर स्थित स्थानों पर।
  • इसे बिजली के उपकरण से कनेक्ट करें।
  • इन लाइक्स के ऊपर सही पॉच स्थान।
  • अब पावर ऑन करके कुकिंग मूड या तापमान सेट करें।
  • कुछ ही मिनटों में खाना पकाना शुरू हो जाएगा।

इन अलॉट में कौन-से पॉट का उपयोग किया जाता है?

इन दस्तावेजों में हर तरह के पेस्ट का इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। इसके लिए खास तरह के पॉश्चर होने चाहिए।

छवि अपलोड की गई

इन दस्तावेजों के लिए सही पॉश्चर कौन से हैं?

कैसल स्टील के पॉट, कास्ट आयरन यानी आयरन की कढ़ी या तवा और बेस वाले कुकर और पैन में इस्तेमाल करना सही होता है।

किन पोल्ट्री का उपयोग अन्य चूल्हे में नहीं किया जाना चाहिए?

इन चूल्हे में एल्युमीनियम के पोर्शनल पॉइचर, कांच के पोर और मिट्टी के प्वॉइंट का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। यदि पोर के नीचे मैग्नेट छिपा हुआ है, तो वह आसानी से काम ढूंढ लेता है।

यदि आप पेट्रोलियम गैसों और नाटकों की कमी से परेशान हैं, तो सिलेंडर चूल्हा में आपके लिए एक अच्छा वैकल्पिक प्रस्ताव हो सकता है। यह भी सुरक्षित है और रसोई का खर्च भी कुछ हद तक कम किया जा सकता है। हालांकि सरकार गैस की परमाणु ऊर्जा बढ़ाने की कोशिश कर रही है, लेकिन कार्यशाला चूल्हा में कई घरों में एक कंसॉलिडेशन असोसिएशन बनाया जा रहा है।

यह अवश्य पढ़ें: लंच बॉक्स रेसिपी: बच्चों के टिफिन की क्या है खासियत? मिनटों में बनाएं ये 3 तरह के आसान व्यंजन, सेहत को भी नहीं होगा नुकसान

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
आतिफ असलम को रोकना पड़ा लाइव कॉन्सर्ट:महिला फैन सेल्फी लेने स्टेज पर चढ़ी; जाने से किया मना, सिक्योरिटी को देना पड़ा दखल

May 10, 2026/
10:19 am

पाकिस्तानी सिंगर आतिफ असलम का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। हाल ही में वो कराची के...

'ये रिश्ता क्या कहलाता है' एक्टर मोहसिन ने सगाई की:मंगेतर तमन्ना के साथ तस्वीरें शेयर की; बोले- पहली नजर में लगा हमसफर मिल गई

August 23, 2026/
3:07 pm

टीवी शो ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ में कार्तिक का किरदार निभा चुके एक्टर मोहसिन खान ने सगाई कर ली...

नई कहानी लिखूंगा तो बीवी मार देगी:विक्रम भट्ट बोले- बेटी ने प्रेग्नेंसी में फिल्म संभाली, अब नाती और परिवार को समय दूंगा

June 17, 2026/
4:30 am

‘हॉन्टेड 3D’ की सफलता के बाद जहां हर कोई विक्रम भट्ट की अगली फिल्म का इंतजार कर रहा है, वहीं...

मीटिंग पर मीटिंग, सड़कें फिर भी अधूरी:23 सड़कों के लिए 15 करोड़ मंजूर, वर्क ऑर्डर भी जारी, फिर भी शुरू नहीं हो सका काम

April 17, 2026/
6:26 am

जनप्रतिनिधियों और आईएएस अफसरों की मीटिंग पर मीटिंग। तब भी ग्वालियर की मुख्य और आंतरिक सड़कों को बनाने का शुरू...

रूस से कच्चा तेल खरीद सकेगा भारत:ईरान जंग के कारण अमेरिका ने 3 अप्रैल तक रियायत दी, क्रूड ऑयल की कीमत 89 डॉलर के पार

March 6, 2026/
9:09 am

भारत में पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने का संकट फिलहाल खत्म हो गया है, क्योंकि भारत को रूस से कच्चा तेल...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

रसोई गैस संकट: रसोई गैस संकट के बीच अचल में विस्थापित चूल्हे की बिक्री में उछाल, जानिए क्या है कीमत? कैसे उपयोग किया जाता है

भारत में एलपीजी की कीमतों में बढ़ोतरी का संकट, 2026 में इंडक्शन गैस की मांग बढ़ी, जानें फायदे और इलेक्ट्रिक चूल्हे को आसानी से कैसे इस्तेमाल करें

स्टोव चूल्हे में कैसे प्रयोग किया जाता है? | छवि: फ्रीपिक

भारत में प्रेरण मूल्य: पिछले कुछ दिनों में 30 दिनों में 300 एकड़ (100 किमी) की बढ़ोतरी हुई है। 7 मार्च 2026 से घरेलू 14.2 किलों के जोड़े की कीमत 60 रुपये बढ़ गई है। अब दिल्ली में घरेलू प्रोजेक्ट 913 रुपये का हो गया है, जो पहले 853 रुपये था। वहीं मुंबई में इसकी कीमत 912.50 रुपये, कोलकाता में 939 रुपये और चेन्नई में 928.50 रुपये तक पहुंच गई है। घरेलू साजिद ही नहीं, बल्कि सिर्फ साजिद के दाम भी करीब 115 रुपए तक बढ़ गए हैं। दिल्ली में अब यह करीब 1,883 रुपये का मिल रहा है।

मीडिया के सिद्धांतकार का कहना है कि पश्चिम एशिया में तनाव और गैस की कमी के कारण गैस में तेजी आई है। कई शहरों में तो मीटिंग में भी देरी हो रही है और लोगों को 25 से 30 दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है। इसी वजह से अब लोग गैस की तलाश कर रहे हैं और घरों में एक जैसे चूल्हे की मांग तेजी से बढ़ रही है।

इन-इन-साहित्य चूल्हे की बिक्री में उछाल

छवि अपलोड की गई

गैस संकट के बाद विशेष चूल्हों की बिक्री में बड़ा उछाल देखा गया। खासकर कोलकाता में इसकी बिक्री करीब तीन गुना तक बढ़ गई है।

वहीं क्विक कॉमर्स ऐप्स और ऑफलाइन प्लेटफॉर्म पर एलाइक्स की सेल में 10 गुना तक बढ़ोतरी की खबरें सामने आई हैं। लोग गैस के फीचर्स से बचने के लिए लाइक में विकल्प अच्छा मान रहे हैं।

अमेज़ॅन और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे ऑनलाइन प्लेटफ़ॉर्म पर सिंगल चूल्हों पर कई ऑफर भी दिए जा रहे हैं।

इन एसेट चूल्हे की कीमत कितनी है?

मार्च 2026 के खाते से बाजार में अलग-अलग बजट के अलग-अलग चूल्हे उपलब्ध हैं।

  • लाइफलॉन्ग और कैडलेक के मॉडल करीब 1,099 से 1,299 रुपये में मिल रहे हैं।
  • बजाज और पिजन के 1800-2000 वोट वाले की कीमत 1,700 से 2,000 रुपये तक मिल जाती है।
  • वहीं प्रेस्टीज और फिलिप्स के शानदार मॉडल 3,000 से 4,000 रुपये तक के हैं।

निजीकरण पर भी 1,800 से 3,500 रुपये तक के एक लाख रुपये तक के चूल्हे उपलब्ध हैं। कई जगहों पर एलेक्जेंड्रा की लिस्टिंग भी दी जा रही है, शुरुआती किस्ट करीब 800 से 1,000 रुपये तक हो सकती है।

इन सामानों में चूल्हे के दाम क्या हैं?

छवि अपलोड की गई

गैस संकट के बाद की मांग निश्चित रूप से अच्छी है, लेकिन जिले में गैस संकट के कारण ज्यादा बदलाव नहीं हुए हैं। कुछ मॉडलों पर तो 100 से 200 रुपए तक की छूट भी मिल रही है। हालाँकि अगर गैस संकट लंबे समय तक बना रहता है, तो प्लांट सब्ज़ी होने की वजह से दाम बढ़ सकते हैं।

इन इनोवेटिव चूल्हा क्यों अच्छा है?

इन जैसे चूल्हे में कई लोग गैस का विकल्प मानते हैं। इसके कई फायदे हैं।

  • गैस की जरूरत नहीं है।
  • खाना जल्दी पकता है।
  • रसोई सबसे सुरक्षित रहती है।
  • बिजली सेवा का उपयोग इसलिए आसान है।
  • तापमान को आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है।

एक्वेरियम में चूल्हा का उपयोग कैसे किया जाता है?

छवि अपलोड की गई

इनसाइड का इस्तेमाल करना बहुत आसान होता है।

  • सबसे पहले समुद्र तट पर स्थित स्थानों पर।
  • इसे बिजली के उपकरण से कनेक्ट करें।
  • इन लाइक्स के ऊपर सही पॉच स्थान।
  • अब पावर ऑन करके कुकिंग मूड या तापमान सेट करें।
  • कुछ ही मिनटों में खाना पकाना शुरू हो जाएगा।

इन अलॉट में कौन-से पॉट का उपयोग किया जाता है?

इन दस्तावेजों में हर तरह के पेस्ट का इस्तेमाल नहीं किया जा सकता। इसके लिए खास तरह के पॉश्चर होने चाहिए।

छवि अपलोड की गई

इन दस्तावेजों के लिए सही पॉश्चर कौन से हैं?

कैसल स्टील के पॉट, कास्ट आयरन यानी आयरन की कढ़ी या तवा और बेस वाले कुकर और पैन में इस्तेमाल करना सही होता है।

किन पोल्ट्री का उपयोग अन्य चूल्हे में नहीं किया जाना चाहिए?

इन चूल्हे में एल्युमीनियम के पोर्शनल पॉइचर, कांच के पोर और मिट्टी के प्वॉइंट का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। यदि पोर के नीचे मैग्नेट छिपा हुआ है, तो वह आसानी से काम ढूंढ लेता है।

यदि आप पेट्रोलियम गैसों और नाटकों की कमी से परेशान हैं, तो सिलेंडर चूल्हा में आपके लिए एक अच्छा वैकल्पिक प्रस्ताव हो सकता है। यह भी सुरक्षित है और रसोई का खर्च भी कुछ हद तक कम किया जा सकता है। हालांकि सरकार गैस की परमाणु ऊर्जा बढ़ाने की कोशिश कर रही है, लेकिन कार्यशाला चूल्हा में कई घरों में एक कंसॉलिडेशन असोसिएशन बनाया जा रहा है।

यह अवश्य पढ़ें: लंच बॉक्स रेसिपी: बच्चों के टिफिन की क्या है खासियत? मिनटों में बनाएं ये 3 तरह के आसान व्यंजन, सेहत को भी नहीं होगा नुकसान

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.