Sunday, 14 Jun 2026 | 12:48 AM

Trending :

कॉन्टैक्ट लेंस सुरक्षा: आपकी आँखों में कांटेक्ट लेंस क्या हैं? जान लें कि इसे काफी देर तक सुरक्षित रखा जा सकता है क्रिकेटर ऋषभ पंत ने किए आदि कैलाश के दर्शन:आईटीबीपी जवानों के साथ मिलकर बढ़ाया हौसला, स्थानीय लोगों और प्रशंसकों के साथ तस्वीरें खिंचवाईं एंथ्रोपिक का सबसे एडवांस्ड AI मॉडल दुनियाभर में बंद:अमेरिकी सरकार को साइबर हमले का डर, विदेशी नागरिकों तक पहुंच रोकने का आदेश दिया था एंथ्रोपिक का सबसे एडवांस्ड AI मॉडल दुनियाभर में बंद:अमेरिकी सरकार को साइबर हमले का डर, विदेशी नागरिकों तक पहुंच रोकने का आदेश दिया था कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी का पारंपरिक इलाज- चॉकलेट से इलाज! 3 लाख करोड़ रुपए का इलाज करा चुके हैं ‘जड़ी-मजबूत की रानी’ पद्मश्री यानुंग जामोह मूंग दाल टिक्की रेसिपी: समोसा-पकौड़ा से भर गया मन, तो कम तेल में बनी टोकरी और कुरकुरी मूंग दाल टिक्की; विधि नोट करें
EXCLUSIVE

US-Israel Accused of Cloud Theft in Middle East; Drought Ends

US-Israel Accused of Cloud Theft in Middle East; Drought Ends

30 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

ईरान युद्ध के बीच इराकी सांसद अब्दुल्ला अल-खैखानी ने अमेरिका और इजराइल पर मिडिल ईस्ट में बादल चुराने का आरोप लगाया है।

अब्दुल्ला अल-खैखानी ने एक इंटरव्यू में कहा कि अमेरिका और इजराइल कई सालों से विमानों की मदद से मिडिल ईस्ट में बादलों को चुराते रहे हैं। उन्होंने कहा कि इसी कारण क्षेत्र में लंबे समय से सूखा पड़ रहा था।

सांसद ने दावा किया कि अब अमेरिका और इजराइल ईरान के साथ युद्ध में मसरूफ हैं, इसलिए बारिश फिर से लौट आई है।

बयान सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इस दावे को लेकर चर्चाएं और अफवाहें तेज हो गईं। मौसम विशेषज्ञों ने कहा कि ऐसी कोई तकनीक मौजूद नहीं है, जिससे बादलों की चोरी की जा सके।

इराक मौसम विभाग के प्रवक्ता अम्र अल-जबीरी ने इस दावे को न वैज्ञानिक बताया और न ही तार्किक। उन्होंने कहा कि पिछले साल सितंबर में ही अनुमान लगा लिया गया था कि 2026 इराक के लिए बारिश वाला साल रहेगा। विशेषज्ञों ने मौसम से जुड़े झूठे दावों और साजिश की थ्योरी से बचने की अपील की है।

इराकी सासंद ने आरोप लगाया कि अमेरिकी विमान क्षेत्र में बादलों को तोड़ते है जिसके कारण यहां सूखा पड़ता है।

इराकी सासंद ने आरोप लगाया कि अमेरिकी विमान क्षेत्र में बादलों को तोड़ते है जिसके कारण यहां सूखा पड़ता है।

वायुमंडल में बदलाव कर सूखा पैदा करने का आरोप

BBC की रिपोर्ट के मुताबिक, खैखानी ने दावा किया कि “एटमॉस्फेरिक मॉडिफिकेशन वेपन” यानी ऐसे किसी हथियार का इस्तेमाल किया गया जिससे वायुमंडल में बदलाव कर जानबूझकर सूखा पैदा किया गया।

इसी बीच, तुर्किये में भारी बारिश को भी कुछ लोग इसी साजिश से जोड़ रहे हैं। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा गया कि युद्ध के कारण अमेरिकी विमान तुर्किये के एयरस्पेस में नहीं जा पा रहे, इसलिए वहां लगातार बारिश हो रही है। यह पोस्ट एक मिलियन से ज्यादा बार देखा गया।

कुछ यूजर्स ने यह भी दावा किया कि ईरान में दशकों से चल रहा सूखा, अमेरिका के ठिकानों पर हमले के पांच दिन के भीतर खत्म हो गया।

एक्सपर्ट्स- मौसम को नियंत्रित करने वाली तकनीक मौजूद नहीं

एक्सपर्ट्स का कहना है कि ऐसे दावे भरोसे की कमी और जलवायु की समझ की कमी से पैदा होते हैं। वैज्ञानिकों का कहना है कि मौसम की दिशा या तीव्रता को सीधे नियंत्रित करने वाली कोई तकनीक मौजूद नहीं है। इसके उलट, मिडिल ईस्ट में बढ़ते चरम मौसम के पीछे जलवायु परिवर्तन को जिम्मेदार बताया जा रहा है।

संयुक्त राष्ट्र यूनिवर्सिटी के कावेह मदानी के मुताबिक, क्लाउड सीडिंग को राजनीतिक हथियार की तरह पेश किया जा रहा है। क्लाउड सीडिंग में बादलों पर छोटे कैमिकल (जैसे सिल्वर आयोडाइड) कण डाले जाते हैं, ताकि बारिश हो सके।

हालांकि वैज्ञानिक कहते हैं कि इसका असर बहुत सीमित होता है। यह मौजूदा बादलों से अधिकतम 15% तक ही बारिश बढ़ा सकता है। कुछ लोग मानते हैं कि एक जगह क्लाउड सीडिंग करने से पड़ोसी इलाकों से बारिश छीन ली जाती है।

खलीफा यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर डायना फ्रांसिस के मुताबिक, इसे ऐसे समझिए कि यह बादलों को हल्का सा धक्का देता है, मौसम को कंट्रोल नहीं करता।

इस क्षेत्र में बारिश का पैटर्न अनियमित

विश्व मौसम विज्ञान संगठन (WMO) के मुताबिक, हाल के दशकों में इस क्षेत्र का तापमान वैश्विक औसत से दोगुनी दर से बढ़ा है। इससे हीटवेव लंबी और ज्यादा तीव्र हो रही हैं और बारिश का पैटर्न भी अनियमित हो गया है।

कुल बारिश कम हो रही है, लेकिन जब होती है तो बहुत तेज होती है, जिससे फ्लैश फ्लड या सूखे का खतरा बढ़ता है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि इससे पानी को लेकर लोगों की चिंता बढ़ती है, जिससे इस तरह की अफवाहें तेजी से फैलती हैं।

—————————–

ये खबर भी पढ़ें…

इजराइल में नेतन्याहू को हटाने एकजुट हुए दो पूर्व प्रधानमंत्री:अपनी पार्टी का विलय करेंगे, 2021 में बेनेट-लैपिड ने मिलकर बेंजामिन को हराया था

इजराइल में दो पूर्व प्रधानमंत्रियों नफ्ताली बेनेट और येर लैपिड ने मौजूदा पीएम बेंजामिन नेतन्याहू के खिलाफ एक साथ चुनाव लड़ने का फैसला किया है। उनका मकसद लंबे समय से सत्ता में रहे नेतन्याहू को हटाना है।

दोनों पहले भी 2021 में साथ आए थे और उन्होंने अलग-अलग विचारधाराओं वाली पार्टियों को जोड़कर 12 साल से चली आ रही नेतन्याहू की सत्ता गिरा दी थी। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
विशेष | आसान फैसला नहीं, राजनीति किसी अन्य चुनौती की तरह नहीं: टीएमसी के इस्तीफे पर सुष्मिता देव

June 10, 2026/
6:47 pm

एक विशेष बातचीत में, सुष्मिता देव ने तृणमूल कांग्रेस से अपने इस्तीफे पर खुलकर बात करते हुए कहा कि यह...

Akshaye Khanna Struggle Success Story; Baldness

March 27, 2026/
4:30 am

5 मिनट पहलेलेखक: आशीष तिवारी/वीरेंद्र मिश्र कॉपी लिंक बॉलीवुड में उतार‑चढ़ाव और बदलती परिस्थितियों के बावजूद अक्षय खन्ना हमेशा अपनी...

दिव्यांका त्रिपाठी ने प्रेग्नेंसी कन्फर्म की:बेबी बंप फ्लॉन्ट कर शेयर की खबर; शादी के करीब 10 साल बाद एक्ट्रेस मां बनेंगी

March 19, 2026/
3:34 pm

एक्ट्रेस दिव्यांका त्रिपाठी ने गुरुवार को अपनी प्रेग्नेंसी की खबर कंफर्म कर दी है। दिव्यांका ने बेबी बंप फ्लॉन्ट करते...

Dream Home Easy Process, Low Docs Needed

May 4, 2026/
9:20 pm

45 मिनट पहले कॉपी लिंक घर का मालिक होना सिर्फ एक आर्थिक निवेश नहीं है; यह एक ऐसे स्थान के...

एसी की खुली हवा वाली आंखों को न कर दे बीमार! आदर्श आई से बचने के लिए अभी से फॉलो करें ये टिप्स

April 18, 2026/
1:26 pm

सूखी आँखों की देखभाल संबंधी युक्तियाँ: गर्मियों में राहत देने वाला एसी अब आंखों के लिए परेशानी का कारण बन...

वेदविद्या प्रतिष्ठान के सचिव की नियुक्ति पर हाईकोर्ट का नोटिस:छड़ी से छात्र को पीटने के बाद फिर सुर्खियों में प्रतिष्ठान, जवाब के लिए 6 सप्ताह का समय

April 9, 2026/
12:02 am

महर्षि सांदीपनि राष्ट्रीय वेद विद्या प्रतिष्ठान में छड़ी से छात्र की पिटाई का वीडियो वायरल होने के बाद अब प्रतिष्ठान...

राजनीति

US-Israel Accused of Cloud Theft in Middle East; Drought Ends

US-Israel Accused of Cloud Theft in Middle East; Drought Ends

30 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

ईरान युद्ध के बीच इराकी सांसद अब्दुल्ला अल-खैखानी ने अमेरिका और इजराइल पर मिडिल ईस्ट में बादल चुराने का आरोप लगाया है।

अब्दुल्ला अल-खैखानी ने एक इंटरव्यू में कहा कि अमेरिका और इजराइल कई सालों से विमानों की मदद से मिडिल ईस्ट में बादलों को चुराते रहे हैं। उन्होंने कहा कि इसी कारण क्षेत्र में लंबे समय से सूखा पड़ रहा था।

सांसद ने दावा किया कि अब अमेरिका और इजराइल ईरान के साथ युद्ध में मसरूफ हैं, इसलिए बारिश फिर से लौट आई है।

बयान सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इस दावे को लेकर चर्चाएं और अफवाहें तेज हो गईं। मौसम विशेषज्ञों ने कहा कि ऐसी कोई तकनीक मौजूद नहीं है, जिससे बादलों की चोरी की जा सके।

इराक मौसम विभाग के प्रवक्ता अम्र अल-जबीरी ने इस दावे को न वैज्ञानिक बताया और न ही तार्किक। उन्होंने कहा कि पिछले साल सितंबर में ही अनुमान लगा लिया गया था कि 2026 इराक के लिए बारिश वाला साल रहेगा। विशेषज्ञों ने मौसम से जुड़े झूठे दावों और साजिश की थ्योरी से बचने की अपील की है।

इराकी सासंद ने आरोप लगाया कि अमेरिकी विमान क्षेत्र में बादलों को तोड़ते है जिसके कारण यहां सूखा पड़ता है।

इराकी सासंद ने आरोप लगाया कि अमेरिकी विमान क्षेत्र में बादलों को तोड़ते है जिसके कारण यहां सूखा पड़ता है।

वायुमंडल में बदलाव कर सूखा पैदा करने का आरोप

BBC की रिपोर्ट के मुताबिक, खैखानी ने दावा किया कि “एटमॉस्फेरिक मॉडिफिकेशन वेपन” यानी ऐसे किसी हथियार का इस्तेमाल किया गया जिससे वायुमंडल में बदलाव कर जानबूझकर सूखा पैदा किया गया।

इसी बीच, तुर्किये में भारी बारिश को भी कुछ लोग इसी साजिश से जोड़ रहे हैं। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा गया कि युद्ध के कारण अमेरिकी विमान तुर्किये के एयरस्पेस में नहीं जा पा रहे, इसलिए वहां लगातार बारिश हो रही है। यह पोस्ट एक मिलियन से ज्यादा बार देखा गया।

कुछ यूजर्स ने यह भी दावा किया कि ईरान में दशकों से चल रहा सूखा, अमेरिका के ठिकानों पर हमले के पांच दिन के भीतर खत्म हो गया।

एक्सपर्ट्स- मौसम को नियंत्रित करने वाली तकनीक मौजूद नहीं

एक्सपर्ट्स का कहना है कि ऐसे दावे भरोसे की कमी और जलवायु की समझ की कमी से पैदा होते हैं। वैज्ञानिकों का कहना है कि मौसम की दिशा या तीव्रता को सीधे नियंत्रित करने वाली कोई तकनीक मौजूद नहीं है। इसके उलट, मिडिल ईस्ट में बढ़ते चरम मौसम के पीछे जलवायु परिवर्तन को जिम्मेदार बताया जा रहा है।

संयुक्त राष्ट्र यूनिवर्सिटी के कावेह मदानी के मुताबिक, क्लाउड सीडिंग को राजनीतिक हथियार की तरह पेश किया जा रहा है। क्लाउड सीडिंग में बादलों पर छोटे कैमिकल (जैसे सिल्वर आयोडाइड) कण डाले जाते हैं, ताकि बारिश हो सके।

हालांकि वैज्ञानिक कहते हैं कि इसका असर बहुत सीमित होता है। यह मौजूदा बादलों से अधिकतम 15% तक ही बारिश बढ़ा सकता है। कुछ लोग मानते हैं कि एक जगह क्लाउड सीडिंग करने से पड़ोसी इलाकों से बारिश छीन ली जाती है।

खलीफा यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर डायना फ्रांसिस के मुताबिक, इसे ऐसे समझिए कि यह बादलों को हल्का सा धक्का देता है, मौसम को कंट्रोल नहीं करता।

इस क्षेत्र में बारिश का पैटर्न अनियमित

विश्व मौसम विज्ञान संगठन (WMO) के मुताबिक, हाल के दशकों में इस क्षेत्र का तापमान वैश्विक औसत से दोगुनी दर से बढ़ा है। इससे हीटवेव लंबी और ज्यादा तीव्र हो रही हैं और बारिश का पैटर्न भी अनियमित हो गया है।

कुल बारिश कम हो रही है, लेकिन जब होती है तो बहुत तेज होती है, जिससे फ्लैश फ्लड या सूखे का खतरा बढ़ता है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि इससे पानी को लेकर लोगों की चिंता बढ़ती है, जिससे इस तरह की अफवाहें तेजी से फैलती हैं।

—————————–

ये खबर भी पढ़ें…

इजराइल में नेतन्याहू को हटाने एकजुट हुए दो पूर्व प्रधानमंत्री:अपनी पार्टी का विलय करेंगे, 2021 में बेनेट-लैपिड ने मिलकर बेंजामिन को हराया था

इजराइल में दो पूर्व प्रधानमंत्रियों नफ्ताली बेनेट और येर लैपिड ने मौजूदा पीएम बेंजामिन नेतन्याहू के खिलाफ एक साथ चुनाव लड़ने का फैसला किया है। उनका मकसद लंबे समय से सत्ता में रहे नेतन्याहू को हटाना है।

दोनों पहले भी 2021 में साथ आए थे और उन्होंने अलग-अलग विचारधाराओं वाली पार्टियों को जोड़कर 12 साल से चली आ रही नेतन्याहू की सत्ता गिरा दी थी। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.