Monday, 07 Sep 2026 | 04:16 PM

Trending :

मिर्जापुर: द फिल्म के गाने शूरवीर पर विवाद खत्म:राजस्थानी सिंगर का आरोप था- बिना इजाजत इस्तेमाल किया गाना लिया, राज्य की छवि बिगाड़ी, कैसे सुलझा मामला मिर्जापुर: द फिल्म के गाने शूरवीर पर विवाद खत्म:राजस्थानी सिंगर का आरोप था- बिना इजाजत इस्तेमाल किया गाना लिया, राज्य की छवि बिगाड़ी, कैसे सुलझा मामला 400 साल पुराने मंदिर से निकली 'द वन' की कहानी:अरुणाभ बोले- कहानी लिखते समय जीभ कटी, फिर नॉन-वेज छोड़ने का फैसला किया 400 साल पुराने मंदिर से निकली 'द वन' की कहानी:अरुणाभ बोले- कहानी लिखते समय जीभ कटी, फिर नॉन-वेज छोड़ने का फैसला किया संजय दत्त के मराठी बोलने से इनकार पर विवाद:बोले- 6 साल जेल में रहा, तब भी नहीं सीखी; शिवसेना नेता हंसे; शक्स ने धक्का दिया Trump Targets Iran on Social Media
EXCLUSIVE

एमपी के 30 हजार से ज्यादा नर्सिंग छात्रों को झटका:हाईकोर्ट ने कहा-बिना अनुमति नहीं होंगी परीक्षाएं,28 अप्रैल से आयोजित की गईं थी;CBI ने 600 काॅलेज पाए थे अपात्र

एमपी के 30 हजार से ज्यादा नर्सिंग छात्रों को झटका:हाईकोर्ट ने कहा-बिना अनुमति नहीं होंगी परीक्षाएं,28 अप्रैल से आयोजित की गईं थी;CBI ने 600 काॅलेज पाए थे अपात्र

नर्सिंग कॉलेज मान्यता फर्जीवाड़े मामले में एमपी हाईकोर्ट के जस्टिस विवेक अग्रवाल एवं जस्टिस अविनेंद्र कुमार सिंह की युगलपीठ ने शुक्रवार को सुनवाई की। अदालत ने कहा कि बिना हाईकोर्ट की अनुमति के परीक्षाएं नहीं होगी। आगामी परीक्षाओं के लिए नर्सिंग काउंसिल हाईकोर्ट को हाईकोर्ट की अनुमति लेनी होगी। साथ ही अपात्र काॅलेजों के छात्रों को पात्र कॉलेजों में ट्रांसफर किए जाए। बता दें, 28 अप्रैल से परीक्षाएं आयोजित की गई थी। इससे पहले हाईकोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने जांच की तो पाया कि 800 में से 600 कॉलेज अपात्र थे। कोर्ट का यह फैसला प्रदेश के 30 हजार से ज्यादा नर्सिंग छात्रों के लिए झटका है। परीक्षाओं के लिए हाईकोर्ट की अनुमति जरूरी लॉ स्टूडेंट्स एसोसिएशन की जनहित याचिका में मध्य प्रदेश में 2020-21 में खुले सैकड़ों फर्जी नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता प्रक्रिया को चुनौती दी गई थी जिसमें हाईकोर्ट की सख्ती के बाद हुई सीबीआई जांच में लगभग 800 नर्सिंग कॉलेजों में से करीब 600 कॉलेज अनुपयुक्त या कमियों से भरे पाए गए थे। इन संस्थानों में भवन, लैब, लाइब्रेरी, अनुभवी शिक्षक और 100 बिस्तरों वाले अस्पताल जैसी अनिवार्य सुविधाओं की भारी कमी पाई गई थी। कई कॉलेज केवल कागजों पर चल रहे थे और कई प्रिंसिपल और शिक्षक 15-15 कॉलेजों में एक साथ कार्यरत दर्शाए गए थे। अपात्र को सूटेबल कॉलेज में करना था ट्रांसफर मामले में याचिकाकर्ता एसोसिएशन ने आवेदन पेश कर आरोप लगाया था कि छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले कागजी /अमानक कालेजों में जीएनएम कोर्स संचालित करने वाले जो 117 नर्सिंग कॉलेज सीबीआई जांच में अपात्र पाए गए थे, एमपी नर्सिंग काउंसिल उनके छात्रों को सूटेबल कॉलेजों में ट्रांसफर करने के स्थान पर उन कॉलेजों की अंतिम वर्ष की परीक्षाएं ले रहा है, जो 28 अप्रैल से प्रस्तावित है। अगली सुनवाई 28 अप्रैल को होगी हाईकोर्ट ने शुक्रवार को सुनवाई के बाद एमपीएनआरसी की अंडरटेकिंग रिकार्ड पर लेकर आदेश दिए हैं कि हाईकोर्ट की अनुमति के बगैर कोई भी परीक्षाओं का आयोजन नहीं होगा, मामले की सुनवाई पुनः 28 अप्रैल को चीफ जस्टिस की अगुआई वाली युगलपीठ में होगी, अब नर्सिंग कॉलेजों की प्रस्तावित परीक्षाओं के लिए एमपी नर्सिंग काउंसिल को आवेदन पेश कर हाईकोर्ट से अनुमति लेनी होगी, इसी आधार नर्सिंग कॉलेजों की परिक्षाओं पर निर्णय होगा।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
त्रिफला गिलोय शहद

March 19, 2026/
6:32 pm

त्रिफला गिलोय शहद | छवि: मेटा एआई त्रिफला गिलोय शहद: अब गर्मागर्मी का भुगतान कर दिया गया है। खासकर मार्च...

अमेरिका में साइबर फ्रॉड 4 गुना तक बढ़ा‎:ग्राहकों को ठगी से बचाने के लिए ‎मनोवैज्ञानिकों का सहारा ले रहे बैंक‎

June 9, 2026/
5:33 pm

अमेरिका में साइबर ठगी के बढ़ते मामलों ने‎ बैंकों की चिंता बढ़ा दी है। ठगी के मामलों में ‎तेजी आने...

पंजाब- इंसाफ के लिए 16 साल लड़ी बीबी खालड़ा:पुलिस ने न सुनी तो सुप्रीम कोर्ट गई; इन्हीं के पति पर OTT से हटी दिलजीत की फिल्म

July 7, 2026/
5:00 am

पंजाबी एक्टर दिलजीत दोसांझ की फिल्म सतलुज (पंजाब 95) रिलीज के 2 ही दिन बाद OTT प्लेटफॉर्म से हटने के...

शिक्षकों को मंत्री की सलाह, धरना नहीं सुप्रीम कोर्ट जाएं:सीएम अनुरोध यात्रा से पहले सरकार में अलग-अलग सुर, SC के फैसले पर टिकी नजर

April 13, 2026/
7:07 am

18 अप्रैल को प्रस्तावित शिक्षकों की “मुख्यमंत्री अनुरोध यात्रा” से पहले प्रदेश सरकार के दो मंत्रियों के अलग-अलग बयान सामने...

G Khan Sonam Bajwa Banter at IPL Match

April 20, 2026/
7:14 am

सोनम बाजवा और जी खान मजाकिया अंदाज में बातचीत करते हुए। न्यू चंडीगढ़ के महाराजा यादविंदर सिंह स्टेडियम में रविवार...

Jemimah Rodrigues scored a 29-ball 43 against South Africa (Picture credit: X @BCCIWomen)

April 26, 2026/
12:21 am

आखरी अपडेट:26 अप्रैल, 2026, 00:21 IST राहुल ने एक चुनावी रैली के दौरान कहा कि जहां पीएम मोदी दिल्ली में...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

एमपी के 30 हजार से ज्यादा नर्सिंग छात्रों को झटका:हाईकोर्ट ने कहा-बिना अनुमति नहीं होंगी परीक्षाएं,28 अप्रैल से आयोजित की गईं थी;CBI ने 600 काॅलेज पाए थे अपात्र

एमपी के 30 हजार से ज्यादा नर्सिंग छात्रों को झटका:हाईकोर्ट ने कहा-बिना अनुमति नहीं होंगी परीक्षाएं,28 अप्रैल से आयोजित की गईं थी;CBI ने 600 काॅलेज पाए थे अपात्र

नर्सिंग कॉलेज मान्यता फर्जीवाड़े मामले में एमपी हाईकोर्ट के जस्टिस विवेक अग्रवाल एवं जस्टिस अविनेंद्र कुमार सिंह की युगलपीठ ने शुक्रवार को सुनवाई की। अदालत ने कहा कि बिना हाईकोर्ट की अनुमति के परीक्षाएं नहीं होगी। आगामी परीक्षाओं के लिए नर्सिंग काउंसिल हाईकोर्ट को हाईकोर्ट की अनुमति लेनी होगी। साथ ही अपात्र काॅलेजों के छात्रों को पात्र कॉलेजों में ट्रांसफर किए जाए। बता दें, 28 अप्रैल से परीक्षाएं आयोजित की गई थी। इससे पहले हाईकोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने जांच की तो पाया कि 800 में से 600 कॉलेज अपात्र थे। कोर्ट का यह फैसला प्रदेश के 30 हजार से ज्यादा नर्सिंग छात्रों के लिए झटका है। परीक्षाओं के लिए हाईकोर्ट की अनुमति जरूरी लॉ स्टूडेंट्स एसोसिएशन की जनहित याचिका में मध्य प्रदेश में 2020-21 में खुले सैकड़ों फर्जी नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता प्रक्रिया को चुनौती दी गई थी जिसमें हाईकोर्ट की सख्ती के बाद हुई सीबीआई जांच में लगभग 800 नर्सिंग कॉलेजों में से करीब 600 कॉलेज अनुपयुक्त या कमियों से भरे पाए गए थे। इन संस्थानों में भवन, लैब, लाइब्रेरी, अनुभवी शिक्षक और 100 बिस्तरों वाले अस्पताल जैसी अनिवार्य सुविधाओं की भारी कमी पाई गई थी। कई कॉलेज केवल कागजों पर चल रहे थे और कई प्रिंसिपल और शिक्षक 15-15 कॉलेजों में एक साथ कार्यरत दर्शाए गए थे। अपात्र को सूटेबल कॉलेज में करना था ट्रांसफर मामले में याचिकाकर्ता एसोसिएशन ने आवेदन पेश कर आरोप लगाया था कि छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले कागजी /अमानक कालेजों में जीएनएम कोर्स संचालित करने वाले जो 117 नर्सिंग कॉलेज सीबीआई जांच में अपात्र पाए गए थे, एमपी नर्सिंग काउंसिल उनके छात्रों को सूटेबल कॉलेजों में ट्रांसफर करने के स्थान पर उन कॉलेजों की अंतिम वर्ष की परीक्षाएं ले रहा है, जो 28 अप्रैल से प्रस्तावित है। अगली सुनवाई 28 अप्रैल को होगी हाईकोर्ट ने शुक्रवार को सुनवाई के बाद एमपीएनआरसी की अंडरटेकिंग रिकार्ड पर लेकर आदेश दिए हैं कि हाईकोर्ट की अनुमति के बगैर कोई भी परीक्षाओं का आयोजन नहीं होगा, मामले की सुनवाई पुनः 28 अप्रैल को चीफ जस्टिस की अगुआई वाली युगलपीठ में होगी, अब नर्सिंग कॉलेजों की प्रस्तावित परीक्षाओं के लिए एमपी नर्सिंग काउंसिल को आवेदन पेश कर हाईकोर्ट से अनुमति लेनी होगी, इसी आधार नर्सिंग कॉलेजों की परिक्षाओं पर निर्णय होगा।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.