Thursday, 23 Jul 2026 | 03:11 AM

Trending :

EXCLUSIVE

पूरे शरीर को लपेट पर लीवर रोग…फरीदाबाद में ये कैसी आफत, डॉक्टर से जानिए बचने का रास्ता

authorimg

Last Updated:

Liver Cirrhosis : फरीदाबाद में लिवर सिरोसिस के मरीज बढ़ते जा रहे हैं. ये ऐसा रोग है जो किसी को भी हो सकता है. इस बीमारी का असर सिर्फ लीवर तक सीमित नहीं रहता बल्कि पूरे शरीर पर पड़ता है. सिर्फ दवाइयों से ही इस बीमारी को संभाला नहीं जा सकता. ऐसे में क्या करना होगा? लोकल 18 ने इस बारे में फरीदाबाद के सर्वोदय हॉस्पिटल की डॉ. धीरजा बब्बर से बात की. डॉ. धीरजा बताती हैं कि सिरोसिस के मरीजों में अक्सर मांसपेशियां तेजी से कमजोर होने लगती है.

फरीदाबाद. हरियाणा के फरीदाबाद में लीवर से जुड़ी बढ़ती बीमारियों के बीच एक अहम जानकारी सामने आई है. लीवर सिरोसिस से जूझ रहे मरीजों के लिए यह जानना बेहद जरूरी है कि इस बीमारी का असर सिर्फ लीवर तक सीमित नहीं रहता बल्कि पूरे शरीर पर पड़ता है. इस बारे में लोकल 18 ने फरीदाबाद सर्वोदय हॉस्पिटल की डॉ. धीरजा बब्बर (Group Head – Physiotherapy) से बात की. डॉ. धीरजा कहती हैं कि सिरोसिस के मरीजों में अक्सर मांसपेशियां तेजी से कमजोर होने लगती है. इस स्थिति को मेडिकल भाषा में सारकोपेनिया कहा जाता है. ऐसे मरीजों को अक्सर हाथ-पैरों में कमजोरी महसूस होती है. जल्दी थकान लगती है और कई बार सांस फूलने जैसी समस्या भी होने लगती है. ये सभी लक्षण इस बात का संकेत हैं कि शरीर की मसल्स कमजोर हो रही हैं.

डॉ. धीरजा बब्बर कहती हैं कि सिर्फ दवाइयों से ही इस बीमारी को संभाला नहीं जा सकता. मरीज की लाइफ को बेहतर बनाने के लिए फिजियोथैरेपी बहुत बड़ा रोल निभाती है. सही समय पर अगर सही तरीके से फिजियोथैरेपी शुरू की जाए तो मरीज की हालत में काफी सुधार आ सकता है. डॉ. धीरजा के मुताबिक, लीवर सिरोसिस के मरीजों में अक्सर चलने-फिरने में दिक्कत, शरीर में असहायपन और संतुलन बिगड़ने जैसी समस्याएं सामने आती हैं. ऐसे में स्ट्रेंथ ट्रेनिंग, बैलेंस और को ऑर्डिनेशन एक्सरसाइज काफी मददगार साबित होती हैं. इससे मरीज के गिरने का खतरा भी कम हो जाता है.

अमोनिया लेवल

डॉ. धीरजा कहती हैं कि हर मरीज की स्थिति अलग होती है इसलिए फिजियोथैरेपी भी उसी हिसाब से कस्टमाइज की जाती है. कौन सी मसल कितनी कमजोर है उसी के अनुसार एक्सरसाइज प्लान किया जाता है. धीरे-धीरे मसल्स को मजबूत किया जाता है जिससे मरीज के लिए रोजमर्रा के काम करना और चलना-फिरना आसान हो जाता है. सही एक्सरसाइज करने से शरीर में बढ़ा हुआ अमोनिया लेवल भी कम करने में मदद मिलती है जो लीवर सिरोसिस के मरीजों के लिए काफी जरूरी होता है.

About the Author

Priyanshu Gupta

प्रियांशु गुप्‍ता बीते 10 साल से भी ज्यादा समय से पत्रकारिता में सक्रिय हैं. 2015 में भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), दिल्ली से जर्नलिज्म का ककहरा सीख अमर उजाला (प्रिंट, नोएडा ऑफिस) से अपने करियर की शुरुआत की. य…और पढ़ें

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
इंग्लैंड के घरेलू खिलाड़ी बने पाक पेसर मोहम्मद आमिर:टी20 ब्लास्ट में नॉटिंघमशायर के लिए खेलेंगे; आईपीएल खेलने की भी उम्मीद,पाकिस्तान से खेला था लास्ट वर्ल्डकप

June 27, 2026/
2:46 pm

क्रिकेट में खिलाड़ियों की पहचान अक्सर उनके प्रदर्शन से बनती है। लेकिन कई बार मैदान के बाहर लिया गया एक...

तमिल: बंपर वोट से बोला गया पैराग्राफ, विजय की पार्टी ने कड़ा सवाल, किसकी कर दी याचिका?

April 23, 2026/
11:27 pm

तमिलनाडु में गुरुवार (23 अप्रैल 2026) को हाई-वोल्टेज बेंचमार्क मुकाबला देखने को मिला। सभी 234 विधानसभाओं पर खंडित हो गए।...

मोदी पर खड़गे के बयान से भारी विवाद, बीजेपी बोली- अपमान, माफ़ी माफ़ी

April 21, 2026/
4:33 pm

त्वरित पढ़ें दिखाएँ एआई द्वारा उत्पन्न मुख्य बिंदु, न्यूज़ रूम द्वारा सत्यापित मल्लिकार्जुन खड़गे ने मोदी पर ‘आतंकवादी’ राजनीतिक विवाद...

4 हाईकोर्ट के मुख्‍य न्‍यायाधीश सुप्रीम कोर्ट भेजे गए:भारत में FIFA वर्ल्ड कप टेलिकास्ट करेगा ZEE नेटवर्क; 2 जून के करेंट अफेयर्स

June 2, 2026/
4:31 am

आज के प्रमुख करेंट अफेयर्स, जो सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे स्टूडेंट्स के लिए जरूरी हैं- नेशनल (NATIONAL) 1....

जॉब - शिक्षा

राजनीति

पूरे शरीर को लपेट पर लीवर रोग…फरीदाबाद में ये कैसी आफत, डॉक्टर से जानिए बचने का रास्ता

authorimg

Last Updated:

Liver Cirrhosis : फरीदाबाद में लिवर सिरोसिस के मरीज बढ़ते जा रहे हैं. ये ऐसा रोग है जो किसी को भी हो सकता है. इस बीमारी का असर सिर्फ लीवर तक सीमित नहीं रहता बल्कि पूरे शरीर पर पड़ता है. सिर्फ दवाइयों से ही इस बीमारी को संभाला नहीं जा सकता. ऐसे में क्या करना होगा? लोकल 18 ने इस बारे में फरीदाबाद के सर्वोदय हॉस्पिटल की डॉ. धीरजा बब्बर से बात की. डॉ. धीरजा बताती हैं कि सिरोसिस के मरीजों में अक्सर मांसपेशियां तेजी से कमजोर होने लगती है.

फरीदाबाद. हरियाणा के फरीदाबाद में लीवर से जुड़ी बढ़ती बीमारियों के बीच एक अहम जानकारी सामने आई है. लीवर सिरोसिस से जूझ रहे मरीजों के लिए यह जानना बेहद जरूरी है कि इस बीमारी का असर सिर्फ लीवर तक सीमित नहीं रहता बल्कि पूरे शरीर पर पड़ता है. इस बारे में लोकल 18 ने फरीदाबाद सर्वोदय हॉस्पिटल की डॉ. धीरजा बब्बर (Group Head – Physiotherapy) से बात की. डॉ. धीरजा कहती हैं कि सिरोसिस के मरीजों में अक्सर मांसपेशियां तेजी से कमजोर होने लगती है. इस स्थिति को मेडिकल भाषा में सारकोपेनिया कहा जाता है. ऐसे मरीजों को अक्सर हाथ-पैरों में कमजोरी महसूस होती है. जल्दी थकान लगती है और कई बार सांस फूलने जैसी समस्या भी होने लगती है. ये सभी लक्षण इस बात का संकेत हैं कि शरीर की मसल्स कमजोर हो रही हैं.

डॉ. धीरजा बब्बर कहती हैं कि सिर्फ दवाइयों से ही इस बीमारी को संभाला नहीं जा सकता. मरीज की लाइफ को बेहतर बनाने के लिए फिजियोथैरेपी बहुत बड़ा रोल निभाती है. सही समय पर अगर सही तरीके से फिजियोथैरेपी शुरू की जाए तो मरीज की हालत में काफी सुधार आ सकता है. डॉ. धीरजा के मुताबिक, लीवर सिरोसिस के मरीजों में अक्सर चलने-फिरने में दिक्कत, शरीर में असहायपन और संतुलन बिगड़ने जैसी समस्याएं सामने आती हैं. ऐसे में स्ट्रेंथ ट्रेनिंग, बैलेंस और को ऑर्डिनेशन एक्सरसाइज काफी मददगार साबित होती हैं. इससे मरीज के गिरने का खतरा भी कम हो जाता है.

अमोनिया लेवल

डॉ. धीरजा कहती हैं कि हर मरीज की स्थिति अलग होती है इसलिए फिजियोथैरेपी भी उसी हिसाब से कस्टमाइज की जाती है. कौन सी मसल कितनी कमजोर है उसी के अनुसार एक्सरसाइज प्लान किया जाता है. धीरे-धीरे मसल्स को मजबूत किया जाता है जिससे मरीज के लिए रोजमर्रा के काम करना और चलना-फिरना आसान हो जाता है. सही एक्सरसाइज करने से शरीर में बढ़ा हुआ अमोनिया लेवल भी कम करने में मदद मिलती है जो लीवर सिरोसिस के मरीजों के लिए काफी जरूरी होता है.

About the Author

Priyanshu Gupta

प्रियांशु गुप्‍ता बीते 10 साल से भी ज्यादा समय से पत्रकारिता में सक्रिय हैं. 2015 में भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), दिल्ली से जर्नलिज्म का ककहरा सीख अमर उजाला (प्रिंट, नोएडा ऑफिस) से अपने करियर की शुरुआत की. य…और पढ़ें

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.