Sunday, 13 Sep 2026 | 12:15 PM

Trending :

India AI Kid Raul John Aju हनुमान अंश ने 37वें दिन कमाए 18.50 करोड़:इसके आगे हैवान को फ्लॉप का खतरा, दूसरे दिन महज 2.50 करोड़ कमाए, जानिए कैसा है कलेक्शन पंजाबी सिंगर के घर ताबड़तोड़ फायरिंग:7-8 राउंड फायर किए, गेट पर लगीं गोलियां; सिद्धू को जान से मारने की मिली थी धमकी आतंकी लादेन की हिट लिस्ट में भारत भी था:CIA के खुफिया दस्तावेज में खुलासा; 9/11 से पहले कई देशों पर हमले की तैयारी थी आतंकी लादेन की हिट लिस्ट में भारत भी था:CIA के खुफिया दस्तावेज में खुलासा; 9/11 से पहले कई देशों पर हमले की तैयारी थी थलापति विजय सिल्वरस्टोन में अजीत कुमार की रेस देखी:तृषा कृष्णन सबके सामने आईं तो पीछे हटते दिखे; पत्नी ने वापस लिया है तलाक का केस
EXCLUSIVE

बौद्ध महासभा ने राष्ट्रपति के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन:सावित्रीबाई फुले को भारत रत्न देने की मांग, पदाधिकारी बोले- जल्द फैसला हो

बौद्ध महासभा ने राष्ट्रपति के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन:सावित्रीबाई फुले को भारत रत्न देने की मांग, पदाधिकारी बोले- जल्द फैसला हो

शाजापुर में मंगलवार को दोपहर करीब 1 बजे राष्ट्रीय बौद्ध महासभा के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन शाजापुर एसडीएम मनीषा वास्कले को दिया गया। ज्ञापन में महासभा ने पांच प्रमुख मांगों को सार्वजनिक हित में स्वीकार करने की अपील की है। महासभा की पहली मांग बोधगया स्थित महाबोधि महाविहार के प्रबंधन को पूर्ण रूप से बौद्ध समुदाय को सौंपने की है। पदाधिकारियों ने बताया कि वर्तमान में लागू 1949 का बीटी एक्ट असंवैधानिक है और इसे समाप्त कर महाविहार का प्रबंधन बौद्धों को दिया जाना चाहिए। इस संबंध में देशभर में आंदोलन भी चल रहा है। दूसरी प्रमुख मांग के तहत महासभा ने विश्व की प्रथम महिला शिक्षिका मानी जाने वाली सावित्रीबाई फुले को भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘भारत रत्न’ से सम्मानित करने की मांग की है। उनका कहना है कि सावित्रीबाई फुले ने महिलाओं और वंचित वर्गों की शिक्षा तथा सामाजिक न्याय के लिए महत्वपूर्ण संघर्ष किया। इसके अतिरिक्त, बौद्धों के लिए पृथक पर्सनल लॉ बनाए जाने की मांग भी रखी गई। महासभा का तर्क है कि बौद्ध धर्म की अपनी अलग परंपराएं और धार्मिक संस्कार हैं, इसलिए उनके लिए अलग कानून बनाया जाना चाहिए। ज्ञापन में पाली भाषा को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने तथा सावित्रीबाई फुले, महात्मा ज्योतिबा फुले और फातिमा शेख के जीवन संघर्ष को शैक्षणिक पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग भी की गई। महासभा ने उम्मीद जताई है कि सरकार इन जनहितकारी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय लेगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
लखनऊ में LSG का RR से मुकाबला कल:मार्करम बोले- घर में दम दिखाना होगा, जुरैल ने कहा- सचिन ने मेरी विकेट कीपिंग देखी

April 21, 2026/
7:16 pm

इकाना में लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) और राजस्थान रॉयल्स (RR) के बीच मंगलवार को IPL मैच खेला जाएगा। मुकाबले से...

चीन बोला- भारत दलाई लामा उत्तराधिकारी मामले से दूर रहे:यह हमारा आंतरिक मासला, तिब्बत मुद्दे में बाहरी दखल मंजूर नहीं

May 25, 2026/
3:06 pm

चीन ने भारत को दलाई लामा के उत्तराधिकार के मुद्दे से दूर रहने की सलाह दी है। बीजिंग ने कहा...

कटनी में जनऔषधि केंद्र प्लेटफार्म से दूर:साइन बोर्ड नहीं रहने से यात्रियों को नहीं मिल पा रहा सस्ती दवाओं का लाभ

April 30, 2026/
6:09 am

कटनी स्टेशन पर रेलवे की ओर से यात्रियों के लिए शुरू किया गया प्रधानमंत्री जनऔषधि केंद्र अपने उद्देश्य में सफल...

CSK Vs GT IPL 2026 LIVE Score Update; Shubman Gill

April 26, 2026/
4:30 am

चेन्नई20 मिनट पहले कॉपी लिंक IPL 2026 का 37वां मैच चेन्नई सुपर किंग्स और गुजरात टाइटंस के बीच खेला जाएगा।...

रेमंड के पूर्व चेयरमैन विजयपत सिंघानिया का निधन:बेटे गौतम ने सोशल मीडिया पर दी जानकारी; आज मुंबई में होगा अंतिम संस्कार

March 29, 2026/
12:17 am

रेमंड ग्रुप के पूर्व चेयरमैन विजयपत सिंघानिया का 87 साल की उम्र में निधन हो गया। उनके बेटे गौतम सिंघानिया...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

बौद्ध महासभा ने राष्ट्रपति के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन:सावित्रीबाई फुले को भारत रत्न देने की मांग, पदाधिकारी बोले- जल्द फैसला हो

बौद्ध महासभा ने राष्ट्रपति के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन:सावित्रीबाई फुले को भारत रत्न देने की मांग, पदाधिकारी बोले- जल्द फैसला हो

शाजापुर में मंगलवार को दोपहर करीब 1 बजे राष्ट्रीय बौद्ध महासभा के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन सौंपा। यह ज्ञापन शाजापुर एसडीएम मनीषा वास्कले को दिया गया। ज्ञापन में महासभा ने पांच प्रमुख मांगों को सार्वजनिक हित में स्वीकार करने की अपील की है। महासभा की पहली मांग बोधगया स्थित महाबोधि महाविहार के प्रबंधन को पूर्ण रूप से बौद्ध समुदाय को सौंपने की है। पदाधिकारियों ने बताया कि वर्तमान में लागू 1949 का बीटी एक्ट असंवैधानिक है और इसे समाप्त कर महाविहार का प्रबंधन बौद्धों को दिया जाना चाहिए। इस संबंध में देशभर में आंदोलन भी चल रहा है। दूसरी प्रमुख मांग के तहत महासभा ने विश्व की प्रथम महिला शिक्षिका मानी जाने वाली सावित्रीबाई फुले को भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘भारत रत्न’ से सम्मानित करने की मांग की है। उनका कहना है कि सावित्रीबाई फुले ने महिलाओं और वंचित वर्गों की शिक्षा तथा सामाजिक न्याय के लिए महत्वपूर्ण संघर्ष किया। इसके अतिरिक्त, बौद्धों के लिए पृथक पर्सनल लॉ बनाए जाने की मांग भी रखी गई। महासभा का तर्क है कि बौद्ध धर्म की अपनी अलग परंपराएं और धार्मिक संस्कार हैं, इसलिए उनके लिए अलग कानून बनाया जाना चाहिए। ज्ञापन में पाली भाषा को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने तथा सावित्रीबाई फुले, महात्मा ज्योतिबा फुले और फातिमा शेख के जीवन संघर्ष को शैक्षणिक पाठ्यक्रम में शामिल करने की मांग भी की गई। महासभा ने उम्मीद जताई है कि सरकार इन जनहितकारी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय लेगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.