खरगोन जिले के भगवानपुरा जनपद के लेखा अधिकारी महेंद्रसिंह चौहान को इंदौर लोकायुक्त पुलिस टीम ने गुरुवार रात 10 बजे एक ठेकेदार से 10 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी लेखा अधिकारी चौहान ने बिष्टान निवासी ठेकेदार राजेश पंवार से ग्राम पंचायत हीरापुर में सीसी रोड और चेक डैम निर्माण कार्यों के ठहराव प्रस्ताव और फाइल स्वीकृति के नाम पर पहले ही 20 हजार रुपये रिश्वत ले ली थी। आरोपी चौहान पर आरोप है कि वह जनपद पंचायत की सीईओ कंचन डोंगरे के नाम पर 10 लाख रुपए के काम का 5 प्रतिशत (50 हजार रुपए) और अपने लिए 2 प्रतिशत रिश्वत की मांग कर रहा था। यह 10 हजार रुपए की राशि तीसरी किश्त के तौर पर ली जा रही थी। फरियादी ठेकेदार राजेश पंवार ने इंदौर लोकायुक्त एसपी से शिकायत की थी। इसके बाद गुरुवार रात 8 बजे बिस्टान रोड क्षेत्र में आरोपी लेखा अधिकारी महेंद्रसिंह चौहान को बुलाया गया। इंदौर लोकायुक्त डीएसपी सुनील तालान के नेतृत्व में पहुंची टीम ने उसे 10 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद लोकायुक्त टीम आरोपी को सर्किट हाउस ले गई, जहां देर रात तक कार्रवाई जारी रही। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। लोकायुक्त डीएसपी सुनील तालान ने बताया कि आरोपी लेखा अधिकारी महेंद्रसिंह चौहान ठेकेदार से लगातार रिश्वत की मांग कर रहा था। वह निर्माण कार्यों की स्वीकृति के लिए सीईओ के नाम पर 5 प्रतिशत और अपने लिए 2 प्रतिशत रिश्वत मांग रहा था। उन्होंने बताया कि आरोपी पहले ही 20 हजार रुपए ले चुका था और आज 10 हजार रुपए लेते हुए उसे भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 2018 की धारा 7 के तहत गिरफ्तार किया गया। इस मामले में जनपद सीईओ कंचन डोंगरे से भी पूछताछ की जाएगी। जानकारी के अनुसार, चौहान सरकारी कामों को ठेके पर लेनदेन कर संचालित कर रहा था।














































