Thursday, 21 May 2026 | 01:41 PM

Trending :

EXCLUSIVE

हिमाचल में कांग्रेस-BJP की ‘नेक टू नेक’ फाइट:सीनियर जर्नलिस्ट बोले- एंटी-इनकंबेंसी के बावजूद कांग्रेस ने सियासी जमीन बचाई; भाजपा मुकाबले से बाहर दिखी

हिमाचल में कांग्रेस-BJP की ‘नेक टू नेक’ फाइट:सीनियर जर्नलिस्ट बोले- एंटी-इनकंबेंसी के बावजूद कांग्रेस ने सियासी जमीन बचाई; भाजपा मुकाबले से बाहर दिखी

हिमाचल प्रदेश के 25 नगर परिषद चुनाव में कांग्रेस-भाजपा में मुकाबला लगभग बराबरी का रहा। सत्तारूढ़ कांग्रेस के खिलाफ साढ़े तीन साल की एंटी इनकंबेंसी के बावजूद एकतरफा लहर नहीं चली। सोलन, बिलासपुर और ऊना जिला में बीजेपी ने बढ़त जरूर बनाई, लेकिन राज्य की सत्ता की चाबी तय करने वाले सबसे बड़े जिला कांगड़ा जिला में बीजेपी पिछड़ी है। बीजेपी के गढ़ मंडी में भी कांग्रेस ने शानदार प्रदर्शन किया। शिमला, कुल्लू, सिरमौर और हमीरपुर में अभी मुकाबला बराबरी का लग रहा है। इन जिलों में चेयरमैन का फैसला अन्य (निर्दलीय) के हाथ में है। हालांकि, चुनाव से पहले कांग्रेस द्वारा पार्टी समर्थित प्रत्याशी न उतारने के फैसले से लग रहा था कि सत्तारूढ़ दल घुटने टेक चुका है। फिर भी कांग्रेस ने अच्छा प्रदर्शन किया, वहीं बीजेपी ने अधिकृत प्रत्याशी मैदान में उतारे थे। सीनियर जर्नेलिस्ट उदयवीर पठानिया ने कहा कि बराबरी के बावजूद इन चुनाव में बीजेपी पिछड़ी है। उन्होंने आगे कहा- अब सिलसिलेवार पढ़ें, किस जिला में कौन से दल को बढ़त… कांगड़ा जिला में कांग्रेस का शानदार प्रदर्शन कांगड़ा जिला के विभिन्न नगर परिषदों में कांग्रेस के प्रदर्शन ने सबको चौंकाया है। कांगड़ा नगर परिषद में कांग्रेस समर्थित 8 पार्षद चुनाव जीते, जबकि BJP समर्थित एक प्रत्याशी जीत पाया है। ज्वालामुखी में कांग्रेस के सात और बीजेपी समर्थित दो पार्षद चुनाव जीत पाए हैं। नूरपूर में कांग्रेस समर्थित 6 पार्षद और बीजेपी समर्थित 3 चुनाव जीते हैं। देहरा बीजेपी के किले में कांग्रेस की सेंध देहरा नगर परिषद में कांग्रेस समर्थित पांच और बीजेपी समर्थित दो ही पार्षद चुनाव जीते हैं। देहरा में 20 साल से बीजेपी का कब्जा था। इस बार यहां कांग्रेस का चेयरमैन बनना तय है। शाहपुर में भाजपा समर्थित आठ, कांग्रेस समर्थित 2 और निर्दलीय तीन चुनाव जीते। नगरोटा बगवां में बीजेपी की जीत कांग्रेस को नगरोटा बगवां में झटका लगा है। कैबिनेट रैंक वाले पर्यटन निगम चेयरमैन के गृह विधानसभा क्षेत्र नगरोटा बगवां में बीजेपी समर्थित चार पार्षद, कांग्रेस समर्थित दो और एक निर्दलीय उम्मीदवार विजयी हुआ। बीजेपी की जीत के बावजूद यहां चेयरमैन कांग्रेस का बनना तय है, क्योंकि चेयरमैन की सीट SC के लिए रिजर्व है और SC पार्षद कांग्रेस का जीता है। इस तरह, कांगड़ा के सभी पांच नगर परिषद में चेयरमैन कांग्रेस के बन सकते हैं। मंडी के नेरचौक में कांग्रेस समर्थित 9 पार्षद जीते मंडी में भी कांग्रेस का प्रदर्शन अच्छा रहा, क्योंकि 2022 के विधानसभा चुनाव में मंडी जिले की 10 में से 9 सीटें बीजेपी जीती थी। मगर निकाय चुनाव में यहां बीजेपी को झटका लगा है। नेरचौक में कांग्रेस समर्थित 8 पार्षद, BJP समर्थित एक उम्मीदवार चुनाव जीता है। करसोग नगर पंचायत में सात में से पांच कांग्रेस समर्थित, एक निर्दलीय और एक वार्ड में चुनाव का बहिष्कार किया गया। सरकाघाट में भी कांग्रेस समर्थित तीन, भाजपा समर्थित तीन और 2 निर्दलीय जीते हैं। सुंदरनगर-जोगेंद्रनगर में बीजेपी जीती जोगेंद्रनगर में भाजपा का शानदार प्रदर्शन रहा। यहां बीजेपी समर्थित 5 प्रत्याशी और दो सीटों पर निर्दलीय चुनाव जीते हैं। सुंदरनगर में भाजपा समर्थित नौ, दो कांग्रेस और दो सीटों पर निर्दलीय चुनाव जीते। हमीरपुर में किसी दल को बढ़त नहीं, निर्दलीय का रोल बढ़ा हमीरपुर के नगर परिषद सुजानपुर में कांग्रेस समर्थित दो, भाजपा समर्थित तीन और चार निर्दलीय चुनाव जीते हैं। अब चेयरमैन किस दल का बनेगा, यह निर्दलीयों पर निर्भर करेगा। नड्डा के गृह जिला में BJP का पलड़ा भारी बीजेपी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के गृह जिला बिलासपुर में बीजेपी का पलड़ा भारी लग रहा है। बिलासपुर में कांग्रेस समर्थित दो और भाजपा समर्थित नौ उम्मीदवार चुनाव जीते हैं। बिलासपुर जिला के घुमारवी नगर परिषद में भी कांग्रेस पिछड़ी है। यहां कांग्रेस समर्थित तीन और बीजेपी समर्थित पांच पार्षद चुनाव जीते है। श्री नैना देवी में भी कांग्रेस की हार हुई है। यहां कांग्रेस समर्थित 2 और बीजेपी समर्थित 5 पार्षद जीते है। सोलन में बीजेपी ने क्लीन स्वीप किया सोलन जिला में भी बीजेपी का पलड़ा भारी नजर आ रहा है। परवाणू में कांग्रेस समर्थित चार और बीजेपी समर्थित पांच प्रत्याशी चुनाव जीते हैं। नालागढ़ में भी बीजेपी समर्थित सात, कांग्रेस समर्थित एक और एक निर्दलीय चुनाव जीता है। कांग्रेस के गढ़ रामपुर में पहली बार जीती BJP शिमला जिला के रामपुर में बीजेपी ने कांग्रेस के गढ़ में शानदार प्रदर्शन किया। रामपुर में पहली बार बीजेपी के चार पार्षद चुनाव जीते हैं। कांग्रेस समर्थित भी चार और एक निर्दलीय चुनाव जीता है। यानी यहां भी निर्दलीय पर निर्भर करेगा कि चेयरमैन किस दल का बनेगा। ठियोग नगर परिषद में मुकाबला बराबरी का रहा। यहां कांग्रेस-बीजेपी समर्थित 3-3 पार्षद जीते। एक निर्दलीय भी पूर्व में भाजपा का रहा है, लेकिन बीजेपी ने जब अपने अधिकृत प्रत्याशी उतारे तो उसकी अनदेखी की गई। लिहाजा अब निर्दलीय उम्मीदवार ठियोग का चेयरमैन तय करेगा। चंबा में बराबरी का मुकाबला, डलहौजी में BJP जीती चंबा नगर परिषद में कांग्रेस-बीजेपी समर्थित 5-5 और एक निर्दलीय जीता है, जबकि डलहौजी में कांग्रेस समर्थित एक और बीजेपी समर्थित 8 पार्षद चुनाव जीते है। मनाली में बीजेपी ने कांग्रेस का क्लीन स्वीप किया कुल्लू जिला के मनाली नगर परिषद में कांग्रेस खाता भी नहीं खोल पाई। यहां सभी प्रत्याशी भाजपा समर्थित चुनाव जीते हैं। यह मनाली के कांग्रेस विधायक भुवनेश्वर गौड़ के लिए भी झटका माना जा रहा है। कुल्लू नगर परिषद के 11 वार्ड में से भाजपा समर्थित तीन, कांग्रेस समर्थित तीन और छह निर्दलीय चुनाव जीते हैं। कुल्लू नगर परिषद पर किसका कब्जा होगा, यह निर्दलीय तय करेंगे। ऊना में बीजेपी को बढ़त ऊना जिला के संतोषगढ़ में भाजपा समर्थित 6, कांग्रेस समर्थित 3, नगर परिषद मैहतपुर में भाजपा समर्थित चार, कांग्रेस समर्थित तीन और दो निर्दलीय चुनाव जीते। नाहन में बीजेपी का चेयरमैन बनना तय सिरमौर जिला के नाहन में बीजेपी समर्थित 7 और कांग्रेस समर्थित 6 पार्षद चुनाव जीते, जबकि पांवटा में मिला-जुला रिजल्ट रहा। पांवटा में पांच कांग्रेस समर्थित और चार बीजेपी समर्थित चुनाव जीते है। यहां पर चार अन्य भी जीतकर आए है। इनकी चेयरमैन चुनने में महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
ग्वालियर में तेज रफ्तार कार ने बाइक सवारों को रौंदा:2 दिन चले उपचार के बाद एक की मौत; हादसे के वक्त सैलरी लेकर लौट रहा था घर

April 7, 2026/
12:05 am

ग्वालियर में दोस्तों के साथ सैलरी लेकर घर लौट रहे बाइक सवारों को तेज रफ्तार कार ने रौंद दिया। घटना...

'भीड़ को मुझे छूने-दरिंदगी करने का हक किसने दिया':पीड़िता बोली- मेरी गलती पर पति सजा देगा; सड़क पर गैंगरेप की कोशिश की पूरी कहानी

April 2, 2026/
5:29 am

‘अगर मैंने गलती की है तो मेरा पति है, मेरे सास-ससुर हैं, मेरा पूरा परिवार है, सजा देने का हक...

पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: 15 साल का राज, अब अग्नि परीक्षा...बंगाल में फिर से क्या दिखा 'ब्रांड ममता'?

April 28, 2026/
9:56 pm

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026: ममता बनर्जी पश्चिम बंगाल की सत्ता में लगातार 15 साल तक बनी रहीं और एक...

Sonia Gandhi Health Update; Rahul Gandhi Video

March 26, 2026/
7:44 am

नई दिल्ली3 घंटे पहले कॉपी लिंक राहुल गांधी ने बुधवार को केरल में चुनाव प्रचार का आगाज किया। उन्होंने वर्चुअली...

Leech Therapy for Skin Infections & Hair Loss

April 7, 2026/
7:36 am

जोंक की तरह खून चूसना…. . ये कहावत कई बार सुनी होगी, लेकिन जोंक सिर्फ खून ही नहीं चूसती। झड़ते...

authorimg

April 1, 2026/
3:55 pm

Reasons Behind Suicidal Thoughts: मेंटल हेल्थ से जुड़ी समस्याएं लगातार बढ़ती जा रही हैं, लेकिन अधिकतर लोग अब भी इस...

authorimg

April 10, 2026/
3:47 pm

खंडवा. गर्मी का मौसम शुरू होते ही त्वचा से जुड़ी समस्याएं बढ़ने लगती हैं. तेज धूप, पसीना और गर्म हवाएं...

पापा के करीब रहने बॉलीवुड में आना चाहती थीं त्रिशाला:संजय दत्त की सलाह के बाद एक्टिंग छोड़ी, अब मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ बन चुकी हैं

May 2, 2026/
3:39 pm

संजय दत्त की बेटी त्रिशाला दत्त एक समय बॉलीवुड में आना चाहती थीं। इसकी वजह एक्टिंग का सपना नहीं, बल्कि...

जॉब - शिक्षा

हेल्थ & फिटनेस

राजनीति

हिमाचल में कांग्रेस-BJP की ‘नेक टू नेक’ फाइट:सीनियर जर्नलिस्ट बोले- एंटी-इनकंबेंसी के बावजूद कांग्रेस ने सियासी जमीन बचाई; भाजपा मुकाबले से बाहर दिखी

हिमाचल में कांग्रेस-BJP की ‘नेक टू नेक’ फाइट:सीनियर जर्नलिस्ट बोले- एंटी-इनकंबेंसी के बावजूद कांग्रेस ने सियासी जमीन बचाई; भाजपा मुकाबले से बाहर दिखी

हिमाचल प्रदेश के 25 नगर परिषद चुनाव में कांग्रेस-भाजपा में मुकाबला लगभग बराबरी का रहा। सत्तारूढ़ कांग्रेस के खिलाफ साढ़े तीन साल की एंटी इनकंबेंसी के बावजूद एकतरफा लहर नहीं चली। सोलन, बिलासपुर और ऊना जिला में बीजेपी ने बढ़त जरूर बनाई, लेकिन राज्य की सत्ता की चाबी तय करने वाले सबसे बड़े जिला कांगड़ा जिला में बीजेपी पिछड़ी है। बीजेपी के गढ़ मंडी में भी कांग्रेस ने शानदार प्रदर्शन किया। शिमला, कुल्लू, सिरमौर और हमीरपुर में अभी मुकाबला बराबरी का लग रहा है। इन जिलों में चेयरमैन का फैसला अन्य (निर्दलीय) के हाथ में है। हालांकि, चुनाव से पहले कांग्रेस द्वारा पार्टी समर्थित प्रत्याशी न उतारने के फैसले से लग रहा था कि सत्तारूढ़ दल घुटने टेक चुका है। फिर भी कांग्रेस ने अच्छा प्रदर्शन किया, वहीं बीजेपी ने अधिकृत प्रत्याशी मैदान में उतारे थे। सीनियर जर्नेलिस्ट उदयवीर पठानिया ने कहा कि बराबरी के बावजूद इन चुनाव में बीजेपी पिछड़ी है। उन्होंने आगे कहा- अब सिलसिलेवार पढ़ें, किस जिला में कौन से दल को बढ़त… कांगड़ा जिला में कांग्रेस का शानदार प्रदर्शन कांगड़ा जिला के विभिन्न नगर परिषदों में कांग्रेस के प्रदर्शन ने सबको चौंकाया है। कांगड़ा नगर परिषद में कांग्रेस समर्थित 8 पार्षद चुनाव जीते, जबकि BJP समर्थित एक प्रत्याशी जीत पाया है। ज्वालामुखी में कांग्रेस के सात और बीजेपी समर्थित दो पार्षद चुनाव जीत पाए हैं। नूरपूर में कांग्रेस समर्थित 6 पार्षद और बीजेपी समर्थित 3 चुनाव जीते हैं। देहरा बीजेपी के किले में कांग्रेस की सेंध देहरा नगर परिषद में कांग्रेस समर्थित पांच और बीजेपी समर्थित दो ही पार्षद चुनाव जीते हैं। देहरा में 20 साल से बीजेपी का कब्जा था। इस बार यहां कांग्रेस का चेयरमैन बनना तय है। शाहपुर में भाजपा समर्थित आठ, कांग्रेस समर्थित 2 और निर्दलीय तीन चुनाव जीते। नगरोटा बगवां में बीजेपी की जीत कांग्रेस को नगरोटा बगवां में झटका लगा है। कैबिनेट रैंक वाले पर्यटन निगम चेयरमैन के गृह विधानसभा क्षेत्र नगरोटा बगवां में बीजेपी समर्थित चार पार्षद, कांग्रेस समर्थित दो और एक निर्दलीय उम्मीदवार विजयी हुआ। बीजेपी की जीत के बावजूद यहां चेयरमैन कांग्रेस का बनना तय है, क्योंकि चेयरमैन की सीट SC के लिए रिजर्व है और SC पार्षद कांग्रेस का जीता है। इस तरह, कांगड़ा के सभी पांच नगर परिषद में चेयरमैन कांग्रेस के बन सकते हैं। मंडी के नेरचौक में कांग्रेस समर्थित 9 पार्षद जीते मंडी में भी कांग्रेस का प्रदर्शन अच्छा रहा, क्योंकि 2022 के विधानसभा चुनाव में मंडी जिले की 10 में से 9 सीटें बीजेपी जीती थी। मगर निकाय चुनाव में यहां बीजेपी को झटका लगा है। नेरचौक में कांग्रेस समर्थित 8 पार्षद, BJP समर्थित एक उम्मीदवार चुनाव जीता है। करसोग नगर पंचायत में सात में से पांच कांग्रेस समर्थित, एक निर्दलीय और एक वार्ड में चुनाव का बहिष्कार किया गया। सरकाघाट में भी कांग्रेस समर्थित तीन, भाजपा समर्थित तीन और 2 निर्दलीय जीते हैं। सुंदरनगर-जोगेंद्रनगर में बीजेपी जीती जोगेंद्रनगर में भाजपा का शानदार प्रदर्शन रहा। यहां बीजेपी समर्थित 5 प्रत्याशी और दो सीटों पर निर्दलीय चुनाव जीते हैं। सुंदरनगर में भाजपा समर्थित नौ, दो कांग्रेस और दो सीटों पर निर्दलीय चुनाव जीते। हमीरपुर में किसी दल को बढ़त नहीं, निर्दलीय का रोल बढ़ा हमीरपुर के नगर परिषद सुजानपुर में कांग्रेस समर्थित दो, भाजपा समर्थित तीन और चार निर्दलीय चुनाव जीते हैं। अब चेयरमैन किस दल का बनेगा, यह निर्दलीयों पर निर्भर करेगा। नड्डा के गृह जिला में BJP का पलड़ा भारी बीजेपी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के गृह जिला बिलासपुर में बीजेपी का पलड़ा भारी लग रहा है। बिलासपुर में कांग्रेस समर्थित दो और भाजपा समर्थित नौ उम्मीदवार चुनाव जीते हैं। बिलासपुर जिला के घुमारवी नगर परिषद में भी कांग्रेस पिछड़ी है। यहां कांग्रेस समर्थित तीन और बीजेपी समर्थित पांच पार्षद चुनाव जीते है। श्री नैना देवी में भी कांग्रेस की हार हुई है। यहां कांग्रेस समर्थित 2 और बीजेपी समर्थित 5 पार्षद जीते है। सोलन में बीजेपी ने क्लीन स्वीप किया सोलन जिला में भी बीजेपी का पलड़ा भारी नजर आ रहा है। परवाणू में कांग्रेस समर्थित चार और बीजेपी समर्थित पांच प्रत्याशी चुनाव जीते हैं। नालागढ़ में भी बीजेपी समर्थित सात, कांग्रेस समर्थित एक और एक निर्दलीय चुनाव जीता है। कांग्रेस के गढ़ रामपुर में पहली बार जीती BJP शिमला जिला के रामपुर में बीजेपी ने कांग्रेस के गढ़ में शानदार प्रदर्शन किया। रामपुर में पहली बार बीजेपी के चार पार्षद चुनाव जीते हैं। कांग्रेस समर्थित भी चार और एक निर्दलीय चुनाव जीता है। यानी यहां भी निर्दलीय पर निर्भर करेगा कि चेयरमैन किस दल का बनेगा। ठियोग नगर परिषद में मुकाबला बराबरी का रहा। यहां कांग्रेस-बीजेपी समर्थित 3-3 पार्षद जीते। एक निर्दलीय भी पूर्व में भाजपा का रहा है, लेकिन बीजेपी ने जब अपने अधिकृत प्रत्याशी उतारे तो उसकी अनदेखी की गई। लिहाजा अब निर्दलीय उम्मीदवार ठियोग का चेयरमैन तय करेगा। चंबा में बराबरी का मुकाबला, डलहौजी में BJP जीती चंबा नगर परिषद में कांग्रेस-बीजेपी समर्थित 5-5 और एक निर्दलीय जीता है, जबकि डलहौजी में कांग्रेस समर्थित एक और बीजेपी समर्थित 8 पार्षद चुनाव जीते है। मनाली में बीजेपी ने कांग्रेस का क्लीन स्वीप किया कुल्लू जिला के मनाली नगर परिषद में कांग्रेस खाता भी नहीं खोल पाई। यहां सभी प्रत्याशी भाजपा समर्थित चुनाव जीते हैं। यह मनाली के कांग्रेस विधायक भुवनेश्वर गौड़ के लिए भी झटका माना जा रहा है। कुल्लू नगर परिषद के 11 वार्ड में से भाजपा समर्थित तीन, कांग्रेस समर्थित तीन और छह निर्दलीय चुनाव जीते हैं। कुल्लू नगर परिषद पर किसका कब्जा होगा, यह निर्दलीय तय करेंगे। ऊना में बीजेपी को बढ़त ऊना जिला के संतोषगढ़ में भाजपा समर्थित 6, कांग्रेस समर्थित 3, नगर परिषद मैहतपुर में भाजपा समर्थित चार, कांग्रेस समर्थित तीन और दो निर्दलीय चुनाव जीते। नाहन में बीजेपी का चेयरमैन बनना तय सिरमौर जिला के नाहन में बीजेपी समर्थित 7 और कांग्रेस समर्थित 6 पार्षद चुनाव जीते, जबकि पांवटा में मिला-जुला रिजल्ट रहा। पांवटा में पांच कांग्रेस समर्थित और चार बीजेपी समर्थित चुनाव जीते है। यहां पर चार अन्य भी जीतकर आए है। इनकी चेयरमैन चुनने में महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.