पंजाब के गैंगस्टर जग्गू भगवानपुरिया के कनाडा स्थित राइट हैंड नितिश कौशल के खिलाफ FBI ने बड़ी कार्रवाई की है। गुरदासपुर निवासी नितिश कौशल को जग्गू गैंग को कनाडा में ऑपरेट करने के आरोपों के चलते मोस्ट वांटेड सूची में शामिल किया गया है। वहीं, ‘ऑपरेशन हार्ड बाल’ के तहत पंजाबी मूल के गैंगस्टर रविंदर सिंह ढांडा की करीब 6.4 मिलियन डॉलर (61.60 करोड़ रुपए ) की संपत्ति सीज करने के आदेश जारी किए गए हैं। दोनों के खिलाफ कार्रवाई के आदेश 15 जुलाई को दिए गए। ढांडा पर ड्रग ट्रैफिकिंग ऑर्गनाइजेशन चलाने का आरोप FBI ने ‘ऑपरेशन हार्ड बाल’ के तहत भारत आधारित अंतरराष्ट्रीय अपराध सिंडिकेट्स पर कार्रवाई तेज कर दी है। कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया में सक्रिय रविंदर सिंह ढांडा पर ड्रग ट्रैफिकिंग ऑर्गनाइजेशन चलाने का आरोप है। उस पर अमेरिका-कनाडा सीमा के जरिए सैकड़ों किलो कोकीन और मेथामफेटामाइन की तस्करी में शामिल होने के आरोप हैं। प्रत्यर्पण की प्रक्रिया भी चल रही है ढांडा को 7 जुलाई 2026 को ब्रिटिश कोलंबिया में गिरफ्तार किया गया था और उसके खिलाफ प्रत्यर्पण की प्रक्रिया भी चल रही है। वहीं, ब्रिटिश कोलंबिया सरकार उसकी करोड़ों रुपए की संपत्तियों को सिविल फॉरफीचर के तहत जब्त करने की तैयारी कर रही है। भगवानपुरिया गैंग से जुड़े नितिश पर हत्या सहित कई केस बता दें कि ‘ऑपरेशन हार्ड बाल’ के तहत FBI ने भगवानपुरिया गैंग से जुड़े नितिश कौशल के खिलाफ भी कार्रवाई की है। उसे गिरफ्तारी वारंट जारी कर मोस्ट वांटेड सूची में शामिल किया गया है। कौशल पर आरोप है कि वह भारतीय जेल में बंद जग्गू भगवानपुरिया के सिंडिकेट को कनाडा से ऑपरेट करता है। उसके खिलाफ हत्या, अपहरण, ड्रग तस्करी, रंगदारी, हथियारों की तस्करी और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे गंभीर आरोप दर्ज हैं। FBI ने उसे खतरनाक अपराधी बताते हुए उसके बारे में जानकारी देने वालों के लिए इनाम की घोषणा भी की है। ढांडा और जग्गू की गैंग पर भी कार्रवाई FBI ने ‘ऑपरेशन हार्ड बाल’ के तहत कुल 37 आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की थी। इसमें गैंगस्टर लॉरेंस, जग्गू भगवानपुरिया और रविंदर सिंह ढांडा के नेटवर्क से जुड़े लोग भी शामिल हैं। अब तक 24 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि 10 आरोपी फरार बताए जा रहे हैं। गैंग भारतीय समुदाय को निशाना बना रहे यह कार्रवाई अमेरिका, कनाडा और यूरोप की एजेंसियों के संयुक्त प्रयास से की गई थी। इस दौरान 1 हजार किलो से अधिक ड्रग्स, हथियार और नकदी बरामद की गई। अमेरिकी अटॉर्नी ने कहा कि जेलों से संचालित हो रहे ये गैंग भारतीय समुदाय को निशाना बना रहे थे।














































