Sunday, 26 Apr 2026 | 07:51 AM

Trending :

EXCLUSIVE

अरबपति भी रोलेक्स-बिर्किन गिरवी रखकर लेते हैं कर्ज:बैंक लंबी कागजी प्रक्रिया और जांच-पड़ताल करते हैं, कंपनियां बिना औपचारिकता लोन देती हैं

अरबपति भी रोलेक्स-बिर्किन गिरवी रखकर लेते हैं कर्ज:बैंक लंबी कागजी प्रक्रिया और जांच-पड़ताल करते हैं, कंपनियां बिना औपचारिकता लोन देती हैं

आम धारणा है कि सिर्फ गरीब या मध्यमवर्गीय लोग ही जरूरत पड़ने पर गहने या सामान गिरवी रखते हैं। लेकिन दुनिया के अति अमीर भी नकदी की जरूरत होने पर अपनी लग्जरी संपत्तियों को गिरवी रखते हैं। इन हाई प्रोफाइल लोगों द्वारा गिरवी रखी जाने वाली चीजों में दुर्लभ रोलेक्स घड़ियां, बिर्किन बैग, हीरे-जवाहरात, महंगी कारें, और यहां तक कि करोड़ों डॉलर की पेंटिंग्स व आर्ट कलेक्शन शामिल होते हैं। पारंपरिक बैंक आमतौर पर शेयर या सिक्युरिटीज के पोर्टफोलियो या अचल संपत्ति के बदले कर्ज देते हैं और लंबी कार्यवाही करते हैं। इसके मुकाबले लग्जरी संपत्ति पर कर्ज देने वाले उनके लिए एक आसान विकल्प पेश कर रहे हैं। बैंक लंबी कागजी प्रक्रिया और जांच-पड़ताल करते हैं, वहीं ये कंपनियां बहुत कम समय में बिना ज्यादा औपचारिकताओं के लोन दे देती हैं। कुछ ही घंटों में लोन, स्विस बैंकों जैसी गोपनीयता लग्जरी गिरवी शॉप वाले स्विस बैंकों से भी ज्यादा गोपनीयता बरतते हैं। आमतौर पर कुछ ही घंटों में लोन मिल जाता है। अमेरिकी राज्य कोलोराडो की राजधानी डेनवर स्थित लग्जरी एसेट कैपिटल के फाउंडर और सीईओ ड्यूई बर्क बताते हैं कि उनकी कंपनी ने एक दशक में 1 बिलियन डॉलर (करीब 9,400 करोड़ रुपए) से अधिक का कर्ज दिया है। पिछले दशक में फर्म के लोन पोर्टफोलियो में करीब 25 गुना वृद्धि हुई है। विलासिता की वस्तुओं के लिए आमतौर पर दिए जाने वाले कर्ज करीब 15-18 लाख रुपए के बीच होते हैं। तिजोरी में पड़ी संपत्ति से कैश मिलने में मदद एक ग्राहक ने अपने हर्मेस मिनी बिर्किन बैग के बदले करीब 28 लाख रुपए का कर्ज लिया। उन्होंने इस पर करीब 10% ब्याज दिया। वह कहती हैं, ‘इसने मुझे मुश्किल समय से निकलने में मदद की।’एक ग्राहक कहते हैं, ‘अपनी संपत्ति को यूं ही बेकार पड़े रहने देने के बजाय उससे कमाई करने का मौका मिल रहा है तो इसका फायदा क्यों न उठाऊ?’ सालाना 60% तक ब्याज चुकाना पड़ सकता है लग्जरी लोन पर ब्याज 5% मासिक यानी 60% सालाना हो सकता है। लेकिन चूंकि अक्सर लोन 0 से 120 दिन के लिए होते हैं। इसलिए, ब्याज बहुत ज्यादा नहीं होता। लोन संपत्ति के आधार पर मूल कीमत का करीब 40% से 65% तक होता है। यदि समय पर लोन न चुकाया जाए, तो कंपनी वस्तु को अपने पास रख लेती है और बेच देती है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
authorimg

March 16, 2026/
11:17 am

Last Updated:March 16, 2026, 11:17 IST Health Tips: सुबह उठते ही पैरों में सुन्नपन, झनझनाहट या झुनझुनी को अक्सर लोग...

मंदिर के कुएं के पास मिला तीन माह का नवजात:चिलचिलाती धूप में रोने के आवाज सुन पहुंचे लोग, डॉक्टर बोले- तेज बुखार है

April 12, 2026/
2:06 pm

मैहर के देवीजी चौकी इलाके स्थित शिव मंदिर परिसर में बने कुएं के पास तीन माह का नवजात पड़ा मिला...

India-US Trade Deal Meeting Postponed

February 22, 2026/
1:51 pm

वॉशिंगटन डीसी1 मिनट पहले कॉपी लिंक भारत और अमेरिका ने अंतरिम व्यापार समझौते (ITA) को लेकर वॉशिंगटन में होने वाली...

राजनीति

अरबपति भी रोलेक्स-बिर्किन गिरवी रखकर लेते हैं कर्ज:बैंक लंबी कागजी प्रक्रिया और जांच-पड़ताल करते हैं, कंपनियां बिना औपचारिकता लोन देती हैं

अरबपति भी रोलेक्स-बिर्किन गिरवी रखकर लेते हैं कर्ज:बैंक लंबी कागजी प्रक्रिया और जांच-पड़ताल करते हैं, कंपनियां बिना औपचारिकता लोन देती हैं

आम धारणा है कि सिर्फ गरीब या मध्यमवर्गीय लोग ही जरूरत पड़ने पर गहने या सामान गिरवी रखते हैं। लेकिन दुनिया के अति अमीर भी नकदी की जरूरत होने पर अपनी लग्जरी संपत्तियों को गिरवी रखते हैं। इन हाई प्रोफाइल लोगों द्वारा गिरवी रखी जाने वाली चीजों में दुर्लभ रोलेक्स घड़ियां, बिर्किन बैग, हीरे-जवाहरात, महंगी कारें, और यहां तक कि करोड़ों डॉलर की पेंटिंग्स व आर्ट कलेक्शन शामिल होते हैं। पारंपरिक बैंक आमतौर पर शेयर या सिक्युरिटीज के पोर्टफोलियो या अचल संपत्ति के बदले कर्ज देते हैं और लंबी कार्यवाही करते हैं। इसके मुकाबले लग्जरी संपत्ति पर कर्ज देने वाले उनके लिए एक आसान विकल्प पेश कर रहे हैं। बैंक लंबी कागजी प्रक्रिया और जांच-पड़ताल करते हैं, वहीं ये कंपनियां बहुत कम समय में बिना ज्यादा औपचारिकताओं के लोन दे देती हैं। कुछ ही घंटों में लोन, स्विस बैंकों जैसी गोपनीयता लग्जरी गिरवी शॉप वाले स्विस बैंकों से भी ज्यादा गोपनीयता बरतते हैं। आमतौर पर कुछ ही घंटों में लोन मिल जाता है। अमेरिकी राज्य कोलोराडो की राजधानी डेनवर स्थित लग्जरी एसेट कैपिटल के फाउंडर और सीईओ ड्यूई बर्क बताते हैं कि उनकी कंपनी ने एक दशक में 1 बिलियन डॉलर (करीब 9,400 करोड़ रुपए) से अधिक का कर्ज दिया है। पिछले दशक में फर्म के लोन पोर्टफोलियो में करीब 25 गुना वृद्धि हुई है। विलासिता की वस्तुओं के लिए आमतौर पर दिए जाने वाले कर्ज करीब 15-18 लाख रुपए के बीच होते हैं। तिजोरी में पड़ी संपत्ति से कैश मिलने में मदद एक ग्राहक ने अपने हर्मेस मिनी बिर्किन बैग के बदले करीब 28 लाख रुपए का कर्ज लिया। उन्होंने इस पर करीब 10% ब्याज दिया। वह कहती हैं, ‘इसने मुझे मुश्किल समय से निकलने में मदद की।’एक ग्राहक कहते हैं, ‘अपनी संपत्ति को यूं ही बेकार पड़े रहने देने के बजाय उससे कमाई करने का मौका मिल रहा है तो इसका फायदा क्यों न उठाऊ?’ सालाना 60% तक ब्याज चुकाना पड़ सकता है लग्जरी लोन पर ब्याज 5% मासिक यानी 60% सालाना हो सकता है। लेकिन चूंकि अक्सर लोन 0 से 120 दिन के लिए होते हैं। इसलिए, ब्याज बहुत ज्यादा नहीं होता। लोन संपत्ति के आधार पर मूल कीमत का करीब 40% से 65% तक होता है। यदि समय पर लोन न चुकाया जाए, तो कंपनी वस्तु को अपने पास रख लेती है और बेच देती है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.