पश्चिम बंगाल के झारग्राम में वैशाली के बीच एक छोटा सा झालमुडी स्टॉल स्टॉक मार्केट में आया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के यहां रुककर झालमुड़ी खाने के बाद यह दुकान पहले ही चर्चा में थी, लेकिन अब बीजेपी की जीत के बाद इसकी कहानी एक नई मोड़ वाली दिख रही है।
झारग्राम, पश्चिम बंगाल: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कुछ दिन पहले एक रैली से लौटते समय झारग्राम में झाल मुरी स्टॉल पर रुके थे और नाश्ते का आनंद लिया था। चुनाव परिणाम पर अनिश्चितता के कारण दुकानदार विक्रम कुमार साव ने अपनी दुकान पूरे दिन बंद रखी. pic.twitter.com/NGBv2kIv0B
– आईएएनएस (@ians_india) 4 मई 2026
स्टॉल के मालिक विक्रम कुमार साव ने बताया कि इलेक्शन स्टॉल को लेकर अनिश्चितता के कारण उन्होंने सुबह अपनी दुकान बंद रखी थी। पूरे दिन शैतान को देखते रहे वे इंतज़ार करते रहे। जैसे ही बीजेपी की जीत की घोषणा हुई और स्थिति साफ हुई, उन्होंने शाम होते ही अपनी दुकान फिर से खोल दी।
विक्रम के लिए यह सिर्फ स्टोर स्टोर का निर्णय नहीं था, बल्कि एक तरह का जश्न भी था। उनका कहना है कि प्रधानमंत्री के दौरे के बाद उनकी दुकान को जो पहचान मिली, उन्होंने अपने काम को नया आधार बना लिया है। “अब लोग दूर-दूर से ग्यान झालमुड़ी का स्वाद लेना चाहते हैं,” वे शिष्य हैं।
झारग्राम, पश्चिम बंगाल: दुकानदार का कहना है, “यह बहुत अच्छा लगा। न केवल मेरी दुकान प्रसिद्ध हो गई है, बल्कि झाल मुरी को पूरे भारत में पहचान मिली है।” pic.twitter.com/WxigINDYef
– आईएएनएस (@ians_india) 4 मई 2026
यह घटना छोटी पार्टियों और आम लोगों की जिंदगी पर भी कितनी बड़ी राजनीतिक घटनाओं का असर डालती है। झारग्राम का यह झालमुड़ी स्टॉल अब केवल एक स्थानीय दुकान नहीं है, बल्कि वह ओलेनॉल्सी डेमोक्रेटिक पार्टी का प्रतीक बन गया है, जहां राजनीति और आम जनजीवन एक-दूसरे से जुड़ते नजर आते हैं।











































