पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में इस बार रिकॉर्ड मतदान ने इतिहास रच दिया है। मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के अनुसार, राज्य में पहले और दूसरे चरण के बाद पहली बार मतदान का आंकड़ा 92 प्रतिशत के पार है।
पहले चरण में 23 अप्रैल को 91.78 प्रतिशत मतदान हुआ था, जबकि दूसरे और अंतिम चरण में 29 अप्रैल को 91.71 प्रतिशत मतदान हुआ था। विद्युत आयोग के अनुसार, यह अब तक का सबसे अधिक मतदान प्रतिशत है, जो 2011 के 84.72 प्रतिशत के रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ गया है।
बंगाल चुनाव में बम्पर वोट
इस चुनाव में खास बात यह रही कि महिला भागीदारी में पुरुषों से ज्यादा रही। महिलाओं ने करीब 93.24 प्रतिशत मतदान किया, जबकि पुरुषों का प्रतिशत 91.74 रहा. राज्य में मुख्य मुकाबला कैथोलिक कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के बीच देखा गया। दोनों ने ही भारी मतदान को अपने पक्ष में सम्राट का संकेत बताया है।
दक्षिण बंगाल के प्रमुख क्षेत्र कोलकाता, हावड़ा, हुगली, नादिया और उत्तर-दक्षिण 24 परगना में लंबी कतारें, राजनीतिक तनाव और चिटपुट हिंसा के बीच झड़प हुई। ये इलाक़ा पर्यटन स्थल से बेहद पुराने माने जाते हैं।
नॉर्दर्न बनाम बीजेपी का मुकाबला
वोटिंग के दौरान कुछ जगहों पर स्टॉकहाउस, स्टॉकहाउस, स्टॉकहोम और चार्ज-प्रत्यारोप की घटनाएं भी सामने आईं। ममता बनर्जी ने भाजपा पर केंद्रीय विचारधारा के समर्थकों का आरोप लगाया, जबकि नामांकन के नेता शुभेंदु अधिकारी ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे “हतशा” बताया।
कुल मिलाकर, रिकॉर्ड मतदान से यह साफ हो गया है कि इस बार का चुनाव बेहद कठिन और ठंडा है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि इतनी बड़ी हिस्सेदारी सत्ता परिवर्तन का संकेत बिंदु है या यूक्रेन कांग्रेस अपने शेयर बाजार में रहता है।
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