Friday, 17 Jul 2026 | 06:23 PM

Trending :

EXCLUSIVE

विदिशा प्रशासन ने रुकवाए दो बाल विवाह:14 और 17 साल की बच्चियों की शादी टली, दबाव के बीच टीम की सख्ती से बचा भविष्य

विदिशा प्रशासन ने रुकवाए दो बाल विवाह:14 और 17 साल की बच्चियों की शादी टली, दबाव के बीच टीम की सख्ती से बचा भविष्य

विदिशा जिले के ग्यारसपुर क्षेत्र के ग्राम मोहनपुर में दो नाबालिग बालिकाओं का बाल विवाह रुकवाया गया। प्रशासन और एक सामाजिक संगठन की टीम ने शुक्रवार को सूचना मिलने पर कार्रवाई की। सूचना मिलते ही सोशल वेलफेयर ऑर्गेनाइजेशन और महिला एवं बाल विकास विभाग की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची। टीम ने बालिकाओं के दस्तावेजों की जांच की, जिसमें पता चला कि एक बालिका की उम्र 14 वर्ष और दूसरी की 17 वर्ष थी। दोनों ही कानूनी विवाह आयु से कम थीं। शुरुआत में परिजनों ने परंपरा का हवाला देते हुए शादी कराने पर जोर दिया। इस दौरान माहौल तनावपूर्ण हो गया और रिश्तेदारों ने टीम पर दबाव बनाने की कोशिश की। जनप्रतिनिधियों के माध्यम से भी दबाव बनाने का प्रयास किया गया। समझाइश पर मान गए परिजन
हालांकि, टीम अपने कर्तव्य पर अडिग रही। टीम ने परिजनों को स्पष्ट रूप से समझाया कि 18 वर्ष से कम उम्र में बालिका का विवाह कराना कानूनन अपराध है और इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं। लगातार समझाइश, धैर्य और सख्ती के बाद आखिरकार परिजन बाल विवाह टालने पर सहमत हुए। मौके पर पंचनामा तैयार किया गया और परिजनों से लिखित आश्वासन लिया गया कि बच्चियों की शादी बालिग होने के बाद ही की जाएगी। इस कार्रवाई में जिला प्रभारी दीपा शर्मा, लाडो अभियान प्रभारी मुकेश ताम्रकार, मोनू सेन, सुपरवाइजर प्रतिज्ञा चौरसिया और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की सराहनीय भूमिका रही। जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की कि परंपरा के नाम पर कानून और बच्चों के भविष्य से समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रशासन की इस सजगता ने दो बच्चियों का भविष्य सुरक्षित किया है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
तकिए के पास मोबाइल इलेक्ट्रोड सोना है 'साइलेंट किलर', आज ही जान लें ये गंभीर क्षति

April 30, 2026/
11:45 pm

मोबाइल रेडिएशन के दुष्प्रभाव: डिजिटल युग में मोबाइल फोन हमारे जीवन का एक खास हिस्सा बन गया है। हम अपना...

भैंसदेही पुलिस ने कार से लाखों की अवैध शराब जब्त:एक आरोपी गिरफ्तार, दूसरा फरार; कार्रवाई जारी

February 23, 2026/
6:24 pm

बैतूल। भैंसदेही पुलिस ने देर रात बड़ी कार्रवाई करते हुए 3 लाख 44 हजार रुपये से अधिक मूल्य की अवैध...

Nehal Wadhera and Shreyas Iyer are building a partnership (Picture credit: AP)

April 4, 2026/
11:51 am

आखरी अपडेट:04 अप्रैल, 2026, 11:51 IST तीन भाषा फॉर्मूला केंद्र और तमिलनाडु सरकार के बीच बहस का केंद्र बिंदु बन...

पुणे केतन मर्डर केस पर भड़कीं हिना खान:कहा- सच कहना मुश्किल, जान लेना आसान हो गया, एक्ट्रेस आंचल ने कहा था- सिया को भी खाई से फेंको

June 25, 2026/
12:07 pm

पुणे में हुए केतन अग्रवाल के मर्डर केस में उनकी मंगेतर सिया ने हत्या की बात कबूल ली है। देश...

Nahid Rana bowls a delivery to Pakistan's Saad Masood (Picture credit: AP)

March 13, 2026/
5:26 pm

आखरी अपडेट:मार्च 13, 2026, 17:26 IST जैसे-जैसे तमिलनाडु चुनाव नजदीक आ रहा है, विजय को एनडीए खेमे में शामिल होने...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

विदिशा प्रशासन ने रुकवाए दो बाल विवाह:14 और 17 साल की बच्चियों की शादी टली, दबाव के बीच टीम की सख्ती से बचा भविष्य

विदिशा प्रशासन ने रुकवाए दो बाल विवाह:14 और 17 साल की बच्चियों की शादी टली, दबाव के बीच टीम की सख्ती से बचा भविष्य

विदिशा जिले के ग्यारसपुर क्षेत्र के ग्राम मोहनपुर में दो नाबालिग बालिकाओं का बाल विवाह रुकवाया गया। प्रशासन और एक सामाजिक संगठन की टीम ने शुक्रवार को सूचना मिलने पर कार्रवाई की। सूचना मिलते ही सोशल वेलफेयर ऑर्गेनाइजेशन और महिला एवं बाल विकास विभाग की संयुक्त टीम मौके पर पहुंची। टीम ने बालिकाओं के दस्तावेजों की जांच की, जिसमें पता चला कि एक बालिका की उम्र 14 वर्ष और दूसरी की 17 वर्ष थी। दोनों ही कानूनी विवाह आयु से कम थीं। शुरुआत में परिजनों ने परंपरा का हवाला देते हुए शादी कराने पर जोर दिया। इस दौरान माहौल तनावपूर्ण हो गया और रिश्तेदारों ने टीम पर दबाव बनाने की कोशिश की। जनप्रतिनिधियों के माध्यम से भी दबाव बनाने का प्रयास किया गया। समझाइश पर मान गए परिजन
हालांकि, टीम अपने कर्तव्य पर अडिग रही। टीम ने परिजनों को स्पष्ट रूप से समझाया कि 18 वर्ष से कम उम्र में बालिका का विवाह कराना कानूनन अपराध है और इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं। लगातार समझाइश, धैर्य और सख्ती के बाद आखिरकार परिजन बाल विवाह टालने पर सहमत हुए। मौके पर पंचनामा तैयार किया गया और परिजनों से लिखित आश्वासन लिया गया कि बच्चियों की शादी बालिग होने के बाद ही की जाएगी। इस कार्रवाई में जिला प्रभारी दीपा शर्मा, लाडो अभियान प्रभारी मुकेश ताम्रकार, मोनू सेन, सुपरवाइजर प्रतिज्ञा चौरसिया और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं की सराहनीय भूमिका रही। जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की कि परंपरा के नाम पर कानून और बच्चों के भविष्य से समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रशासन की इस सजगता ने दो बच्चियों का भविष्य सुरक्षित किया है।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.