Tuesday, 20 Oct 2026 | 04:49 PM

Trending :

EXCLUSIVE

संजय पाठक का हाईकोर्ट के जज से संपर्क का मामला:सुप्रीम कोर्ट बोला- याचिकाकर्ता HC में कार्यवाही में मदद के लिए आवेदन दे सकते

संजय पाठक का हाईकोर्ट के जज से संपर्क का मामला:सुप्रीम कोर्ट बोला- याचिकाकर्ता HC में कार्यवाही में मदद के लिए आवेदन दे सकते

सुप्रीम कोर्ट ने कटनी के हाई-प्रोफाइल मामले में याचिकाकर्ता आशुतोष दीक्षित को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की कार्यवाही में शामिल होने की इजाजत दे दी है। यह पूरा मामला बीजेपी विधायक संजय सत्येंद्र पाठक का हाईकोर्ट के एक जज से संपर्क करने की कोशिश से जुड़ा है। जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच ने कहा कि दीक्षित अब हाईकोर्ट में चल रही अवमानना की कार्यवाही में मदद के लिए आवेदन दे सकते हैं। विधायक पर जज को प्रभावित करने का आरोप मामले की शुरुआत तब हुई जब आशुतोष दीक्षित ने विधायक की कंपनियों पर अवैध खनन का आरोप लगाते हुए एक याचिका लगाई थी। इस केस की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट के जस्टिस विशाल मिश्रा ने खुद को मामले से अलग कर लिया। उन्होंने आदेश में साफ लिखा कि विधायक की तरफ से उनसे संपर्क करने की कोशिश की गई थी। इस खुलासे के बाद हाईकोर्ट ने विधायक के खिलाफ अवमानना का केस शुरू किया, लेकिन दीक्षित की पुरानी याचिका को बंद कर दिया था। इसी के खिलाफ दीक्षित सुप्रीम कोर्ट पहुंचे थे। जांच की मांग और कोर्ट की टिप्पणी सुप्रीम कोर्ट में दीक्षित के वकील ने दलील दी कि एक विधायक के जज को प्रभावित करना न्यायपालिका की गरिमा पर हमला है। उन्होंने मांग की कि सिर्फ अवमानना की कार्रवाई काफी नहीं है, बल्कि इस पूरे मामले की गहराई से जांच होनी चाहिए। वकील ने डर जताया कि विधायक सिर्फ माफी मांगकर इस गंभीर मामले से बच सकते हैं। हाईकोर्ट में फिर शुरू होगी कानूनी लड़ाई सुप्रीम कोर्ट ने भरोसा दिलाया है कि अगर जज से संपर्क करने की बात सच है, तो कानून अपना काम करेगा और दोषियों पर कार्रवाई होगी। अब आशुतोष दीक्षित मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में चल रहे अवमानना के मामले में एक पक्ष के रूप में शामिल होंगे और अपना पक्ष रखेंगे।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
RPSC RAS Interview Phase 9 Starts April 1

March 23, 2026/
8:20 am

राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की ओर से RAS-2024 के इंटरव्यू का 9वां चरण 1 अप्रैल से शुरू करने जा...

ड्रोन हमले के बाद सऊदी ने तेल पाइपलाइन बंद की:होर्मुज बंद होने के बाद इसी से रोजाना 50 लाख बैरल तेल भेज रहा था

September 12, 2026/
8:44 am

सऊदी अरब ने ड्रोन हमले के बाद अपनी ईस्ट-वेस्ट तेल पाइपलाइन बंद कर दी है। गुरुवार को हुए ड्रोन हमले...

Amaal Mallik Announces Break From Music Industry

August 28, 2026/
10:58 am

19 मिनट पहले कॉपी लिंक अमाल मलिक पिछले 11 सालों से फिल्म इंडस्ट्री में एक्टिव हैं। सिंगर अमाल मलिक ने...

CMs Amit Shah CG, MP, UP, UK Join

May 19, 2026/
7:26 am

26वीं मध्य क्षेत्रीय परिषद की बैठक में शामिल होने यूपी के सीएम जगदलपुर पहुंचे हैं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह...

Sunny Deol Birthday Interesting Facts; Controversy

October 19, 2026/
5:26 am

1 घंटे पहलेलेखक: अभय पांडेय कॉपी लिंक सनी देओल का वास्तविक नाम अजय सिंह देओल है। उन्हें प्यार से ‘सनी’...

नोरा फतेही ने अश्लील गाने पर माफी मांगी:महिला आयोग से बोलीं- अब ऐसे आइटम सॉन्ग नहीं करूंगी; अश्लीलता फैलाने का इरादा नहीं था

May 7, 2026/
4:44 pm

फिल्म ‘KD द डेविल’ के गाने ‘सरके चुनर’ में अश्लीलता फैलाने के मामले में गुरुवार को बॉलीवुड एक्ट्रेस नोरा फतेही...

जॉब - शिक्षा

राजनीति

संजय पाठक का हाईकोर्ट के जज से संपर्क का मामला:सुप्रीम कोर्ट बोला- याचिकाकर्ता HC में कार्यवाही में मदद के लिए आवेदन दे सकते

संजय पाठक का हाईकोर्ट के जज से संपर्क का मामला:सुप्रीम कोर्ट बोला- याचिकाकर्ता HC में कार्यवाही में मदद के लिए आवेदन दे सकते

सुप्रीम कोर्ट ने कटनी के हाई-प्रोफाइल मामले में याचिकाकर्ता आशुतोष दीक्षित को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की कार्यवाही में शामिल होने की इजाजत दे दी है। यह पूरा मामला बीजेपी विधायक संजय सत्येंद्र पाठक का हाईकोर्ट के एक जज से संपर्क करने की कोशिश से जुड़ा है। जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाल्या बागची की बेंच ने कहा कि दीक्षित अब हाईकोर्ट में चल रही अवमानना की कार्यवाही में मदद के लिए आवेदन दे सकते हैं। विधायक पर जज को प्रभावित करने का आरोप मामले की शुरुआत तब हुई जब आशुतोष दीक्षित ने विधायक की कंपनियों पर अवैध खनन का आरोप लगाते हुए एक याचिका लगाई थी। इस केस की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट के जस्टिस विशाल मिश्रा ने खुद को मामले से अलग कर लिया। उन्होंने आदेश में साफ लिखा कि विधायक की तरफ से उनसे संपर्क करने की कोशिश की गई थी। इस खुलासे के बाद हाईकोर्ट ने विधायक के खिलाफ अवमानना का केस शुरू किया, लेकिन दीक्षित की पुरानी याचिका को बंद कर दिया था। इसी के खिलाफ दीक्षित सुप्रीम कोर्ट पहुंचे थे। जांच की मांग और कोर्ट की टिप्पणी सुप्रीम कोर्ट में दीक्षित के वकील ने दलील दी कि एक विधायक के जज को प्रभावित करना न्यायपालिका की गरिमा पर हमला है। उन्होंने मांग की कि सिर्फ अवमानना की कार्रवाई काफी नहीं है, बल्कि इस पूरे मामले की गहराई से जांच होनी चाहिए। वकील ने डर जताया कि विधायक सिर्फ माफी मांगकर इस गंभीर मामले से बच सकते हैं। हाईकोर्ट में फिर शुरू होगी कानूनी लड़ाई सुप्रीम कोर्ट ने भरोसा दिलाया है कि अगर जज से संपर्क करने की बात सच है, तो कानून अपना काम करेगा और दोषियों पर कार्रवाई होगी। अब आशुतोष दीक्षित मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में चल रहे अवमानना के मामले में एक पक्ष के रूप में शामिल होंगे और अपना पक्ष रखेंगे।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.