
काटना ही नहीं, कुत्ते का ‘चाटना’ भी दे सकता है खौफनाक मौत! जानें चेतावनी
Rabies Prevention Tips: अक्सर हम सड़क चलते कुत्तों के चाटने या उनके नाखून से आई हल्की खरोंच को मामूली समझकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन यही लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है. चिकित्सा विशेषज्ञ डॉ.देवेश चटर्जी ने चेतावनी दी है कि रेबीज एक लाइलाज बीमारी है. जिसमें संक्रमण के बाद मरीज का बचना लगभग असंभव होता है. डॉ.चटर्जी ने रेबीज के खतरे को तीन श्रेणियों में बांटा है. पहली श्रेणी में केवल चाटना आता है जहां त्वचा सुरक्षित हो. दूसरी श्रेणी में त्वचा का छिलना या हल्की खरोंच शामिल है. जबकि तीसरी श्रेणी में गहरा घाव और खून निकलना आता है. डॉक्टर के अनुसार यदि कुत्ता आवारा है और उसकी लार आपकी कटी हुई त्वचा, आंख या मुंह के संपर्क में आती है तो रेबीज का खतरा शत-प्रतिशत बढ़ जाता है. भले ही आपके पालतू कुत्ते को बूस्टर डोज लगा हो, फिर भी उसके काटने या खरोंचने पर डॉक्टर की सलाह और इंजेक्शन लेना अनिवार्य है. डॉ.देवेश बताते हैं कि रेबीज से होने वाली मौत बेहद दर्दनाक होती है. इसलिए किसी भी संदेह की स्थिति में तुरंत टीकाकरण करवाएं. सुरक्षा ही इसका एकमात्र उपचार है.














































