Sunday, 31 May 2026 | 04:38 PM

Trending :

EXCLUSIVE

आदिवासी जिलों से भी पिछड़ गई संस्कारधानी:12वीं में नरसिंहपुर संभाग में टॉप पर,10वीं में मंडला रहा आगे; डिंडौरी से भी फिसड्डी रहा जबलपुर

आदिवासी जिलों से भी पिछड़ गई संस्कारधानी:12वीं में नरसिंहपुर संभाग में टॉप पर,10वीं में मंडला रहा आगे; डिंडौरी से भी फिसड्डी रहा जबलपुर

जबलपुर में स्कूली शिक्षा व्यवस्था को सुधारने के लिए हर साल लाखों रुपए खर्च किए जा रहे हैं, स्मार्ट क्लास जैसी सुविधाएं भी विकसित की गई हैं, लेकिन बोर्ड परीक्षाओं के परिणाम इसके उलट तस्वीर दिखा रहे हैं। हाल ही में जारी 10वीं और 12वीं के नतीजों में जबलपुर संभाग के अन्य जिलों की तुलना में काफी पीछे रहा है। 12वीं के परिणाम में जबलपुर 8 जिलों में 6वें स्थान पर रहा, जबकि 10वीं में यह सबसे निचले यानी 8वें स्थान पर रहा। इसके विपरीत 12वीं में नरसिंहपुर जिला शीर्ष पर रहा, वहीं 10वीं में मंडला ने पहला स्थान हासिल किया। ऐसे में जबलपुर की स्थिति आदिवासी बहुल जिलों से भी कमजोर दिखाई दी है। इस स्थिति ने सरकारी स्कूलों की पढ़ाई, शिक्षकों की भूमिका और उनकी निगरानी करने वाले शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। संभाग का ओवरऑल परिणाम बेहतर हालांकि संभाग का कुल परीक्षा परिणाम बेहतर रहा है। 12वीं (हायर सेकेंडरी) में संभाग का रिजल्ट 86.87 प्रतिशत रहा, जो राज्य के औसत 78.01 प्रतिशत से अधिक है। इस परीक्षा में संभाग के 24 विद्यार्थियों ने राज्य की प्रवीण्य सूची में स्थान बनाया। शासकीय विद्यालयों के परिणाम में नरसिंहपुर (93.94%) सबसे आगे रहा, इसके बाद मंडला, बालाघाट, डिंडौरी, छिंदवाड़ा, जबलपुर, सिवनी और कटनी का स्थान रहा। डिंडौरी को छोड़कर बाकी जिलों में सरकारी स्कूलों का प्रदर्शन निजी स्कूलों से बेहतर रहा। 10वीं का संभाग में रिजल्ट 85.44% इसी तरह 10वीं (हाई स्कूल) में भी संभाग का रिजल्ट 85.44 प्रतिशत रहा, जो राज्य के औसत 76.80 प्रतिशत से अधिक है। इस परीक्षा में 91 छात्रों ने प्रवीण्य सूची में जगह बनाई। मंडला जिले के शासकीय स्कूलों का परिणाम 90.38 प्रतिशत के साथ सबसे बेहतर रहा, जबकि जबलपुर सबसे पीछे रहा। जिला शिक्षा अधिकारी घनश्याम सोनी का कहना है कि पिछले वर्ष की तुलना में परिणाम में सुधार हुआ है। उनके अनुसार, हाईस्कूल का परिणाम 73.86 प्रतिशत रहा, जो पिछले वर्ष के 70.4 प्रतिशत से अधिक है। वहीं हायर सेकेंडरी का परिणाम 77.26 प्रतिशत रहा, जो पिछले साल के 73.81 प्रतिशत से बेहतर है। वहीं संयुक्त संचालक शिक्षा अरुण इंग्ले ने माना कि इस बार का परिणाम संतोषजनक नहीं है। उन्होंने कहा कि छोटे जिलों के मुकाबले जबलपुर काफी पीछे रहा है। पूरे मामले की समीक्षा की जाएगी और जिम्मेदारी भी तय की जाएगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
एनिमेशन का स्वर्णिम साल, फिल्मों की कमाई 1800 करोड़ तक:सिल्वर स्क्रीन पर गढ़े गए किरदारों का राज, इनकी कहानियां हर उम्र को जोड़ रहीं, भाषा-सरहदें भी छोटी पड़ीं

March 7, 2026/
1:05 pm

एनिमेशन फिल्मों के लिए 2026 बेहद खास माना जा रहा है। इस साल कई बड़ी फिल्में रिलीज हो रही हैं...

Indian Idol Winner Vaibhav Guptas Dhurandar 2 Song Break

April 28, 2026/
5:30 am

32 मिनट पहलेलेखक: वीरेंद्र मिश्र कॉपी लिंक कानपुर के रहने वाले सिंगर वैभव गुप्ता ने अपनी मेहनत और जुनून से...

ट्रम्प ने PM मोदी को फोन किया, 40 मिनट बातचीत:ईरान जंग पर चर्चा, दोनों ने कहा- होर्मुज स्ट्रेट का खुला रहना बहुत जरूरी

April 14, 2026/
7:50 pm

PM मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प के बीच करीब 40 मिनट तक फोन पर बातचीत हुई। अमेरिका-ईरान सीजफायर के बाद...

उज्जैन में महाकाल लोक के सामने होटल में भीषण आग:यात्रियों को सुरक्षित निकाला, दो दमकल ने दो घंटे में पाया आग पर काबू

February 26, 2026/
10:32 am

उज्जैन में बुधवार देर रात महाकाल लोक के सामने स्थित एक होटल में अचानक भीषण आग लगने से इलाके में...

हैदराबाद में हुआ विजय-रश्मिका का रिसेप्शन:लाल साड़ी में एक्ट्रेस ने रखा ट्रेडिशनल लुक, कर्नाटक के डिप्टी CM समेत कई बड़े स्टार्स पहुंचे, PHOTOS

March 5, 2026/
4:30 am

विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना का रिसेप्शन 4 मार्च, गुरुवार को हैदराबाद के होटल ताज कृष्णा में हुआ। कपल ने...

सोहराब के किरदार पर रणवीर बोले- उसे बस अटेंशन चाहिए:रजत कपूर की फिल्म में असल जिंदगी से जुड़े किरदार, विनय पाठक बोले- बदलाव जरूरी

April 11, 2026/
5:30 am

फिल्म ‘एवरीबडी लव्स सोहराब हांडा’ पर रजत कपूर, विनय पाठक और रणवीर शौरी ने दैनिक भास्कर से बातचीत की। रजत...

कौन हैं रेडियोलॉजिस्ट से बीजेपी चीफ बनीं अर्चना गुप्ता, जिन्होंने 43 साल बाद हरियाणा में रचा इतिहास?

May 28, 2026/
3:30 pm

हरियाणा बीजेपी अध्यक्ष अर्चना गुप्ता: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने गुरुवार को संगठनात्मक नियुक्तियों के एक नए दौर की घोषणा...

राजनीति

आदिवासी जिलों से भी पिछड़ गई संस्कारधानी:12वीं में नरसिंहपुर संभाग में टॉप पर,10वीं में मंडला रहा आगे; डिंडौरी से भी फिसड्डी रहा जबलपुर

आदिवासी जिलों से भी पिछड़ गई संस्कारधानी:12वीं में नरसिंहपुर संभाग में टॉप पर,10वीं में मंडला रहा आगे; डिंडौरी से भी फिसड्डी रहा जबलपुर

जबलपुर में स्कूली शिक्षा व्यवस्था को सुधारने के लिए हर साल लाखों रुपए खर्च किए जा रहे हैं, स्मार्ट क्लास जैसी सुविधाएं भी विकसित की गई हैं, लेकिन बोर्ड परीक्षाओं के परिणाम इसके उलट तस्वीर दिखा रहे हैं। हाल ही में जारी 10वीं और 12वीं के नतीजों में जबलपुर संभाग के अन्य जिलों की तुलना में काफी पीछे रहा है। 12वीं के परिणाम में जबलपुर 8 जिलों में 6वें स्थान पर रहा, जबकि 10वीं में यह सबसे निचले यानी 8वें स्थान पर रहा। इसके विपरीत 12वीं में नरसिंहपुर जिला शीर्ष पर रहा, वहीं 10वीं में मंडला ने पहला स्थान हासिल किया। ऐसे में जबलपुर की स्थिति आदिवासी बहुल जिलों से भी कमजोर दिखाई दी है। इस स्थिति ने सरकारी स्कूलों की पढ़ाई, शिक्षकों की भूमिका और उनकी निगरानी करने वाले शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। संभाग का ओवरऑल परिणाम बेहतर हालांकि संभाग का कुल परीक्षा परिणाम बेहतर रहा है। 12वीं (हायर सेकेंडरी) में संभाग का रिजल्ट 86.87 प्रतिशत रहा, जो राज्य के औसत 78.01 प्रतिशत से अधिक है। इस परीक्षा में संभाग के 24 विद्यार्थियों ने राज्य की प्रवीण्य सूची में स्थान बनाया। शासकीय विद्यालयों के परिणाम में नरसिंहपुर (93.94%) सबसे आगे रहा, इसके बाद मंडला, बालाघाट, डिंडौरी, छिंदवाड़ा, जबलपुर, सिवनी और कटनी का स्थान रहा। डिंडौरी को छोड़कर बाकी जिलों में सरकारी स्कूलों का प्रदर्शन निजी स्कूलों से बेहतर रहा। 10वीं का संभाग में रिजल्ट 85.44% इसी तरह 10वीं (हाई स्कूल) में भी संभाग का रिजल्ट 85.44 प्रतिशत रहा, जो राज्य के औसत 76.80 प्रतिशत से अधिक है। इस परीक्षा में 91 छात्रों ने प्रवीण्य सूची में जगह बनाई। मंडला जिले के शासकीय स्कूलों का परिणाम 90.38 प्रतिशत के साथ सबसे बेहतर रहा, जबकि जबलपुर सबसे पीछे रहा। जिला शिक्षा अधिकारी घनश्याम सोनी का कहना है कि पिछले वर्ष की तुलना में परिणाम में सुधार हुआ है। उनके अनुसार, हाईस्कूल का परिणाम 73.86 प्रतिशत रहा, जो पिछले वर्ष के 70.4 प्रतिशत से अधिक है। वहीं हायर सेकेंडरी का परिणाम 77.26 प्रतिशत रहा, जो पिछले साल के 73.81 प्रतिशत से बेहतर है। वहीं संयुक्त संचालक शिक्षा अरुण इंग्ले ने माना कि इस बार का परिणाम संतोषजनक नहीं है। उन्होंने कहा कि छोटे जिलों के मुकाबले जबलपुर काफी पीछे रहा है। पूरे मामले की समीक्षा की जाएगी और जिम्मेदारी भी तय की जाएगी।

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.