Saturday, 22 Aug 2026 | 08:49 AM

Trending :

EXCLUSIVE

AI Spending Cuts Lead to 4,800 Job Losses

AI Spending Cuts Lead to 4,800 Job Losses

नई दिल्ली8 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

माइक्रोसॉफ्ट अपनी टोटल वर्कफोर्स में करीब 2.1% की कटौती कर रही है, जिसके तहत लगभग 4,800 कर्मचारियों की छंटनी की जाएगी।

टेक इंडस्ट्री में चल रही छंटनी के बीच विंडोज बनाने वाली इस दिग्गज कंपनी ने यह फैसला AI इंफ्रास्ट्रक्चर पर भारी खर्च और बिजनेस में एफिशिएंसी बढ़ाने के लिए लिया है।

AI पर खर्च बढ़ने से टेक कंपनियों पर दबाव बढ़ा

बिग टेक कंपनियों का AI पर खर्च इस साल 700 बिलियन डॉलर से ज्यादा होने की उम्मीद है। इसके चलते कंपनियों पर इनवेस्टमेंट का रिटर्न दिखाने और टेक्नोलॉजी को लागू करने में आ रही भारी लागत को कम करने का दबाव बढ़ रहा है। इसी दबाव के कारण इस साल अमेजन और मेटा प्लेटफॉर्म्स ने भी अपने हजारों कर्मचारियों को नौकरी से निकाला है।

6 महीने में माइक्रोसॉफ्ट का शेयर 20% टूटा

माइक्रोसॉफ्ट ने छंटनी की यह घोषणा एक मुश्किल छमाही के बाद सोमवार को की है। साल 2026 के पहले छह महीनों में कंपनी के शेयरों में लगभग 20% की गिरावट आई है, जो साल 2022 के बाद से कंपनी का सबसे खराब छमाही प्रदर्शन है।

जून के अंत में अक्सर छंटनी करती है कंपनी

इससे पहले इसी साल सॉफ्टवेयर दिग्गज माइक्रोसॉफ्ट ने अपने अमेरिकी वर्कफोर्स के करीब 7% यानी लगभग 9,000 कर्मचारियों को वॉलंटरी बायआउट का ऑफर दिया था।

माइक्रोसॉफ्ट अक्सर जून में अपने फाइनेंशियल ईयर के अंत के करीब नौकरियों में कटौती करती है, क्योंकि इसी समय कंपनी नए फाइनेंशियल ईयर के लिए अपनी खर्च योजनाओं को अंतिम रूप देती है।

डेटा सेंटर्स बनाने की बढ़ती लागत से कैश फ्लो पर असर

AI की मजबूत मांग के कारण माइक्रोसॉफ्ट के एज्योर क्लाउड कंप्यूटिंग बिजनेस में अच्छी ग्रोथ देखी गई है, जो अप्रैल तक ओपनएआई के मॉडल्स का एक्सक्लूसिव सेलर था।

हालांकि, इन सर्विसेज को सपोर्ट करने के लिए डेटा सेंटर्स बनाने की लगातार बढ़ती लागत ने कंपनी के कैश फ्लो पर भारी दबाव डाल दिया है।

2026 के लिए 190 बिलियन डॉलर का कैपिटल एक्सपेंडिचर अनुमान

कंपनी इस महीने के अंत में अपने तिमाही नतीजे घोषित कर सकती है। इससे पहले अप्रैल में कंपनी ने वॉल स्ट्रीट के अनुमानों से अधिक तिमाही एज्योर रेवेन्यू का अनुमान जताया था।

इसके साथ ही कंपनी ने साल 2026 के लिए 190 बिलियन डॉलर के कैपिटल एक्सपेंडिचर का अनुमान लगाया है, जो विश्लेषकों की उम्मीदों से काफी ज्यादा है।

एक्सबॉक्स कंसोल की कीमतें बढ़ाने पर मजबूर हुई कंपनी

रूटीन बिजनेस टास्क को ऑटोमेट करने वाले AI टूल्स भी माइक्रोसॉफ्ट के सॉफ्टवेयर बिजनेस के लिए एक चुनौती बनकर उभरे हैं। इसके साथ ही, डेटा सेंटर की मांग के कारण मेमोरी चिप की कीमतों में भारी उछाल आया है।

इस वजह से कंपनी को अपने एक्सबॉक्स (Xbox) गेमिंग कंसोल की कीमतें बढ़ाने के लिए मजबूर होना पड़ा है, जबकि बाजार में इसकी मांग पहले से ही कमजोर चल रही थी।

गेमिंग डिवीजन का प्रॉफिट मार्जिन गिरकर 3% पर आया

गेमिंग डिवीजन की नई हेड आशा शर्मा ने पिछले महीने कहा था कि इस बिजनेस को एक ‘रीसेट’ की जरूरत है। गेमिंग डिवीजन का प्रॉफिट मार्जिन गिरकर 3 प्रतिशत पर आ गया है, जिससे रीस्ट्रक्चरिंग जरूरी हो गई है। इस रीस्ट्रक्चरिंग में संभावित मर्जर और एक्विजिशन (M&A) भी शामिल हो सकते हैं।

कर्मचारियों को भेजे और कंपनी की वेबसाइट पर पब्लिश एक मेमो में आशा शर्मा ने कहा कि एक्टिविजन ब्लिजार्ड किंग को छोड़कर, पिछले पांच वर्षों में हमने अपने कंटेंट, प्लेटफॉर्म और हार्डवेयर सब्सिडी पर चल रहे इनवेस्टमेंट में 20 बिलियन डॉलर से अधिक खर्च किए हैं।

हालांकि, इस दौरान हमारा सालाना रेवेन्यू करीब आधा बिलियन डॉलर घट गया है। आगे चलकर इसे ऐसे ही जारी नहीं रखा जा सकता। एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी एक्सबॉक्स गेमिंग यूनिट को एक अलग कंपनी बनाने या इसे पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी के रूप में रीस्ट्रक्चर करने के विकल्पों पर विचार कर रही है।

ये खबर भी पढ़ें…

भगोड़े नीरव मोदी को जल्द लाया जा सकता है भारत: यूरोपियन-कोर्ट में आखिरी केस भी हारा; पिछले 7 साल से लंदन की जेल में बंद

भगोड़े हीरा कारोबारी नीरव मोदी को भारत लाने का रास्ता अब साफ हो गया है। नीरव मोदी यूरोपीय मानवाधिकार अदालत में अपना आखिरी केस भी हार गया है। जिसके बाद उसको भारत लाने यानी प्रत्यर्पण के मामले में बची आखिरी कानूनी बाधा भी दूर हो गई है। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
authorimg

April 4, 2026/
2:17 pm

Memory Improvement Tricks : अक्‍सर लोगों के साथ यह समस्‍या रहती है कि वे कमरे में जाकर भूल जाते हैं...

दूसरी प्रेग्नेंसी के बीच शूटिंग करती दिखीं दीपिका पादुकोण:केपटाउन में दीपिका का हाथ पकड़े नजर आए शाहरुख; फिल्म 'किंग' के फोटो लीक

May 1, 2026/
2:46 pm

दीपिका पादुकोण अपनी दूसरी प्रेग्नेंसी के बीच किंग फिल्म की शूटिंग करती दिखाई दी हैं। शाहरुख खान और दीपिका पादुकोण...

लौकी का चीला रेसिपी: सुबह-सुबह जानें लौकी से बना चीला, स्वाद के साथ स्वास्थ्य भी रहेगा कायम; ब्लड शुगर भी रहेगा कंट्रोल

February 24, 2026/
8:58 am

लौकी का चीला कैसे बनाये:नाश्ता हमारे दिन का सबसे जरूरी मील होता है। अगर आप रोज़-रोज़ वो भारी और तेली...

धुरंधर 2 बनी 8वीं सबसे ज्यादा कमाई वाली भारतीय फिल्म:मूवी का वर्ल्डवाइड कलेक्शन ₹1067 करोड़ हुआ, पठान को छोड़ा पीछे

March 27, 2026/
9:36 am

रणवीर सिंह की फिल्म धुरंधर 2 (धुरंधर: द रिवेंज) दुनियाभर में कमाई के मामले में 8वीं सबसे ज्यादा कमाई वाली...

Stock Market Today

March 5, 2026/
11:31 am

आखरी अपडेट:मार्च 05, 2026, 11:31 IST खबरों के मुताबिक, नीतीश कुमार आज सुबह 11 बजे के आसपास राज्य विधानसभा में...

authorimg

May 15, 2026/
5:01 pm

Last Updated:May 15, 2026, 17:01 IST Lung Cancer Revolutionary Drug: लंग्स कैंसर के लिए भारत में क्रांतिकारी दवा को लॉन्च...

बंगाल में 2021 की तरह के चुनावी पोल गिरे तो बीजेपी की कितनी बड़ी हार? लाइन से नपेंगे ये नेता, 2027 के चुनाव पर भी असर

April 30, 2026/
5:22 pm

पश्चिम बंगाल चुनाव 2021 में अगर दोहराव होता है, तो यह बीजेपी के लिए एक बहुत बड़ा झटका होगा। 2021...

राजनीति

AI Spending Cuts Lead to 4,800 Job Losses

AI Spending Cuts Lead to 4,800 Job Losses

नई दिल्ली8 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

माइक्रोसॉफ्ट अपनी टोटल वर्कफोर्स में करीब 2.1% की कटौती कर रही है, जिसके तहत लगभग 4,800 कर्मचारियों की छंटनी की जाएगी।

टेक इंडस्ट्री में चल रही छंटनी के बीच विंडोज बनाने वाली इस दिग्गज कंपनी ने यह फैसला AI इंफ्रास्ट्रक्चर पर भारी खर्च और बिजनेस में एफिशिएंसी बढ़ाने के लिए लिया है।

AI पर खर्च बढ़ने से टेक कंपनियों पर दबाव बढ़ा

बिग टेक कंपनियों का AI पर खर्च इस साल 700 बिलियन डॉलर से ज्यादा होने की उम्मीद है। इसके चलते कंपनियों पर इनवेस्टमेंट का रिटर्न दिखाने और टेक्नोलॉजी को लागू करने में आ रही भारी लागत को कम करने का दबाव बढ़ रहा है। इसी दबाव के कारण इस साल अमेजन और मेटा प्लेटफॉर्म्स ने भी अपने हजारों कर्मचारियों को नौकरी से निकाला है।

6 महीने में माइक्रोसॉफ्ट का शेयर 20% टूटा

माइक्रोसॉफ्ट ने छंटनी की यह घोषणा एक मुश्किल छमाही के बाद सोमवार को की है। साल 2026 के पहले छह महीनों में कंपनी के शेयरों में लगभग 20% की गिरावट आई है, जो साल 2022 के बाद से कंपनी का सबसे खराब छमाही प्रदर्शन है।

जून के अंत में अक्सर छंटनी करती है कंपनी

इससे पहले इसी साल सॉफ्टवेयर दिग्गज माइक्रोसॉफ्ट ने अपने अमेरिकी वर्कफोर्स के करीब 7% यानी लगभग 9,000 कर्मचारियों को वॉलंटरी बायआउट का ऑफर दिया था।

माइक्रोसॉफ्ट अक्सर जून में अपने फाइनेंशियल ईयर के अंत के करीब नौकरियों में कटौती करती है, क्योंकि इसी समय कंपनी नए फाइनेंशियल ईयर के लिए अपनी खर्च योजनाओं को अंतिम रूप देती है।

डेटा सेंटर्स बनाने की बढ़ती लागत से कैश फ्लो पर असर

AI की मजबूत मांग के कारण माइक्रोसॉफ्ट के एज्योर क्लाउड कंप्यूटिंग बिजनेस में अच्छी ग्रोथ देखी गई है, जो अप्रैल तक ओपनएआई के मॉडल्स का एक्सक्लूसिव सेलर था।

हालांकि, इन सर्विसेज को सपोर्ट करने के लिए डेटा सेंटर्स बनाने की लगातार बढ़ती लागत ने कंपनी के कैश फ्लो पर भारी दबाव डाल दिया है।

2026 के लिए 190 बिलियन डॉलर का कैपिटल एक्सपेंडिचर अनुमान

कंपनी इस महीने के अंत में अपने तिमाही नतीजे घोषित कर सकती है। इससे पहले अप्रैल में कंपनी ने वॉल स्ट्रीट के अनुमानों से अधिक तिमाही एज्योर रेवेन्यू का अनुमान जताया था।

इसके साथ ही कंपनी ने साल 2026 के लिए 190 बिलियन डॉलर के कैपिटल एक्सपेंडिचर का अनुमान लगाया है, जो विश्लेषकों की उम्मीदों से काफी ज्यादा है।

एक्सबॉक्स कंसोल की कीमतें बढ़ाने पर मजबूर हुई कंपनी

रूटीन बिजनेस टास्क को ऑटोमेट करने वाले AI टूल्स भी माइक्रोसॉफ्ट के सॉफ्टवेयर बिजनेस के लिए एक चुनौती बनकर उभरे हैं। इसके साथ ही, डेटा सेंटर की मांग के कारण मेमोरी चिप की कीमतों में भारी उछाल आया है।

इस वजह से कंपनी को अपने एक्सबॉक्स (Xbox) गेमिंग कंसोल की कीमतें बढ़ाने के लिए मजबूर होना पड़ा है, जबकि बाजार में इसकी मांग पहले से ही कमजोर चल रही थी।

गेमिंग डिवीजन का प्रॉफिट मार्जिन गिरकर 3% पर आया

गेमिंग डिवीजन की नई हेड आशा शर्मा ने पिछले महीने कहा था कि इस बिजनेस को एक ‘रीसेट’ की जरूरत है। गेमिंग डिवीजन का प्रॉफिट मार्जिन गिरकर 3 प्रतिशत पर आ गया है, जिससे रीस्ट्रक्चरिंग जरूरी हो गई है। इस रीस्ट्रक्चरिंग में संभावित मर्जर और एक्विजिशन (M&A) भी शामिल हो सकते हैं।

कर्मचारियों को भेजे और कंपनी की वेबसाइट पर पब्लिश एक मेमो में आशा शर्मा ने कहा कि एक्टिविजन ब्लिजार्ड किंग को छोड़कर, पिछले पांच वर्षों में हमने अपने कंटेंट, प्लेटफॉर्म और हार्डवेयर सब्सिडी पर चल रहे इनवेस्टमेंट में 20 बिलियन डॉलर से अधिक खर्च किए हैं।

हालांकि, इस दौरान हमारा सालाना रेवेन्यू करीब आधा बिलियन डॉलर घट गया है। आगे चलकर इसे ऐसे ही जारी नहीं रखा जा सकता। एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी एक्सबॉक्स गेमिंग यूनिट को एक अलग कंपनी बनाने या इसे पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी के रूप में रीस्ट्रक्चर करने के विकल्पों पर विचार कर रही है।

ये खबर भी पढ़ें…

भगोड़े नीरव मोदी को जल्द लाया जा सकता है भारत: यूरोपियन-कोर्ट में आखिरी केस भी हारा; पिछले 7 साल से लंदन की जेल में बंद

भगोड़े हीरा कारोबारी नीरव मोदी को भारत लाने का रास्ता अब साफ हो गया है। नीरव मोदी यूरोपीय मानवाधिकार अदालत में अपना आखिरी केस भी हार गया है। जिसके बाद उसको भारत लाने यानी प्रत्यर्पण के मामले में बची आखिरी कानूनी बाधा भी दूर हो गई है। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.