निवाड़ी जिले के डिरगुवां गांव में कलेक्टर जमुना भिड़े ने ‘प्रशासन गांव की ओर’ अभियान के तहत रात्रि चौपाल का आयोजन किया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और कई मामलों का मौके पर ही समाधान किया। चौपाल में बड़ी संख्या में ग्रामीण अपनी शिकायतें लेकर पहुंचे। कलेक्टर ने जमीन विवाद, राशन, पेंशन, सड़क और बिजली जैसी मूलभूत समस्याओं पर तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए। कलेक्टर जमुना भिड़े ने अधिकारियों को जांच से जुड़े मामलों में पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता बरतने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने शिकायतों का शीघ्र निराकरण करने और यह सुनिश्चित करने को कहा कि कोई भी पात्र व्यक्ति सरकारी योजनाओं से वंचित न रहे। विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने ग्रामीणों को शासन की योजनाओं की जानकारी दी और आवेदन पत्र भी लिए। समस्याओं के समाधान के साथ-साथ कलेक्टर ने सामाजिक पहलुओं पर भी जोर दिया। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपने बच्चों को नियमित रूप से स्कूल भेजें ताकि उनका भविष्य बेहतर बन सके। कलेक्टर ने सरकारी स्कूलों में पढ़ाई के महत्व पर विशेष जोर दिया। उन्होंने बताया कि सरकारी स्कूलों में अच्छी शिक्षा के साथ-साथ बच्चों को भोजन और निशुल्क किताबें भी मिलती हैं। उन्होंने हाल ही में आए 11वीं और 12वीं के परीक्षा परिणामों का जिक्र करते हुए कहा कि जिले के टॉपर बच्चे सरकारी स्कूलों से ही पढ़े हैं। इस रात्रि चौपाल में पुलिस अधीक्षक डॉ राय सिंह नरवरिया, सीईओ जिला पंचायत रोहन सक्सेना, एसडीएम अशोक कुमार सेन सहित अन्य विभागीय अधिकारी भी मौजूद रहे।















































