Saturday, 23 May 2026 | 06:45 PM

Trending :

EXCLUSIVE

हॉल ऑफ फेम में शामिल दिग्गज कोच के लीडरशिप मंत्र:अमेरिका के फुटबॉल कोच मैक ब्राउन 50 साल तक कोच रहे; बोले- टीम जीत रही हो तो लगाम कसें, टूटने पर सहारा दें

हॉल ऑफ फेम में शामिल दिग्गज कोच के लीडरशिप मंत्र:अमेरिका के फुटबॉल कोच मैक ब्राउन 50 साल तक कोच रहे; बोले- टीम जीत रही हो तो लगाम कसें, टूटने पर सहारा दें

अमेरिका के दिग्गज कोच मैक ब्राउन को खेल जगत के सबसे सफल और सम्मानित कोचों में गिना जाता है। 50 साल के कोचिंग करियर में उन्होंने 288 मैच जीते। वे 2005 में टेक्सास यूनिवर्सिटी को नेशनल चैम्पियन बनाने वाले कोच रहे और हॉल ऑफ फेम में भी शामिल हैं। उनकी सफलता केवल स्कोरबोर्ड तक सीमित नहीं रही। कोचिंग अनुभव के आधार पर ब्राउन ने लीडरशिप से जुड़े चार सबक बताए, जो मैदान से लेकर कॉर्पोरेट ऑफिस तक हर लीडर के काम के हैं। लीडर की असली जिम्मेदारी टीम को यह बताना कि वे जीत सकते हैं 1984 में अपनी टीम के खराब खेलने पर उन्होंने खिलाड़ियों को फटकारा था। टीम वह मैच हार गई। तब दिग्गज कोच बैरी स्विट्जर ने कहा था कि तुमने टीम से कहा कि वे हार जाएंगे और वे हार गए। ब्राउन कहते हैं, ‘जब टीम ऊंचाइयों पर हो और आत्ममुग्ध हो रही हो, तब उन पर दबाव डालें। लेकिन जब मुश्किल में हों और आत्मविश्वास गिरा हुआ हो, तब उन्हें प्रेरित कर बताना चाहिए कि वे जीत सकते हैं।’ काम के तनाव के बीच आपस में हंसी-मजाक होना भी बहुत जरूरी है 2005 के रोज बाउल मैच से पहले ब्राउन की टीम काफी दबाव में थी। खिलाड़ी आपस में बात तक नहीं कर रहे थे। ब्राउन को एहसास हुआ कि अगर तनाव बना रहा, तो हार जाएंगे। उन्होंने खिलाड़ियों के साथ जोक्स शेयर कर तनाव कम करने का तरीका अपनाया। ब्राउन कहते हैं, ‘लीडर को पता होना चाहिए कि माहौल को कब हल्का करना है। तनाव में काम बिगड़ता है, खुशी में टीम पूरी क्षमता से प्रदर्शन करती है।’ हारने के बाद शब्दों का काफी सोच-समझकर चयन करना चाहिए ब्राउन का मानना है कि एक लीडर के शब्द बहुत शक्तिशाली होते हैं, खासकर हार के बाद। कोच गुस्से में ऐसी बातें कह देते हैं जिनसे बाद में उन्हें पश्चाताप होता है। जब टीम जीते, तो खिलाड़ियों की तारीफ करें जबकि हार की जिम्मेदारी खुद लें। ब्राउन कहते हैं कि हार के बाद मीडिया या टीम से बात करते समय आपकी बॉडी लैंग्वेज मायने रखती है। आप निराश दिख सकते हैं, लेकिन पराजित नहीं। मानवता और सहानुभूति, जीत-हार के नतीजों से कहीं ज्यादा महत्वपूर्ण 1999 में टेक्सास बनाम टेक्सास ए एंड एम मैच से पहले ए एंड एम यूनिवर्सिटी में भीषण हादसा हुआ, जिसमें 12 छात्रों की मौत हो गई। ब्राउन ने टीम के साथ मिलकर रक्तदान शिविर लगाया और विरोधी के प्रति संवेदना व्यक्त की। टेक्सास मैच हार गया, लेकिन ब्राउन को मलाल नहीं था। ब्राउन कहते हैं, ‘लीडर को संवेदनशील और भावनात्मक होना चाहिए। कई बार मानवता और सहानुभूति, जीत-हार के नतीजों से कहीं ज्यादा महत्वपूर्ण होती है।’

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

लेटेस्ट टॉप अपडेट

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets
शादीशुदा महिला से बीच सड़क गैंगरेप की कोशिश,वीडियो बनाया:पीड़िता बोली- 3 लोगों ने पकड़ा, कपड़े फाड़े, सीने पर हाथ लगाया; गांव वालों ने बचाया

March 31, 2026/
7:42 am

बिहार के नालंदा में एक शादीशुदा महिला के साथ सरेआम गैंगरेप की कोशिश की गई। बीच सड़क कुछ बदमाशों ने...

img

May 9, 2026/
5:43 pm

होमताजा खबरनॉलेज तैरते शहरों में छिपे हैं साइलेंट किलर! क्यों यहां वायरस को हराना नामुमकिन है? Last Updated:May 09, 2026,...

Neemuch Labourer Death | High Tension Line Accident

April 8, 2026/
9:04 pm

नीमच सिटी थाना क्षेत्र के ग्राम पिपलिया नाथावत में बुधवार सुबह मकान निर्माण के लिए रेत खाली करते समय डंपर...

तस्वीर का विवरण

May 7, 2026/
5:50 pm

चावल के पानी में विटामिन, चिप्स और एंटीऑक्सीडेंट होते हैं, जो चावल के पानी में चमक और मुलायम बनाने में...

भूत बंगला की एडवांस बुकिंग स्लो:पहले दिन महज 14 लाख के टिकट बिके, धुरंधर-2 से हो सकता है नुकसान, पहले भी क्लैश के डर से पोस्टपोन हुई थी

April 15, 2026/
11:36 am

अक्षय कुमार की मल्टीस्टारर हॉरर कॉमेडी फिल्म भूत बंगला 17 अप्रैल को रिलीज होने वाली है। इस फिल्म से भूल...

राजनीति

हॉल ऑफ फेम में शामिल दिग्गज कोच के लीडरशिप मंत्र:अमेरिका के फुटबॉल कोच मैक ब्राउन 50 साल तक कोच रहे; बोले- टीम जीत रही हो तो लगाम कसें, टूटने पर सहारा दें

हॉल ऑफ फेम में शामिल दिग्गज कोच के लीडरशिप मंत्र:अमेरिका के फुटबॉल कोच मैक ब्राउन 50 साल तक कोच रहे; बोले- टीम जीत रही हो तो लगाम कसें, टूटने पर सहारा दें

अमेरिका के दिग्गज कोच मैक ब्राउन को खेल जगत के सबसे सफल और सम्मानित कोचों में गिना जाता है। 50 साल के कोचिंग करियर में उन्होंने 288 मैच जीते। वे 2005 में टेक्सास यूनिवर्सिटी को नेशनल चैम्पियन बनाने वाले कोच रहे और हॉल ऑफ फेम में भी शामिल हैं। उनकी सफलता केवल स्कोरबोर्ड तक सीमित नहीं रही। कोचिंग अनुभव के आधार पर ब्राउन ने लीडरशिप से जुड़े चार सबक बताए, जो मैदान से लेकर कॉर्पोरेट ऑफिस तक हर लीडर के काम के हैं। लीडर की असली जिम्मेदारी टीम को यह बताना कि वे जीत सकते हैं 1984 में अपनी टीम के खराब खेलने पर उन्होंने खिलाड़ियों को फटकारा था। टीम वह मैच हार गई। तब दिग्गज कोच बैरी स्विट्जर ने कहा था कि तुमने टीम से कहा कि वे हार जाएंगे और वे हार गए। ब्राउन कहते हैं, ‘जब टीम ऊंचाइयों पर हो और आत्ममुग्ध हो रही हो, तब उन पर दबाव डालें। लेकिन जब मुश्किल में हों और आत्मविश्वास गिरा हुआ हो, तब उन्हें प्रेरित कर बताना चाहिए कि वे जीत सकते हैं।’ काम के तनाव के बीच आपस में हंसी-मजाक होना भी बहुत जरूरी है 2005 के रोज बाउल मैच से पहले ब्राउन की टीम काफी दबाव में थी। खिलाड़ी आपस में बात तक नहीं कर रहे थे। ब्राउन को एहसास हुआ कि अगर तनाव बना रहा, तो हार जाएंगे। उन्होंने खिलाड़ियों के साथ जोक्स शेयर कर तनाव कम करने का तरीका अपनाया। ब्राउन कहते हैं, ‘लीडर को पता होना चाहिए कि माहौल को कब हल्का करना है। तनाव में काम बिगड़ता है, खुशी में टीम पूरी क्षमता से प्रदर्शन करती है।’ हारने के बाद शब्दों का काफी सोच-समझकर चयन करना चाहिए ब्राउन का मानना है कि एक लीडर के शब्द बहुत शक्तिशाली होते हैं, खासकर हार के बाद। कोच गुस्से में ऐसी बातें कह देते हैं जिनसे बाद में उन्हें पश्चाताप होता है। जब टीम जीते, तो खिलाड़ियों की तारीफ करें जबकि हार की जिम्मेदारी खुद लें। ब्राउन कहते हैं कि हार के बाद मीडिया या टीम से बात करते समय आपकी बॉडी लैंग्वेज मायने रखती है। आप निराश दिख सकते हैं, लेकिन पराजित नहीं। मानवता और सहानुभूति, जीत-हार के नतीजों से कहीं ज्यादा महत्वपूर्ण 1999 में टेक्सास बनाम टेक्सास ए एंड एम मैच से पहले ए एंड एम यूनिवर्सिटी में भीषण हादसा हुआ, जिसमें 12 छात्रों की मौत हो गई। ब्राउन ने टीम के साथ मिलकर रक्तदान शिविर लगाया और विरोधी के प्रति संवेदना व्यक्त की। टेक्सास मैच हार गया, लेकिन ब्राउन को मलाल नहीं था। ब्राउन कहते हैं, ‘लीडर को संवेदनशील और भावनात्मक होना चाहिए। कई बार मानवता और सहानुभूति, जीत-हार के नतीजों से कहीं ज्यादा महत्वपूर्ण होती है।’

WhatsApp
Facebook
Twitter
LinkedIn

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

जॉब - शिक्षा

हेल्थ & फिटनेस

विज्ञापन

राजनीति

लेटेस्ट टॉप अपडेट

ग्लोबल करेंसी अपडेट

Provided by IFC Markets

Live Cricket

सच्चाई की दहाड़

ब्रेकिंग खबरें सीधे अपने ईमेल पर पाने के लिए रजिस्टर करें।

You have been successfully Subscribed! Ops! Something went wrong, please try again.